Air Pollution: कानपुर में हवा को साफ रखने के लिए नगर निगम ने इस बार खास प्लान तैयार किया है। बाताया जा रहा है कि नगर निगम ने 2 किमी. के क्षेत्र को डस्ट फ्री जोन (Dust Free Zone) बनाने के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। हालांकि, इन तैयारियों से कानपुर में इस बार प्रदूषण (Pollution) का स्तर भी कम होगा और देश में कानपुर की छवि भी अच्छी बनेगी। बता दें सर्दियों में कानपुर के कई इलाकों का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 150 या इससे अधिक तक पहुंच जाता है, जो हवा को जहर बना देती है।
CPCB उठाने लगे प्रश्न
वहीं, सर्दियां अभी पूरी तरह आई भी नहीं है, लेकिन नेहरू नगर में लगे सेंट्रल पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड (Central Pollution Control Board) के प्रदूषण सेंसर हवा की गुणवत्ता पर प्रश्न उठाने लगे हैं। बृहस्तपतिवार को दोपहर नेहरू नगर का अधिकतम AQI 117 तक पहुंच गया। डॉक्टरों की माने तो हवा की ऐसी खराब गुणवत्ता में फेफड़े, अस्थमा और हृदय रोग से पीड़ित लोगों को सांस लेने में तकलीफ हो सकती हैं।
2 कि.मी तक डस्ट फ्री जोन का रखा लक्ष्य
हालांकि, पर्यावरण अभियंता आरके पाल ने बताया कि 2 किमी. के क्षेत्र को डस्ट फ्री जोन बनाने का लक्ष्य रखा गया है, इसके लिए सड़कों को रात 11 बजे से सुबह 6 बजे तक आठ मैकेनिकल स्वीपिंग मशीनों के जरिए सफाई की जा रही है। सीपीसीबी के तीन एक्यूआई स्टेशनों एफटीआई किदवई नगर, एनएसआई कल्याणपुर और नेहरू नगर के आसपास 8 मैकेनिकल स्वीपिंग मशीन, 6 एंटी स्मॉग गन (Anti Smog Gun) को तैनात की गई। प्रदूषण को कम करने के लिए शासन स्तर से भी मॉनिटरिंग शुरू की गई है।
