Lucknow Crime News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से बड़ी घटना सामने आई है। यहां कैलाशपुरी घाट मंदिर के एक महंत ने मंदिर की ही गोशाला में एक महिला का शव दफना दिया। जब इसकी जानकारी पुलिस को हुई, तो शव को बाहर निकलाया गया। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस महंत और महिला के दो रिश्तेदारों से पूछताछ शुरू कर दी है।
पुलिस ने बताया, 45 वर्षीय मृतक महिला की पहचान वाराणसी निवासी सपना पाठक के रूप में हुई है। सन् 2000 में उसकी शादी प्रयागराज निवासी राजीव दुबे के साथ हुई थी। जानकारी के मुताबिक, महिला की दो बेटियां भी हैं, लेकिन किन्हीं कारणों से महिला लंबे समय से परिवार से दूर रह रही थी।
कई दिनों से गोशाला आ रही थी महिला
पूछताछ में पता चला है कि मृतक महिला सपना पाठक कई दिनों से मंदिर स्थित गोशाला में आ रही थी। वह यहां गोसेवा और पूजा-पाठ करके वापस चली जाती थी। पुलिस ने मुताबिक, बीती 16 मई को भी महिला गोशाला गई थी, इस बात की जानकारी परिवार वालों को भी थी। हालांकि, 19 मई को सपना की मौत हो गई थी।
बिना सूचना दिए महंत ने दफना दिया शव
महिला की मौत के बाद मंदिर के महंत राम समन चतुर्वेदी ने बिना किसी को सूचना दिए महिला का शव गोशाला में ही दफना दिया। जब इस बात की जानकारी पड़ोसियों को हुई तो उन्होंने पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्र से बाहर निकलवाया। पूछताछ के दौरान महंत ने बताया कि महिला की मौत बुखार के कारण हो गई थी। उसकी इच्छा थी कि उसे गोशाला में ही दफना दिया जाए। जांच में पता चला है कि महंत ने शव को गलाने के लिए कब्र में पांच किलो नमक भी डाला था।
