Kal Ka Mausam (कल का मौसम कैसा रहेगा): मौसम का उतार-चढ़ाव इन दिनों पूरे देश में बना हुआ है। बात अगर पिछले 24 घंटों के दौरान मौसम की करें तो, उत्तर आंतरिक कर्नाटक, तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा और तमिलनाडु के कई स्थानों पर भारी से बहुत भारी वर्षा (7 से 20 सेंटीमीटर) दर्ज की गई है। वहीं, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक और केरल के कुछ इलाकों में भी अलग-अलग स्थानों पर भारी वर्षा (7 से 11 सेंटीमीटर) दर्ज की गई है। मौसम विभाग की हाल फिलहाल की वेदर रिपोर्ट के मुताबिक, बंगाल की खाड़ी में शनिवार को बने कम दबाव के क्षेत्र के चलते ओडिशा में 27 अक्टूबर से अगले तीन दिनों तक भारी बारिश की संभावना जताई गई है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, राज्य के कई जिलों के लिए ‘ऑरेंज’ और ‘येलो’ अलर्ट जारी किया गया है।
नवीनतम अपडेट में मौसम विभाग ने बताया कि दक्षिण-पूर्व बंगाल की खाड़ी में बना यह निम्न दबाव अब पश्चिम दिशा की ओर बढ़ते हुए अवदाब में बदल गया है। यह प्रणाली फिलहाल पोर्ट ब्लेयर से लगभग 420 किलोमीटर पश्चिम-दक्षिण-पश्चिम और गोपालपुर (ओडिशा) से करीब 1,040 किलोमीटर दक्षिण-दक्षिण-पूर्व में स्थित है। भुवनेश्वर मौसम विज्ञान केंद्र की निदेशक डॉ. मनोरमा मोहंती ने कहा कि इसका प्रमुख प्रभाव तटीय आंध्र प्रदेश पर पड़ सकता है, जबकि ओडिशा में तेज हवाओं, भारी वर्षा और गरज-चमक के साथ तूफान की संभावना है। इस बीच, राज्य के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री सुरेश पुजारी ने सभी जिलाधिकारियों को अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि भूस्खलन की संभावना वाले जिलों गजपति, कंधमाल, कोरापुट, मलकानगिरी और नवरंगपुर के प्रशासन को स्थिति पर करीबी नजर रखने और जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
दिल्ली में कल का मौसम
दिल्ली में कल आसमान ज्यादातर साफ रहेगा, हालांकि शाम के समय आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं। सुबह के दौरान हल्की धुंध या कोहरा छाया रहने की संभावना है। राजधानी में अधिकतम तापमान 30 से 32 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 16 से 18 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है। तापमान सामान्य स्तर के करीब रहेगा। सुबह के समय प्रमुख सतही हवाएं दक्षिण-पूर्व दिशा से लगभग 10 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी। दोपहर में हवा की दिशा उत्तर-पूर्व की ओर बदल जाएगी और इसकी गति 12 किलोमीटर प्रति घंटे से कम रहेगी। शाम और रात के दौरान हवा की गति घटकर उत्तर-पूर्व दिशा से लगभग 5 किलोमीटर प्रति घंटे से कम हो जाएगी।
दिल्ली में वायु गुणवत्ता कैसी है?
राजधानी दिल्ली में वायु प्रदूषण की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है। शनिवार को शहर के अधिकांश क्षेत्रों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 200 के पार पहुंच गया, जबकि कई इलाकों में यह ‘रेड जोन’ में दर्ज किया गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, आनंद विहार में सुबह AQI स्तर 412 दर्ज किया गया, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है। इसके कारण लोगों को सांस लेने में परेशानी और आंखों में जलन जैसी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए ग्रेप-2 (GRAP-2) के तहत विभिन्न स्थानों पर पानी के छिड़काव के लिए स्प्रिंकलर मशीनों का उपयोग किया जा रहा है। इसके अलावा, चांदनी चौक, बवाना, शादीपुर, वजीरपुर और पंजाबी बाग जैसे पांच प्रमुख क्षेत्रों में भी AQI 300 से ऊपर पहुंच गया है, जिससे इन इलाकों की हवा बेहद प्रदूषित श्रेणी में मानी जा रही है।
पूर्वी उत्तर प्रदेश के तापमान में गिरावट
उत्तर-पश्चिम भारत में अगले चार से पांच दिनों तक न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा परिवर्तन अपेक्षित नहीं है, हालांकि पूर्वी उत्तर प्रदेश में अगले दो दिनों के दौरान न्यूनतम तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट देखी जा सकती है। पश्चिम भारत के कोंकण और गोवा तथा मध्य महाराष्ट्र में भारी वर्षा हो सकती है। गुजरात राज्य में 26 से 27 अक्टूबर तक कई स्थानों पर बारिश की संभावना बनी हुई है। अगले चार से पांच दिनों तक इस क्षेत्र में गरज-चमक के साथ तूफान की स्थिति रह सकती है। उत्तर-पूर्व भारत में अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में 29 और 30 अक्टूबर को कई स्थानों पर भारी वर्षा होने की संभावना है।
मुंबई में कल का मौसम कैसा रहेगा?
मौसम विभाग के अनुसार, मुंबई में आने वाले दिनों में भारी वर्षा की संभावना जताई गई है। शहर का तापमान 24.2°C से 30.9°C के बीच रहने की उम्मीद है। 26 और 27 अक्टूबर को हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि 28 और 29 अक्टूबर को तेज वर्षा की संभावना है। 30 अक्टूबर को मौसम में कुछ सुधार देखने को मिल सकता है, हालांकि लगभग 60% संभावना है कि कुछ क्षेत्रों में हल्की बूंदाबांदी जारी रहे। निचले इलाकों में अचानक तेज बारिश के कारण जलभराव की स्थिति बन सकती है। सप्ताहभर हवा में अधिक नमी रहने से उमस का एहसास रहेगा। मौसम विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि भारी वर्षा के दौरान, विशेष रूप से दोपहर के समय, घर के भीतर रहें। भारी बारिश के साथ वायु गुणवत्ता में सुधार की उम्मीद है, लेकिन अत्यधिक नमी से सांस संबंधी समस्याओं वाले लोगों को थोड़ी परेशानी हो सकती है।
राजस्थान में कल के मौसम का हाल
पूर्वी राजस्थान में पिछले 24 घंटों के दौरान कई स्थानों पर हल्की वर्षा दर्ज की गई है। मौसम विभाग के अनुसार, शनिवार सुबह तक राज्य के पूर्वी हिस्सों में कहीं-कहीं हल्की बारिश हुई, जबकि पश्चिमी इलाकों में मौसम शुष्क बना रहा। इस अवधि में सबसे अधिक वर्षा बारां जिले के छाबड़ा में 9 मिलीमीटर दर्ज की गई। जयपुर मौसम केंद्र ने जानकारी दी कि फिलहाल अरब सागर में एक अवदाब और दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी में एक कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय है। इसके साथ ही 26 से 27 अक्टूबर के बीच उत्तर-पश्चिम भारत में एक नया पश्चिमी विक्षोभ प्रभावी हो सकता है। इन तंत्रों के असर से दक्षिण-पूर्वी राजस्थान के उदयपुर और कोटा संभागों के कुछ इलाकों में 26 से 28 अक्टूबर के बीच वर्षा होने की संभावना है। इस दौरान 27 और 28 अक्टूबर को इन क्षेत्रों में आकाशीय बिजली के साथ मध्यम दर्जे की बारिश की संभावना जताई गई है। हालांकि, राज्य के शेष अधिकांश हिस्सों में मौसम शुष्क रहने और तापमान में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है।
पूर्वी और मध्य भारत के क्षेत्रों में बारिश की संभावना
पूर्वी और मध्य भारत में अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में भारी वर्षा की संभावना है। ओडिशा में 27 से 29 अक्टूबर तक तथा गंगीय पश्चिम बंगाल में 28 से 30 अक्टूबर तक कई स्थानों पर भारी वर्षा हो सकती है। झारखंड में 29 अक्टूबर को तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में 29 और 30 अक्टूबर को भी कुछ स्थानों पर तेज वर्षा होने की संभावना है। ओडिशा में कुछ स्थानों पर बहुत भारी वर्षा की भी चेतावनी जारी की गई है। अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में अगले पांच दिनों तक गरज-चमक के साथ 40-50 किमी/घंटा की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। मध्य प्रदेश, विदर्भ और छत्तीसगढ़ में भी इस अवधि के दौरान गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है।
दक्षिण भारत में आगामी दिनों का मौसम
दक्षिण भारत में 27 और 28 अक्टूबर को तटीय आंध्र प्रदेश और यानम में अत्यधिक भारी वर्षा की संभावना है, जबकि रायलसीमा में 27 अक्टूबर को कुछ स्थानों पर ऐसी वर्षा हो सकती है। तमिलनाडु, केरल और माहे में 26 से 28 अक्टूबर के बीच हल्की से मध्यम बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है। तटीय आंध्र प्रदेश, यानम और रायलसीमा में 26 से 29 अक्टूबर के दौरान, तथा तटीय कर्नाटक में 27 अक्टूबर तक बारिश जारी रह सकती है। तेलंगाना में 27 और 28 अक्टूबर को, जबकि दक्षिणी आंतरिक कर्नाटक में 27 अक्टूबर को भारी वर्षा की संभावना जताई गई है। तमिलनाडु और तटीय कर्नाटक में 27 अक्टूबर को तथा तटीय आंध्र प्रदेश, यानम और रायलसीमा में 26 से 28 अक्टूबर के बीच कुछ स्थानों पर बहुत भारी वर्षा होने की संभावना है। इसके साथ ही, अगले पांच दिनों तक इस क्षेत्र में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं और बिजली गिरने की संभावना बनी हुई है। तटीय आंध्र प्रदेश, यानम और रायलसीमा में 30 से 50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली तेज सतही हवाएं चल सकती हैं।
FAQs
दिल्ली का मौसम कैसा है?
दिल्ली में फिलहाल आसमान साफ रहेगा, लेकिन सुबह के समय हल्की धुंध छाई रह सकती है। वायु प्रदूषण का स्तर चिंताजनक है। कई इलाकों में AQI 300 से 400 के बीच पहुंच गया है, जो ‘गंभीर’ श्रेणी में आता है।
