लखनऊ

UP के सरकारी कार्यालयों में प्लास्टिक बोतलों का इस्तेमाल बैन, कागज के दुरुपयोग पर भी लगी रोक

  • Authored by: कुलदीप राघव
  • Updated Mar 1, 2023, 07:03 AM IST

मुख्य सचिव ने सभी विभागों के सभी अधिकारियों और विभागाध्यक्षों को जारी किए दिशा निर्देश। कार्यालयों में अधिक से अधिक सॉफ्ट कॉपी का इस्तेमाल करने के निर्देश, प्लास्टिक कवर और स्पाइरल बाइंडिंग के प्रयोग पर रोक।

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UP के सरकारी कार्यालयों में प्लास्टिक बोतलों का इस्तेमाल बैन, कागज के दुरुपयोग पर भी लगी रोक

सिंगल यूज प्लास्टिक के इस्तेमाल और कागज की बर्बादी को लेकर प्रदेश की योगी सरकार ने एक बार फिर कड़ा कदम उठाया है। मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्र की ओर से सभी सरकारी अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि कार्यालयों में अधिक से अधिक सॉफ्ट कॉपी का इस्तेमाल किया जाए, जबकि बैठकों में पानी के लिए प्लास्टिक बोतल का उपयोग नहीं किया जाएगा। साथ ही फिजिकल (हार्ड) कॉपी का प्रयोग कम कम किए जाने के भी निर्देश दिए गए हैं। मुख्य सचिव की ओर से स्पष्ट कहा गया है कि इन निर्देशों का कड़ाई से तत्काल अनुपालन सुनिश्चित किया जाए।

पर्यावरण के लिए उचित नहीं है कागज और प्लास्टिक का प्रयोग

मुख्य सचिव की ओर से दिए गए निर्देशों में कहा गया है कि लगातार देखने में आ रहा है कि बार-बार निर्देशों के बावजूद विभागों द्वारा प्लास्टिक कवर तथा सिंगल साइड प्रिंट कर बुकलेट प्रस्तुत किया जा रहा है। कागज का दुरुपयोग तथा प्लास्टिक का प्रयोग पर्यावरण की दृष्टि से उचित नहीं है, जबकि पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन के प्रति संवेदनशीलता प्रत्येक अधिकारी की नैतिक एवं शासकीय जिम्मेदारी है।

सरकारी कार्यालयों को दिए गए हैं ये निर्देश

● शासन के सभी अधिकारियों एवं विभागाध्यक्षों द्वारा ज्यादा से ज्यादा सॉफ्ट कॉपी का ही प्रयोग किया जाए।

● फिजिकल (हार्ड) कॉपी का प्रयोग कम से कम किया जाए तथा जब भी प्रिंट करने की आवश्यक्ता हो तो डबल साइड ही प्रिंट किया जाए।

● प्लास्टिक कवर और स्पाइरल बाइंडिंग का कदापि प्रयोग न किया जाए।

● समस्त पत्रावलियां ई-ऑफिस के माध्यम से ही भेजी जाएं। यदि भौतिक पत्रावलियां भेजना अपरिहार्य हो तो कागज के दोनों तरफ प्रिंट किया जाए।

● बैठकों में पानी हेतु प्लास्टिक बोलत का उपयोग कदापि न किया जाए।

कुलदीप राघव
कुलदीप राघवauthor

कुलदीप राघव प्रिंट और डिजिटल पत्रकारिता में 13 वर्षों से अधिक अनुभव का रखने वाले पत्रकार हैं। टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में वह एजुकेशन सेक्शन को लीड कर रहे हैं। एजुकेशन सेक्टर की गहरी समझ और लगातार फील्ड-ओरिएंटेड रिपोर्टिंग के कारण कुलदीप इस बीट के भरोसेमंद पत्रकारों में गिने जाते हैं। वे स्कूल और उच्च शिक्षा, प्रतियोगी परीक्षाएं, एडमिशन और काउंसलिंग प्रोसेस, स्कॉलरशिप, करियर गाइडेंस, जॉब अलर्ट, स्किल डेवलपमेंट और युवाओं से जुड़े सामाजिक-शैक्षणिक मुद्दों पर तथ्यात्मक और आसान भाषा में खबरें पब्लिश करते हैं। कुलदीप ने अब तक 18,000 से अधिक बाइलाइन स्टोरीज लिखी हैं, जिनमें कई एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स, विश्लेषण, डेटा आधारित रिपोर्ट्स और एक्सप्लेनर शामिल हैं।

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