Atiq Ahmed Murder Case: माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की पुलिस हिरासत में हत्या की जांच शुरू हो गई है। हत्या की घटना का एसआईटी, फारेंसिक टीम और न्यायिक जांच आयोग की टीम ने बृहस्पतिवार को नाट्य रूपांतरण किया। पुलिस सूत्रों ने बताया कि एसआईटी और टीमें दोपहर करीब डेढ़ बजे घटनास्थल काल्विन हास्पिटल पहुंची जहां पहले से बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था। इस दौरान, एडीजी भानु भास्कर, पुलिस आयुक्त रमित शर्मा और संयुक्त पुलिस आयुक्त आकाश कुलहरि भी मौजूद थे।
फायरिंग करने का दृश्य दोहराया गया
उन्होंने बताया कि घटना के नाट्य रूपांतरण के दौरान अतीक और अशरफ के जीप से उतरने से लेकर अस्पताल के भीतर दाखिल होने और मीडियाकर्मियों द्वारा बाइट लेने के दौरान तीन युवकों द्वारा फायरिंग करने का दृश्य दोहराया गया। सूत्रों ने बताया कि इस नाट्य रूपांतरण के दौरान उन सभी पुलिसकर्मियों को घटनास्थल पर रखा गया जो अतीक और अशरफ की हत्या के समय मौजूद थे। इस नाट्य रूपांतरण से इस घटना की जांच में कई सुराग मिलने की संभावना है और उनके आधार पर आरोपियों से पूछताछ की जा सकती है।
बता दें कि 15 अप्रैल को माफिया अतीक अहमद और उसके भाई अशरफ की पुलिस हिरासत में उस समय गोली मारकर हत्या कर दी गई जब पुलिस उन्हें चिकित्सा परीक्षण के लिए काल्विन अस्पताल में लेकर दाखिल हुई। हमलावरों को उसी समय गिरफ्तार कर लिया गया था। बुधवार को सीजेएम डीके गौतम की अदालत ने इन आरोपियों को चार दिन के पुलिस रिमांड में सौंप दिया ।
सनसनीखेज तरीके से अतीक की हत्या
अतीक अहमद (60) और उसके भाई अशरफ को 15 अप्रैल की रात मीडिया से बातचीत के दौरान पत्रकारों के रूप में आए तीन लोगों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी। जब पुलिसकर्मी उन्हें प्रयागराज के एक मेडिकल कॉलेज में जांच के लिए ले जा रहे थे, तभी ये वारदात हुई थी। प्रयागराज में जेल में बंद दोनों भाइयों को उस समय हथकड़ी लगी हुई थी, जब कैमरे के सामने ही उनकी हत्या कर दी गई। ये भयावह वीडियो सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म और टेलीविजन चैनलों पर खूब प्रसारित किया गया था। झांसी में 13 अप्रैल को पुलिस मुठभेड़ में मारे गए अतीक अहमद के बेटे असद का अंतिम संस्कार अतीक को गोली मारे जाने से कुछ घंटे पहले ही किया गया था।
(भाषा इनपुट)
