पटना

पटना के मनेर में पेड़ से लटकी मिली लड़की की डेडबॉडी, परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप; गांव में आक्रोश का माहौल

बिहार की राजधानी पटना स्थित मनेर में एक 10 वर्षीय छात्रा की डेडबॉडी पेड़ से लटकी पाई गई है। परिजनों के गंभीर आरोप के बाद फॉरेंसिक टीमें जांच कर रही हैं।

Image

(फाइल फोटो: PTI)

पटना : शहर से सटे मनेर थाना क्षेत्र के महिनावा गांव के समीप बगीचे में गुरुवार एक 10 वर्षीय स्कूली छात्रा का शव पेड़ से लटका हुआ मिलने से सनसनी फैल गई। परिजनों ने आरोप लगाया है कि मासूम के साथ दुष्कर्म करने के बाद उसकी हत्या कर दी गई और सबूत छिपाने के लिए शव को पेड़ से लटका दिया गया। सूचना मिलते ही सिटी एसपी भानु प्रताप सिंह मौके पर पहुंचे। फॉरेंसिक टीम (SFL) ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाने में जुटी है। पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज आगे की कार्रवाई कर रही है।

सिटी एसपी भानु प्रताप सिंह ने बताया कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही दुष्कर्म और हत्या की पुष्टि हो पाएगी। घटना से पूरे गांव में आक्रोश और मातम का माहौल है। ग्रामीणों ने दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है।

पटना के शहर पुलिस अधीक्षक (पश्चिम) भानु प्रताप सिंह ने पत्रकारों से बात करते हुए कहा, ‘‘बच्ची मंगलवार से लापता थी। परिवार वालों की शिकायत पर पुलिस ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज की थी। प्रथम दृष्टया यह हत्या का मामला लग रहा है, हो सकता है कि उसे फंदे से लटकाया गया हो, या उसकी हत्या के बाद शव को लटका दिया गया हो।

सिंह ने आगे बताया कि एक और आरोप यह भी है कि पहले उसका यौन उत्पीड़न किया गया और फिर उसकी हत्या कर दी गयी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। पुलिस अधिकारी ने बताया कि मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल का गठन किया गया है। हम आरोपियों को पकड़ने के लिए सीसीटीवी फुटेज और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्यों का भी विश्लेषण कर रहे हैं।’’

Pushpendra kumar
पुष्पेंद्र कुमारauthor

पुष्पेंद्र कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में चीफ कॉपी एडिटर के रूप में सिटी डेस्क पर कार्यरत हैं। जर्नलिज्म में मास्टर्स डिग्री हासिल करने के बाद से वे पिछले 7 वर्षों से सक्रिय पत्रकारिता में जुड़े हैं। इस दौरान उन्होंने 10,000 से अधिक खबरें लिखी हैं। पुष्पेंद्र हाइपर-लोकल मुद्दों, रेलवे, रोड, इंफ्रास्ट्रक्चर, डेवलपमेंट, कृषि और मौसम से जुड़ी खबरों पर गहरी पकड़ रखते हैं। शहर से लेकर गांव-देहात तक की संवेदनशीलताओं को समझते हुए वे लोकल खबरों को ऐसा रूप देते हैं जो न केवल तथ्यपूर्ण होता है, बल्कि पाठकों से भावनात्मक रूप से भी जुड़ता है।

और पढ़ें
End of Article