बिहार में इस साल के अंत में विधानसभा चुनाव होने हैं। अभी से बिहार में राजनीतिक हलचल तेज हो चली है। तमाम पार्टियां और नेता बिहार में जनसभाओं को संबोधित कर रहे हैं। इस बीच वरिष्ठ कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी आज यानी शुक्रवार 6 जून को बिहार दौरे पर हैं।
बिहार दौरे पर पहुंचे कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने नालंदा के राजगीर में ओबीसी सम्मेलन में भाग लिया। इस दौरान, एनडीए के घटक हिन्दुस्तानी आवाम मोर्चा (HAM) के नेता और केंद्रीय मंत्री जीतनराम मांझी ने राहुल गांधी पर एक विवादास्पद टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि यदि राहुल गांधी लालू यादव के शासनकाल में बिहार आते, तो उनका अपहरण हो सकता था और उन्हें मुक्त कराने के लिए सोनिया गांधी को मुख्यमंत्री निवास में डील करनी पड़ती।
पूर्व मुख्यमंत्री जीतनराम मांझी ने यह भी कहा कि अब बिहार में स्थिति बदल गई है और राहुल गांधी को अब भयमुक्त वातावरण में यात्रा करने की स्वतंत्रता है। मांझी ने यह भी स्पष्ट किया कि बिहार अब पहले जैसा नहीं है, जब राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव और गांधी परिवार ने राज्य को छोड़ा था।
पूर्व मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि दूसरे राज्यों के लोग अब बिहार आने से नहीं डरते। इस बीच, बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष डॉक्टर दिलीप जायसवाल ने राहुल गांधी की यात्रा को राजनीतिक नौटंकी करार दिया और कहा कि उनकी उपस्थिति से कांग्रेस को नुकसान होगा। उन्होंने यह भी कहा कि राहुल गांधी को पिछड़े और अतिपिछड़े वर्गों की भलाई से कोई लेना-देना नहीं है और उनकी यात्रा केवल भाषण देने तक सीमित है।
