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MBBS के बाद UPSC पर साधा निशाना, 142वीं रैंक लाकर आईएएस बनीं रिदम आनंद

IAS Rhythm Anand Inspirational Motivational Story: कानपुर देहात के डीएम कपिल सिंह ने सोमवार शाम प्रशासनिक फेरबदल किया है। इस बदलाव में 2024 बैच की आईएएस अधिकारी रिदम आनंद को सिकंदरा का नया एसडीएम बनाया गया है। रिदम आनंद 2024 बैच की अधिकारी हैं। उन्होंने सिविल सर्विसेज परीक्षा में 142वीं रैंक हासिल की थी।

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आईएएस रिदम आनंद, AIR 142

IAS Rhythm Anand Inspirational Motivational Story: कानपुर देहात के डीएम कपिल सिंह ने सोमवार शाम प्रशासनिक फेरबदल किया है। इस बदलाव में 2024 बैच की आईएएस अधिकारी रिदम आनंद को सिकंदरा का नया एसडीएम बनाया गया है। रिदम आनंद 2024 बैच की अधिकारी हैं। उन्होंने सिविल सर्विसेज परीक्षा में 142वीं रैंक हासिल की थी। रिदम आनंद के आईएएस बनने की कहानी काफी दिलचस्प है। अपने चौथे प्रयास में उन्होंने दूसरी बार सिविल सेवा परीक्षा में सफलता हासिल की।

दिल्ली से ताल्लुक रखने वाली रिदम आनंद ने मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज से स्नातक की डिग्री हासिल की। उसके बाद कोरोना की दूसरी लहर के बीच कोविड केयर फैसिलिटी में काम करने लगी। आईएएस बनने का सपना लेकर वह सिविल सेवा परीक्षा की तैयारी करती रहीं। रिदम ने मीडिया को बताया कि उन्हें अपने तीसरे प्रयास में सफलता मिली और उनकी 895वीं रैंक आई थी। इसके बाद उन्हें Delhi, Andaman and Nicobar Islands Police Service अलॉट हुआ। जब यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा का रिजल्ट आया तक वह दिल्ली- अंडमान निकोबार द्वीप समूह पुलिस सेवा का प्रशिक्षण ले रही थीं।

चौथे प्रयास में आईएएस

तीसरे प्रयास में पुलिस सर्विस मिलने के बाद भी रिदम आनंद ने अपनी तैयारी जारी रखी और आईएएस बनने के सपने पर चौथे प्रयास में निशाना साध लिया। सिविल सेवा परीक्षा के चौथे प्रयास में उन्हें 142वीं रैंक हासिल हुई।

पिता पुलिस अधिकारी

मूलरूप से बुलंदशहर की सिकंदराबाद तहसील के गांव जुनैदपुर निवासी डॉ. रिदम आनंद के पिता रतन पाल सिंह दिल्ली पुलिस में अधिकारी रहे हैं। उनकी माता शशिबाला शिक्षिका हैं और भाई ऋषभ आनंद ने अमेरिका से मास्टर्स की पढ़ाई की है। आईएएस बनने के बाद रिदम आनंद को उत्तर प्रदेश कैडर अलॉट हुआ है। रिदम आनंद सुल्तानपुर के भदैया विकास खंड में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट/खंड विकास अधिकारी और प्रतापपुर कमैचा की खंड शिक्षा अधिकारी भी रह चुकी हैं।

Kuldeep Raghav
कुलदीप राघवauthor

कुलदीप राघव प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों से अधिक अनुभव का रखने वाले पत्रकार हैं। टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में वह एजुकेशन सेक्शन को लीड कर रहे हैं। एजुकेशन सेक्टर की गहरी समझ और लगातार फील्ड-ओरिएंटेड रिपोर्टिंग के कारण कुलदीप इस बीट के भरोसेमंद पत्रकारों में गिने जाते हैं। वे स्कूल और उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाएं, एडमिशन और काउंसलिंग प्रोसेस, स्कॉलरशिप, करियर गाइडेंस, जॉब अलर्ट, स्किल डेवलपमेंट और युवाओं से जुड़े सामाजिक-शैक्षणिक मुद्दों पर तथ्यात्मक और आसान भाषा में खबरें पब्लिश करते हैं। कुलदीप ने अब तक 18,000 से अधिक बाइलाइन स्टोरीज लिखी हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, विश्लेषण, डेटा आधारित रिपोर्ट्स और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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