पुणे

पुणे के शनिवारवाडा में महिलाओं की नमाज से सियासी पारा हुआ गरम, हिंदू संगठनों का प्रदर्शन

भाजपा नेता और पूर्व सांसद डॉ. मेधा कुलकर्णी ने इस घटना को 'इरादतन किया गया कदम' बताते हुए कहा, 'शनिवारवाडा कोई साधारण स्थान नहीं, यह छत्रपति शिवाजी महाराज की परंपरा का प्रतीक है। यहां इस तरह की धार्मिक गतिविधियां अस्वीकार्य हैं।'

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पुणे के शनिवारवाडा में महिलाओं की नमाज से सियासी पारा हुआ गरम। तस्वीर-टाइम्स नाउ नवभारत

Pune: पुणे के ऐतिहासिक शनिवारवाडा परिसर में कुछ महिलाओं द्वारा नमाज पढ़ने का वीडियो वायरल होते ही शहर में सियासी और सामाजिक हलचल मच गई। मराठा साम्राज्य की शौर्यगाथा का प्रतीक माने जाने वाले इस धरोहर स्थल पर नमाज अदा करने की घटना ने रविवार को पूरे महाराष्ट्र में बहस और विरोध की लहर छेड़ दी। वीडियो में तीन महिलाएं शनिवारवाडा के खुले क्षेत्र में नमाज पढ़ती दिखाई दीं। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से फैल गया, जिसके बाद सकल हिंदू समाज और पतित-पावन संगठन ने कड़ी आपत्ति जताई। सोमवार को इन संगठनों ने परिसर में पहुंचकर 'शिववंदन' और 'शुद्धिकरण' अनुष्ठान आयोजित किया, जिसे उन्होंने 'मराठा गौरव की रक्षा' का प्रतीक बताया।

ऐसी गतिविधियां अस्वीकार्य-पूर्व भाजपा सांसद

भाजपा नेता और पूर्व सांसद डॉ. मेधा कुलकर्णी ने इस घटना को 'इरादतन किया गया कदम' बताते हुए कहा, 'शनिवारवाडा कोई साधारण स्थान नहीं, यह छत्रपति शिवाजी महाराज की परंपरा का प्रतीक है। यहां इस तरह की धार्मिक गतिविधियां अस्वीकार्य हैं।' इसी के साथ भाजपा विधायक नितेश राणे ने भी तीखा विरोध जताया और राज्य सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग की।

नमाज पढ़ना अपराध नहीं-वारिस पठान

वहीं, विपक्षी खेमे से भी आवाजें उठीं। समाजवादी पार्टी के अबू आजमी और AIMIM नेता वारिस पठान ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि 'नमाज पढ़ना अपराध नहीं' और 'राजनीतिक दल इस घटना को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश कर रहे हैं।' पुणे पुलिस ने एएसआई की शिकायत के आधार पर तीन अज्ञात महिलाओं के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने शनिवारवाडा के CCTV फुटेज जब्त कर लिए हैं और वीडियो की सत्यता व उसमें शामिल महिलाओं की पहचान के प्रयास जारी हैं।

प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की अफवाह या भड़काऊ संदेश पर विश्वास न करें। पुलिस ने कहा कि 'घटना की हर कोण से जांच की जा रही है और किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।'

Rakesh Kamal Trivedi
राकेश त्रिवेदी author

20 वर्षों से अधिक के अनुभव के साथ टीवी पत्रकारिता में सक्रिय, वर्तमान में TIMES NOW नवभारत में न्यूज़ एडिटर। क्राइम और इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज़्म में म... और देखें

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