Study Abroad Scholarships In India: क्या आप भी विदेश में पढ़ाई करना चाहते हैं? लेकिन आर्थिक तंगी के चलते आपको पीछे हटना पड़ रहा है। हालांकि आपको निराश होने की जरूरत (Study Abroad Scholarships 2025) नहीं है। यहां हम आपके लिए भारत सरकार की योजनाएं लेकर आए हैं। इस योजना के तहत ना केवल पैसों की चिंता किए बिना आपका विदेश में पढ़ाई का सपना साकार होगा बल्कि यहां रहने खाने की खर्चा भी (Study Abroad Scholarships In India) सरकार उठाएगी। इन स्कॉलरशिप से ट्यूशन और हॉस्टल की फीस से लेकर कई तरह के खर्चा कवर होते हैं। साथ ही छात्र दुनिया के किसी भी देश में जाकर अपनी हायर स्टडीज की पढ़ाई पूरी कर सकते हैं। ऐसे में यहां हम आपको विदेश में पढ़ाई के लिए भारत सरकार की 5 सरकारी योजनाओं के बारे में बताएंगे, जिससे छात्र अपना भविष्य संवार सकते हैं।
Study Abroad Scholarships: नेशनल ओवरसीज स्कॉलरशिप योजना
नेशनल ओवरसीज स्कॉलरशिप (National Overseas Scholarship) भारत सरकार द्वारा चलाई जाने वाली एक योजना है, जिसका उद्देश्य सामाजिक और शैक्षणिक रूप से पिछड़े वर्गों के मेधावी छात्रों के विदेश में हायर स्टडीज का सपना साकार करना है। यह योजना अनुसूचित जातियों, विमुक्त खानाबदोश, अर्ध घुमंतू जातियों, भूमिहीन कृषि मजदूरो और पारंपरिक कारीगरों की श्रेणी के कम आय वाले छात्रों को दी जाती है। ध्यान रहे यह स्कॉलरशिप ग्रेजुएशन के छात्रों के लिए नहीं है। यहां सिर्फ मास्टर्स और पीएचडी के छात्र अप्लाई कर सकते हैं। यहां आप नेशनल ओवरसीज स्कॉलरशिप योजना के लिए पात्रता जान सकते हैं।
- आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए।
- मास्टर्स कोर्स के लिए स्नातक
- PhD के लिए मास्टर्स डिग्री आवश्यक है।
- ध्यान रहे यहां SC, ST, OBC अल्पसंख्यक (Minorities), और दिव्यांग श्रेणी के उम्मीदवार आवेदन कर सकते हैं।
- आवेदक के परिवार की वार्षिक आय ₹8 लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए।
आयु सीमा
- आवेदक की अधिकतम आयु 35 वर्ष से कम होनी चाहिए।
स्कॉलरशिप में मिलेंगे ये लाभ
- ट्यूशन फीस का भुगतान
- रेंट, भोजन, यात्रा आदि के लिए आर्थिक सहायता।
- भारत से संबंधित देश तक हवाई जहाज की टिकट
- स्वास्थ्य व आकस्मिक बीमा
- किताब, स्टेशनरी और अन्य जरूरी चीजों के लिए सहायता

National Overseas Scholarship
Nehru Master's Fellowship Scholarship: फुलब्राइट-नेहरू मास्टर फेलोशिप स्कॉलरशिप
यह काफी पॉपुलर स्कॉलरशिप योजना है। यह स्कॉलरशिप युनाइटेड स्टेट्स - इंडिया एजुकेशनल फाउंडेशन (USIEF) की ओर से भातीय नागरिकों के लिए अमेरिका के चुनिंदा कॉलेजों और युनिवर्सिटी में मास्टर्स करने के लिए दिया जाता है। इसका उद्देश्य भारतीय युवाओं को विदेश में हायर स्टडीज के लिए मदद करना है। यहां आप फुलब्राइट-नेहरू मास्टर फेलोशिप स्कॉलरशिप के लिए एलिजिबिलिटी व एज लिमिट जान सकते हैं। यहां आप नेहरू मास्टर फेलोशिप स्कॉलरशिप के लिए एलिजिबिलिटी और किन सब्जेक्ट के लिए ये स्कॉलरशिप दी जाती है जान सकते हैं।
Top 5 Scholarships In India: स्कॉलरशिप के लिए एलिजिबिलिटी
- अभ्यर्थी किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से कम से कम 55 प्रतिशत अंकों के साथ ग्रेजुएट होना चाहिए।
- ग्रेजुएशन की डिग्री कम से कम चार साल की होनी चाहिए। यदि ग्रेजुएशन की डिग्री चार साल से कम की है तो रेगुलर पीजी डिप्लोमा की डिग्री होना जरूरी है।
- कैंडिडेट के पास लीडरशिप क्वालिटी और प्रपोज्ड स्टडी फील्ड से कम से कम तीन साल का फुल टाइम पेड प्रोफेशनल वर्क का एक्सपीरियंस होना चाहिए।
इस कोर्स के लिए स्कॉलरशिप के लिए आवेदन
- Economics
- Journalism & Mass Communication
- Public Health
- Environmental Science/Studies
- International Legal Studies
- Higher Education Administration
- Women’s Studies/Gender Studies
- Urban & Regional Planning
- International Affairs
- Sustainable Development / Sustainability

Nehru Master's Fellowship Scholarship
Inlaks Shivdasani Scholarship: इनलैक्स शिवदासानी स्कॉलरशिप
इनलैक्स शिवदासानी फाउंडेशन हर साल कई छात्रों को हायर स्टडीज के लिए विदेश भेजता है। यह स्कॉलरशिप भारतीय छात्रों को अमेरिका, यूरोप आदि देशों के टॉप यूनिवर्सिटीज़ में पढ़ाई के लिए दी जाती है। इस स्कॉलरशिप की शुरुआत 1976 में हुई थी। इस स्कॉलरशिप के जरिए स्टूडेंट्स की पढ़ाई के लिए करीब 1 लाख यूएस डॉलर्स दिए जाते हैं। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं है। यहां आप इनलैक्स शिवदासानी स्कॉलरशिप के लिए पात्रता व योग्यता जान सकते हैं।

Inlaks Shivdasani Scholarship
- आवेदक भारत का नागरिक होना चाहिए।
- आवेदनकर्ता की जन्मतिथि 1 जनवरी 1995 या उसके बाद होना चाहिए।
डॉ अंबेडकर स्कीम ऑफ इंटरेस्ट सब्सिडी ऑन एजुकेशन लोन फॉर ओवरसीज स्टडीज
भारत सरकार की एक महत्वपूर्ण योजना है। इस योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से पिछड़े वर्ग के छात्रों को उच्च शिक्षा के लिए विदेश जाने में सहायता प्रदान करना है। यह योजना Ministry of Social Justice and Empowerment की ओर से चलाई जाती है। इस स्कॉलरशिप के जरिए छात्रों को मास्टर, एमफिल और पीएचडी की पढ़ाई के लिए एजुकेशन लोन पर ब्याज पर सब्सिडी प्रदान की जाती है।
डॉ अंबेडकर स्कीम ऑफ इंटरेस्ट सब्सिडी के लिए पात्रता
- यह योजना केवल अनुसूचित जाति (SC) और OBC वर्ग के छात्रों के लिए है।
- ध्यान रहे आवेदन करने वाले छात्र के परिवार की वार्षिक आय 8 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- छात्र विदेश के किसी मान्यता प्राप्त कॉलेज या यूनिवर्सिटी से मास्टर्स, एम.फिल. या पीएच.डी. जैसे कोर्स कर रहे हों।
- यह सब्सिडी केवल मोराटोरियम पीरियड के दौरान के लिए लागू होती है।

dr Ambedkar Interest Subsidy On Education Loan
मिस अगाथा हैरिसन मेमोरियल फेलोशिप
इस फेलोशिप को पूरी तरह से भारत सरकार की ओर से फंड किया जाता है। यह स्कॉलरशिप योजना 1 साल के लिए होती है। हालांकि इसे अभ्यर्थियों के प्रदर्शन के आधार पर एक साल के लिए और बढ़ाया जा सकता है।
- भारतीय नागरिक होना चाहिए।
- मास्टर्स में कम से कम स्नातकोत्तर 60% अंक जरूरी।
- अभ्यर्थी की आयु 30 से 40 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
ये दस्तावेज जरूरी
- जन्म प्रमाणपत्र
- मास्टर एवं पीएच.डी. की मार्कशीट और डिग्री
- एक्सपीरियंस सर्टिफिकेट
- पासपोर्ट साइज फोटो
- हस्ताक्षर
- विदेशी डिग्री यदि है तो

Ms Agatha Harrison Memorial Fellowship
Fulbright Kalam Climate Fellowship: फुलब्राइट-कालम क्लाइमेट फेलोशिप
कालम क्लाइमेट फेलोशिप भारत में पीएचडी के लिए पंजीकृत भारतीय स्कोलर्स के लिए है। इसके लिए अभ्यर्थी भारतीय नागरिक होना चाहिए। अच्छे अकादमिक रिकॉर्ड के साथ अंग्रेज़ी भाषा में एक्सपर्ट होना चाहिए।

Fulbright Kalam Climate Fellowship
- फेलोशिप में मिलेंगी ये सुविधाएं
- हवाई यात्रा का खर्च
- मासिक स्टाइपेंड
- स्वास्थ्य बीमा
- रिसर्च व प्रोफेशनल अलाउंस।
- परिवारजनों के लिए सहायता।
यहां स्कॉलरशिप या फेलोशिप से संबंधित अधिक जानकारी के लिए एक बार ऑफिशियल वेबसाइट पर विजिट करें। यहां आप विस्तार से संपूर्ण जानकारी प्राप्त कर सकेंगे।
