शहर

Nanded Suicide: नांदेड़ में किसान परिवार ने की सामूहिक आत्महत्या, घर और रेलवे ट्रैक पर मिले चार शव

Nanded News: महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले में एक किसान परिवार के चार सदस्यों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। माता-पिता के शव घर में और दोनों बेटों के शव रेलवे ट्रैक पर मिलने से पुलिस सामूहिक आत्महत्या की आशंका जता रही है। फोरेंसिक जांच और पोस्टमार्टम के बाद ही सच्चाई सामने आएगी।

Image

घर में माता-पिता और रेलवे ट्रैक पर बेटों की मिली लाश (सांकेतिक चित्र | iStock )

Photo : iStock

Nanded News: महाराष्ट्र के नांदेड़ जिले में गुरुवार सुबह एक ही परिवार के चार सदस्यों के शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। पुलिस को आशंका है कि यह सामूहिक आत्महत्या का मामला हो सकता है। मृतकों में एक किसान, उसकी पत्नी और उनके दो बेटे शामिल हैं। हालांकि, मौत के पीछे की असल वजह का खुलासा पोस्टमार्टम और फोरेंसिक जांच के बाद ही हो सकेगा।

घर में मिले माता-पिता के शव

पुलिस के अनुसार, सुबह करीब 8 बजे मुदखेड़ तहसील के ज्वाला मुरार गांव स्थित घर में रमेश सोनाजी लखे (51) और उनकी पत्नी राधाबाई लखे (45) के शव एक खाट पर पाए गए। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की गई।

रेलवे ट्रैक पर मिले दोनों बेटों के शव

कुछ देर बाद परिवार के दोनों बेटों, उमेश (25) और बजरंग (23) के शव पास की रेलवे लाइन पर मिले। प्रारंभिक जांच में संकेत हैं कि दोनों ने चलती ट्रेन के सामने कूदकर जान दी। हालांकि, पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है।

पोस्टमार्टम से खुलेगा राज

नांदेड़ ग्रामीण पुलिस के निरीक्षक दत्तात्रेय मंथले ने बताया कि फोरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (FSL) की टीम को सबूत जुटाने के निर्देश दिए गए हैं। साथ ही, सभी शवों का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है ताकि मौत के कारणों की पुष्टि हो सके। पुलिस का कहना है कि परिवार छोटे खेतिहर समुदाय से जुड़ा था। फिलहाल यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि घटना के पीछे आर्थिक तंगी या घरेलू संकट कोई कारण था या नहीं। पड़ोसियों ने परिवार को मेहनती बताया है। पुलिस परिजनों के बयान दर्ज कर रही है और किसी सुसाइड नोट या अंतिम संदेश की तलाश जारी है।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

और पढ़ें
End of Article