Punjab Becomes First State to Introduce AI: पंजाब सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अब PSEB से जुड़े सभी स्कूलों में कक्षा 1 से 12 तक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI को एक जरूरी विषय बना दिया गया है। स्कूल शिक्षा मंत्री हरजोत सिंह बैंस ने 'Sarbat.AI' नाम का प्रोजेक्ट लॉन्च किया। इस मौके पर शिक्षा एक्सपर्ट, टेक कंपनी के लोग और विभाग के बड़े अधिकारी भी मौजूद थे। मंत्री ने कहा कि दुनिया बहुत तेजी से बदल रही है। आगे चलकर हर काम में AI का इस्तेमाल होगा। इसलिए बच्चों को अभी से इसके बारे में पढ़ाना जरूरी है, ताकि वो भविष्य के लिए तैयार हो सकें।कितने बड़े लेवल पर होगाये देश का सबसे बड़ा राज्य-स्तरीय AI शिक्षा प्रोग्राम है। इसके तहत पंजाब के 25,172 स्कूलों के करीब 31.5 लाख छात्र AI पढ़ेंगे।
शुरुआत कैसे होगी
पहले 12,424 कंप्यूटर साइंस टीचर बच्चों को AI पढ़ाएंगे। इसके बाद धीरे-धीरे सभी विषयों के 2 लाख से ज्यादा टीचरों को भी ट्रेनिंग दी जाएगी। ताकि वो हर सब्जेक्ट में AI का इस्तेमाल करके पढ़ा सकें। अभी तक AI स्कूलों में सिर्फ एक वैकल्पिक या स्किल वाला विषय था। लेकिन पंजाब पहला राज्य है जिसने इसे कक्षा 1 से 12 तक मुख्य विषय बना दिया।
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चीन और दक्षिण कोरिया जैसे देश पहले से अपने छोटे बच्चों को AI पढ़ा रहे हैं। इसलिए पंजाब ने भी ये कदम उठाया। ये कोर्स सिंगापुर, फिनलैंड, UAE और अमेरिका के अच्छे तरीकों को देखकर बनाया गया है। साथ ही ये UNESCO के एथिकल AI नियमों के हिसाब से भी है।
बच्चों को क्या फायदा
- छोटी क्लास से ही कोडिंग, डेटा और मशीन लर्निंग जैसी बेसिक बातें समझ आएंगी।
- आगे चलकर जॉब के लिए बच्चे ज्यादा तैयार रहेंगे
- पढ़ाई में भी AI टूल से मदद मिलेगी
सीधी बात
सरकार का मकसद है कि पंजाब का हर बच्चा टेक्नोलॉजी में आगे रहे। AI को अब किताबों से निकालकर क्लासरूम तक लाया जा रहा है। अगर ये प्लान सही से चला तो आने वाले सालों में पंजाब के बच्चे टेक्नोलॉजी में देश में सबसे आगे हो सकते हैं।
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