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Success Story: भाई बहन ने अधिकारी बन बढ़ाया परिवार का मान, एक बना पीओ तो दूसरे ने पास की सीजीएल

Success Story: पढ़िए एक परिवार के भाई बहन की सक्सेस स्टोरी, मांझी प्रखंड के बगोइयां गांव के एक ही परिवार के भाई-बहन ने अलग-अलग विभागों में अधिकारी बनकर परिवार व जिले का नाम रौशन किया।

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Success Story: सालों की मेहनत के बाद जब घर के एक बच्चे का सेलेक्शन अधिकारी के तौर होता है, तो माता पिता की खुशी फूले नहीं समाती, कल्पना कीजिए घर के बेटे के साथ बेटी का चयन भी अधिकारी पद पर हो जाए, तो प्रेरणात्मक माहौल बन गया होगा। ये कहानी है मांझी प्रखंड के बगोइयां गांव के एक ही परिवार के भाई-बहन की, जिन्होंने अलग-अलग विभागों में अधिकारी बनकर परिवार व जिले का नाम रौशन किया। (Inspirational Story) बिहार की इस कहानी ने पूरे इलाके को गर्व से भर दिया है। एक ही परिवार के भाई-बहन ने अलग-अलग प्रतिष्ठित सरकारी विभागों में चयन पाकर यह साबित कर दिया कि मेहनत और लगन से हर सपना पूरा किया जा सकता है।

दोनों भाई बहन का नाम

सुशील कुमार सिंह और वीणा सिंह के पुत्र राहुल कुमार सिंह ने हाल ही में Bank of Baroda में प्रोबेशनरी ऑफिसर (PO) के पद पर जॉइन किया है। वहीं, उनकी बड़ी बहन रोजी कुमारी ने SSC CGL परीक्षा में शानदार सफलता हासिल कर आयकर विभाग में ऑफिस सुपरिटेंडेंट के रूप में अपनी जगह बनाई।

मेहनत, अनुशासन और लगातार प्रयास का परिणाम

भाई-बहन की इस दोहरी उपलब्धि ने न केवल परिवार बल्कि पूरे गांव और आसपास के क्षेत्र को गर्व महसूस कराया है। परिजनों का कहना है कि यह सफलता अचानक नहीं मिली, बल्कि इसके पीछे वर्षों की मेहनत, अनुशासन और लगातार प्रयास छिपे हैं।

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बिहार के सारण में रहने वाले भाई बहन की सक्सेस स्टोरी

परिवार के सदस्य प्रभात कुमार मुरारी के अनुसार, दोनों के पिता सुशील कुमार सिंह दिल्ली में सीमा सड़क संगठन (BRO) में स्टोर अधीक्षक के पद पर कार्यरत हैं। उन्होंने हमेशा बच्चों की शिक्षा को प्राथमिकता दी और उन्हें आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

शिक्षा सबसे ऊपर

इस परिवार की खास बात यह है कि यहां शिक्षा को हमेशा सबसे ऊपर रखा गया है। परिवार के कई सदस्य पहले से ही सरकारी सेवाओं में कार्यरत हैं, जिससे बच्चों को शुरू से ही एक सकारात्मक माहौल मिला।

राहुल और रोजी की यह सफलता आज के युवाओं के लिए एक मजबूत संदेश है- अगर लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। उनकी कहानी उन हजारों छात्रों के लिए प्रेरणा बन गई है, जो अपने सपनों को हकीकत में बदलना चाहते हैं।

Neelaksh Singh
नीलाक्ष सिंहauthor

नीलाक्ष सिंह 2021 से टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल से जुड़े हैं और एजुकेशन सेक्शन के लिए कंटेंट लिखते हैं। लखनऊ विश्वविद्यालय से मास कम्युनिकेशन की पढ़ाई के दौरान ही उन्होंने प्रिंट मीडिया में इंटर्नशिप की, जहां फील्ड रिपोर्टिंग, स्टूडेंट-इश्यू बेस्ड ग्राउंड स्टोरीज और सटीक न्यूजराइटिंग की बुनियादी समझ हासिल की। प्रिंट के बाद डिजिटल मीडिया में भी वह एजुकेशन बीट पर ही लगातार काम करते रहे हैं। पत्रकारिता में 10 सालों से सक्रिय नीलाक्ष सिंह 12 हजार से अधिक खबरें लिख चुके हैं। वह एग्जाम अपडेट्स, एडमिशन प्रोसेस, करियर गाइडेंस, स्टूडेंट वेलफेयर, बोर्ड रिजल्ट्स और नीतिगत बदलावों पर गहन और बेहद उपयोगी कंटेंट तैयार करते हैं।

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