ग्रेटर नोएडा के जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन से समूचे दिल्ली-एनसीआर को फायदा होगा। इस एयरपोर्ट के उद्घाटन से नोएडा और ग्रेटर नोएडा के लोग जितने खुश हैं, उतने ही खुश गाजियाबाद के निवासी भी हैं। हों भी क्यों नहीं, इस एयरपोर्ट के बनने से गाजियाबाद को भी बहुत फायदा होने जा रहा है। पहले ही गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट तक नमो भारत एक्सप्रेस की कनेक्टिविटी के प्रपोजल पर काम चल रहा है। माना जा रहा है कि यह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट गाजियाबाद में उद्योग-धंधों के विकास में काफी अहम भूमिका निभाएगा।
गाजियाबाद में इंजीनियरिंग और मैन्यूफैक्चरिंग इंडस्ट्री की भरमार है। यहां पर इंजीनियरिंग उत्पाद, ऑटोमोबाइल पार्ट्स और मेटल उत्पाद के विश्व प्रसिद्ध उद्योग हैं। गाजियाबाद जिले में रोल्स, गीयर, शाफ्ट्स, शुगर मिल मशीनरी, एलिवेटर्स, पेंट, टेक्सटाइल और इलेक्ट्रिक केबल से जुड़े कई उद्योग मौजूद हैं।
यहां मौजूद हैं फैक्टरियां
गाजियाबाद जिले में बुलंदशहर रोड, मेरठ रोड, साहिबाबाद, इंडस्ट्रियल कुंज, कविनगर, मोहन नगर और आनंद इंडस्ट्रियल एरिया एक्सपोर्ट प्रोडक्स में तमाम पैक्ट्रियां मौजूद हैं। गाजियाबाद दिल्ली-एनसीआर में ऐसी जगह पर मौजूद है, जिसे दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे, ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे, जीटी रोड, मेट्रो, नमो भारत एक्सप्रेस और एनएच-9 की बेहतरीन कनेक्टिविटी मिलती है। अब नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन ने गाजियाबाद की कनेक्टिविटी में एक और आयाम जोड़ दिया है।
विदेश यात्रा होगी आसान
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से उड़ान सेवाएं शुरू होने के बाद गाजियाबाद के उद्यमियों को विदेश जाना और विदेशी कंपनियों के प्रतिनिधियों के लिए गाजियाबाद पहुंचना आसान हो जाएगा। ईस्टर्न पेरिफेरल एक्सप्रेसवे और अन्य रूटों के जरिए जेवर एयरपोर्ट से गाजियाबाद की दूरी को मात्र 40-50 मिनट में तय किया जा सकता है। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के बन जाने से गाजियाबाद में रोजगार की संभावनाएं भी बढ़ेंगी। यहां के कैब ड्राइवरों को अब दिल्ली के साथ ही नोएडा एयरपोर्ट के लिए भी काफी बुकिंग मिलने लगेंगी। एयरपोर्ट के बनने से गाजियाबाद में निवेश बढ़ने की संभावना है।
बेहतर कनेक्टिविटी के चलते उम्मीद की जा रही है कि अंतरराष्ट्रीय कंपनियां गाजियाबाद में स्थापित होना चाहेंगी। इसके साथ ही गाजियाबाद जिले में प्रॉपर्टी के दाम भी बढ़ने की उम्मीद है। किसानों की कृषि योग्य जमीन की वैल्यू भी बढ़ जाएगी। किसानों के लिए जेवर एयरपोर्ट से अपनी फसलों को विदेशी बाजारों में एक्सपोर्ट करना भी आसान हो जाएगा।
नमो भारत से मिलेगी और अच्छी कनेक्टिविटी
बता दें कि राज्य सरकार ने साल 2024 में ही गाजियाबाद को नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से जोड़ने के लिए नमो भारत एक्सप्रेस की डीपीआर को मंजूरी दे दी है। इस प्रस्तावित डीपीआर के अनुसार गाजियाबाद से जेवर एयरपोर्ट तक 72.44 किमी लंबा RRTS कॉरिडोर बनाया जाएगा। इस पूरे रूट पर कुल 22 स्टेशन होंगे, जिनमें से 11 स्टेशन RRTS और मेट्रो को आपस में जोड़ेंगे।
