Imon Ghosh Success Story: सेना में जाने का सपना लिए हर साल हजारों-लाखों छात्र यूपीएससी एनडीए (UPSC NDA) की परीक्षा देते हैं। लेकिन यह सपना भी कुछ ही लोगों का पूरा हो पाता है। ऐसे ही भारतीय सेना का हिस्सा बनकर देश की सेवा करने का सपना देखते हुए एक हवलदार पिता के बेटे इमोन घोष ने परीक्षा दी और एनडीए परीक्षा में पहली रैंक प्राप्त कर सफलता हासिल की। अपने पिता हो सेना की वर्दी पहने देखकर मन में सेना में अधिकारी बनने के सपना लिए इमोन ने वो कर दिखाया जो हर किसी के बस की बात नहीं है। उन्होंने साबित कर दिया कि यदि मन में कुछ पाने का जज्बा है और उसके लिए कड़ी मेहनत करने की इच्छा है तो सामने आने वाली हर चुनौती आप पार कर जाएंगे और अपनी मंजिल पा लेंगे। इमोन घोष की कहानी युवाओं में वही जोश और दृढ़ संकल्प लेकर मंजिल प्राप्त करने के लिए मोटिवेट करेगी।
कौन है इमोन घोष?
यूपीएससी एनडीए परीक्षा में पहली रैंक प्राप्त करने वाले इमोन घोष पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले के रहने वाले थे। उनके पिता का नाम उज्जवल घोष है, जो सेना में हवलदार के पद पर कार्यरत थे। इमोन ने अपनी स्कूली शिक्षा सैनिक स्कूलों से प्राप्त की है। उन्होंने 8वीं कक्षा की पढ़ाई राष्ट्रीय भारतीय सैन्य कॉलेज देहरादून से की। यह वही संस्थान था, जहां उन्होंने सेना में अधिकारी बनने का सपना देखा और उसे सच कर दिखाने में लग गए।

हवलदार पिता का बेटा सेना में अफसर बनने को तैयार
पिता को सेना की वर्दी में देख जगी चाह
पिता को हर दिन सेना की वर्दी पहनते देख इमोन ने भी ठान ली थी वह अपने इस सपने को पूरा करके दिखाएंगे और ऐसा हुआ भी। महज 18 साल की उम्र में उन्होंने एनडीए की परीक्षा दी और इसमें ऑल इंडिया रैंक एक हासिल की।
वायु सेना में जाने का है सपना
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, इमोन वायु सेना में जाना चाहते हैं। उन्होंने कहा है कि वह वायुसेना में फ्लाइंग ऑफिसर के तौर पर शामिल होना चाहते हैं। इमोन बताते हैं कि वह बचपन से लड़ाकू विमानों को देखते थे और उन्हें रोमांचक लगता था। वह उन्हीं विमानों को उड़ाने का सपना देखते थे।

हवलदार पिता का बेटा सेना में अफसर बनने को तैयार
पिता बने प्रेरणा की वजह
इमोन ने बताया कि उनके पिता उनकी सबसे बड़ी प्रेरणा है। उनका अनुशासित जीवन, कड़ी मेहनत और सेना के कर्तव्यों के प्रति ईमानदारी ने उन्हें डिफेंस में करियर बनाने के लिए प्रेरित किया है।
बेटा के सेना में जाने से पिता
इमोन घोष, जिन्होंने यूपीएससी एनडीए परीक्षा में पहली रैंक प्राप्त कर न केवल सेना में जाने का अपना सपना पूरा किया, बल्कि अपने पिता का सीना गर्व से चौड़ा कर दिया है। सेना में हवलदार के पद से रिटायर पिता का बेटा उसी सेना में शामिल होने को तैयार है। एक पिता के लिए इससे बड़ा गर्व क्या होगा।
