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BMC में पार्षदों पर 'अयोग्यता' की मार, फर्जी जाति प्रमाणपत्र को लेकर चार को गंवानी पड़ी कुर्सी

मुंबई नगर निगम में जाति प्रमाणपत्र अमान्य होने पर राकांपा (NCP) की पार्षद बुशरा मलिक को अयोग्य घोषित कर दिया गया है। इसके साथ ही अब तक कुल 4 पार्षदों पर यह गाज गिर चुकी है।

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मेयर रितु तावड़े ने किया आधिकारिक ऐलान (फाइल)

Photo : ANI

Mumbai News: मुंबई महानगरपालिका (BMC) में पार्षदों के फर्जी या अमान्य जाति प्रमाणपत्रों को लेकर चल रही प्रशासनिक कार्रवाई के तहत एक और बड़ा एक्शन सामने आया है। ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के पार्षद रोशन शेख को अयोग्य ठहराए जाने के ठीक दो दिन बाद, शुक्रवार को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) की एक और महिला पार्षद को भी अयोग्य घोषित कर दिया गया है। स्क्रूटनी और वेरिफिकेशन कमेटी द्वारा उनका जाति प्रमाणपत्र अमान्य घोषित किए जाने के बाद यह सख्त कदम उठाया गया है।

महापौर रितु तावड़े ने की आधिकारिक घोषणा

मुंबई की मेयर रितु तावड़े ने शुक्रवार को नगर निगम की आम बैठक के दौरान सदन को इस फैसले की आधिकारिक जानकारी दी। इस कार्रवाई की जद में आईं एनसीपी की बुशरा मलिक मुंबई के कुर्ला ईस्ट इलाके से वार्ड नंबर 170 की सदस्य के रूप में चुनी गई थीं। इस नए मामले के सामने आने के बाद बीएमसी में अमान्य जाति दस्तावेजों के आधार पर अपनी सदस्यता गंवाने वाले पार्षदों की कुल संख्या अब चार हो गई है।

बुशरा के अलावा सी तरह AIMIM के रोशन शेख को भी जाति प्रमाणपत्र की जांच में विफल रहने के चलते अपनी सदस्यता गंवानी पड़ी। शिवसेना (यूबीटी) के दीपक सावंत, जो वार्ड नंबर 111 (भांडुप, एस-वार्ड) से पार्षद थे, नामांकन के समय प्रस्तुत किए गए दस्तावेजों के अमान्य पाए जाने के कारण उन्हें अयोग्य घोषित किया गया। वहीं AIMIM के समीर रमजान पटेल, जो वार्ड नंबर 137 (गोवंडी) का प्रतिनिधित्व करते थे, सत्यापन समिति द्वारा उनके जाति प्रमाणपत्र को खारिज किए जाने के बाद अयोग्य ठहराया गया।

अदालत के चक्कर काट रहे पूर्व पार्षद

गौरतलब है कि जिन पार्षदों को बीएमसी और वेरिफिकेशन कमेटी के स्तर पर अयोग्य ठहराया गया है, उन्होंने इस कार्रवाई के खिलाफ कानूनी लड़ाई लड़ने का मन बनाया है। प्रभावित पूर्व पार्षदों ने अदालत का दरवाजा खटखटाया है। उन्हें उम्मीद है कि कोर्ट से उनके पक्ष में सकारात्मक फैसला आएगा, जिससे वे अपनी खोई हुई सीट और राजनीतिक करियर को बचाने में सफल हो सकेंगे। फिलहाल इस कार्रवाई से बीएमसी के सियासी गलियारों में हड़कंप मचा हुआ है।

atul. Singh
अतुल सिंहauthor

मैं अतुल सिंह,मैं 14 वर्षों से अधिक समय से टीवी पत्रकारिता में विभिन्न क्षेत्रों को खबरों को कवर करने वाला अनुभवी पत्रकार हूं। वर्तमान में Times Now नवभारत के लिए principal correspondent हूं। मैंने इंडिया टीवी, ज़ी न्यूज़,IBN 7 (न्यूज़ 18),Lemon न्यूज़ जैसे प्रमुख मीडिया संगठनों के साथ भी काम किया है। मनोरंजन,नागरिक मुद्दे ,इंफ्रा,राजनीति,आम और विधानसभा चुनाव और अपराध जैसे विषयों को बखूबी कवर किया है। वर्तमान में मुम्बई ब्यूरो से जुड़ा हुआ हूं। कई राष्ट्रीय मुद्दों से जुड़े कई विशेष खबरें भी कवर किया है।

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