Punjab News: पंजाब पुलिस ने कम्युनिटी पुलिसिंग को मजबूत बनाते हुए अपने ‘युवा सांझ कार्यक्रम’ के जरिए भटके हुए युवाओं तक पहुंच बढ़ा दी है। यह पहल 'गैंगस्टरों ते वार' अभियान के साथ मिलकर संगठित अपराध के खिलाफ दोहरी रणनीति के रूप में काम कर रही है। जनवरी से अब तक कम्युनिटी अफेयर्स डिवीजन की स्पेशल डीजीपी गुरप्रीत कौर देओ के नेतृत्व में कई बैठकों के जरिए अधिकारियों और सामुदायिक भागीदारों को कार्यक्रम के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए तैयार किया गया है। इस कार्यक्रम का मकसद युवाओं को आतंकवाद, गन कल्चर, नशाखोरी और गैंगस्टर संस्कृति जैसे खतरनाक प्रभावों से दूर रखते हुए उन्हें सकारात्मक विकल्प उपलब्ध कराना है। पिछले चार महीनों में पांच संवाद सत्र आयोजित किए जा चुके हैं, जबकि आने वाले महीनों में और सत्रों के जरिए इसकी पहुंच बढ़ाने की योजना है।
अब तक 2,358 युवाओं की पहचान
पंजाब पुलिस सोशल मीडिया विश्लेषण के माध्यम से ऐसे युवाओं की पहचान कर रही है, जो गलत गतिविधियों की ओर प्रभावित हो सकते हैं। अब तक 2,358 युवाओं की पहचान की गई है, जिनमें से 1,519 की प्रोफाइल ‘युवा सांझ’ सॉफ्टवेयर पर दर्ज की गई हैं। इसके अलावा 1,490 युवाओं को जागरूक किया गया है और 1,109 युवाओं ने काउंसलिंग सत्रों में भाग लिया है।
डीजीपी गौरव यादव ने बताया ये
डीजीपी गौरव यादव के अनुसार, पुलिस सख्त कार्रवाई और सामाजिक हस्तक्षेप के संतुलन के साथ काम कर रही है। ‘गैंगस्टरों ते वार’ के तहत अपराधियों पर कार्रवाई जारी है, जबकि ‘युवा सांझ’ के जरिए युवाओं से संवाद, काउंसलिंग और परिवार की भागीदारी पर जोर दिया जा रहा है। गंभीर मामलों में युवाओं को उप-मंडल स्तर के केंद्रों पर भेजकर निरंतर निगरानी और सहायता दी जाती है।
इनके सहयोग से किया जा रहा है काम
जमीनी स्तर पर जिला ‘युवा सांझ’ समितियों के जरिए पुलिस, सामाजिक संगठनों, मनोवैज्ञानिकों और समुदाय के प्रतिनिधियों के सहयोग से काम किया जा रहा है। इस पहल के तहत युवाओं के पुनर्वास के लिए कौशल विकास, रोजगार के अवसर और जरूरत के मुताबिक आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जा रही है।
युवाओं को गलत रास्ते पर जाने से रोका जाएगा
फाजिल्का के एसएसपी गुरमीत सिंह ने बताया कि इस पहल से न केवल अपराध दर में कमी आई है, बल्कि युवाओं को गलत रास्ते पर जाने से भी रोका जा सका है। उन्होंने इसे देश में राज्य पुलिस द्वारा शुरू की गई एक अनोखी पहल बताते हुए कहा कि इससे युवाओं को सही दिशा में आगे बढ़ने का अवसर मिला है।
