शहर

उत्तराखंड में 51 हजार किमी के पार पहुंचा रोड नेटवर्क, CM धामी ने ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर का भी किया स्वागत

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य में सड़क नेटवर्क 51 हजार किलोमीटर पार होने की जानकारी दी। उन्होंने 1.86 लाख करोड़ रुपये की ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर योजना का भी स्वागत किया है।

Image

उत्तराखंड में रोड नेटवर्क 51 हजार किमी के पार पहुंचा

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने राज्य में सड़क कनेक्टिविटी के विस्तार और केंद्र सरकार की ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर योजना को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट करके दावा किया कि उत्तराखंड का सड़क नेटवर्क 51 हजार किलोमीटर के पार पहुंच गया है। वहीं, उन्होंने केंद्रीय मंत्रिमंडल की ओर से 1.86 लाख करोड़ रुपये की ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर फेज-III योजना को मंजूरी दिए जाने का भी स्वागत किया।

उत्तराखंड में 51 हजार किमी से ज्यादा रोड नेटवर्क

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन का उल्लेख करते हुए कहा कि राज्य में सड़क कनेक्टिविटी का विस्तार हुआ है। उनके मुताबिक, राज्य का सड़क नेटवर्क 51 हजार किलोमीटर के पार पहुंच चुका है। बेहतर सड़कों और सुगम आवागमन से राज्य में कनेक्टिविटी मजबूत करने तथा विकास कार्यों को गति देने में मदद मिल रही है।

उत्तराखंड में सड़क संपर्क पर्यटन, स्थानीय कारोबार और दूरदराज के पर्वतीय क्षेत्रों तक पहुंच के लिहाज से अहम है। ऐसे में सड़क नेटवर्क का विस्तार राज्य के बुनियादी ढांचे और परिवहन व्यवस्था से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय है।

ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर को मंजूरी मिलने पर जताई खुशी

मुख्यमंत्री धामी ने एक अन्य सोशल मीडिया पोस्ट में ग्रीन एनर्जी कॉरिडोर फेज-III को मंजूरी दिए जाने पर प्रतिक्रिया दी। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने 30 सितंबर 2026 को इस योजना को मंजूरी दी है। इसका कुल परिव्यय 1 लाख, 86 हजार, 405 करोड़ रुपये है। योजना का उद्देश्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में बिजली ट्रांसमिशन नेटवर्क को मजबूत करना है, ताकि 135 गीगावाट तक नवीकरणीय ऊर्जा को ग्रिड से जोड़ा जा सके।

योजना में 50 गीगावाट प्रति घंटे (GWh) की बैटरी ऊर्जा भंडारण क्षमता स्थापित करने का भी प्रावधान है। इससे सौर और पवन ऊर्जा की अनियमित उपलब्धता, ग्रिड पर दबाव तथा बिजली की मांग के अनुसार आपूर्ति प्रबंधन जैसी चुनौतियों से निपटने में मदद मिलने की उम्मीद है। योजना को वित्त वर्ष 2032-33 तक स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है।

900 GW गैर जीवाश्म ऊर्जा का लक्ष्य

सीएम धामी ने कहा कि यह पहल देश की दीर्घकालिक ऊर्जा सुरक्षा और स्वच्छ ऊर्जा के लक्ष्य को आगे बढ़ाने में मदद करेगी। उन्होंने 2035 तक 900 GW गैर-जीवाश्म ऊर्जा क्षमता हासिल करने के लक्ष्य का भी उल्लेख किया।

Digpal Singh
दिगपाल सिंहauthor

दिगपाल सिंह टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में सिटी टीम को लीड कर रहे हैं। शहरों से जुड़ी ताजाखबरें, लोकल मुद्दे, चुनावी कवरेज और एक्सप्लेनर फॉर्मेट पर उनकी मजबूत पकड़ है। 2006 से पत्रकारिता में सक्रिय दिगपाल सिंह को प्रिंट और डिजिटल दोनों माध्यमों में काम करने का अनुभव है। दोनों प्लेटफॉर्म्स पर काम करते हुए उन्होंने ग्राउंड-लेवल रिपोर्टिंग से लेकर सेंट्रल डेस्क पर बड़ी खबरों की हैंडलिंग तक हर स्तर पर अनुभव हासिल किया है। अब तक 30,000 से अधिक खबरें लिख चुके दिगपाल हाइपर-लोकल न्यूज की बारीकियों, शहरों की समस्याओं और लोगों से जुड़े वास्तविक मुद्दों को समझने की विशेष क्षमता रखते हैं।

और पढ़ें
End of Article