Kal Ka Mausamm (कल का मौसम कैसा रहेगा): जनवरी माह के आखिरी तक मौसम के तेवर नर्म हो सकते हैं। चूंकि, सूरज की मौजूदगी से न्यूनतम और अधिकतम तापमान में कमी देखी जा रही है। हालांकि, पहाड़ी राज्यों हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड में बर्फबारी का असर मैदानी राज्यों पर बना हुआ है, जबकि घाटी में तापमान माइनस में बना हुआ है। इधर, उत्तर प्रदेश, दिल्ली-एनसीआर, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश और हरियाणा-पंजाब आधे दिसंबर से लेकर पूरी जनवरी कड़ाके की ठंड का सितम झेल रहे हैं। समूचा उत्तरी हिस्सा शीतलहर, कोहरे की चपेट में है। कई स्थानों पर गलन के साथ पाला भी गिर रहा है। कई राज्यों में कोल्ड डे जैसी स्थिति बनी हुई है। अब आईएमडी ने आने वाले दिनों में पश्चिमी विक्षोभ के असर से बादलों के छाए रहने के साथ बूंदाबांदी और तेज हवाओं के चलने का अंदेशा जताया है। 25 जनवरी को कई राज्यों में मौसम का मिजाज बदल सकता है। बारिश के साथ ही ओलावृष्टि और बिजली कड़कने का अंदेशा है। इसके आलावा घना कोहरा छाए रहने से रेल, हवाई और सड़क परिवहन का शेड्यूल चरमराया हुआ है। कोहरे की वजह से विजिबिलिटी शून्य होने से ट्रेनों के विलंब होने की खबरें हैं। है तो कई मुख्य ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं। इसके अलावा कई राज्यों में हवाई उड़ानें बुरी तरह प्रभवित हैं।
दिल्ली में कल का मौसम कैसा रहेगा?
दिल्ली में शनिवार को न्यूनतम तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जा सकता है, जो सामान्य से 2.3 डिग्री सेल्सियस अधिक है। आईएमडी के अनुसार, अधिकतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। इसी तरह नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम, फरीदाबाद समेत पूरे एनसीआर में बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम बारिश का अंदेशा है।
दिल्ली में कितना प्रदूषण?
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, शुक्रवार को सुबह नौ बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक 206 रहा, जो ‘खराब’ श्रेणी में आता है। शून्य से 50 के बीच वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) को अच्छा, 51 से 100 के बीच संतोषजनक, 101 से 200 के बीच मध्यम, 201 से 300 के बीच खराब, 301 से 400 के बीच बहुत खराब और 401 से 500 के बीच एक्यूआई को गंभीर श्रेणी में माना जाता है। सुबह साढ़े आठ बजे आर्द्रता का स्तर 100 प्रतिशत दर्ज किया गया और मौसम विभाग ने दिन में हल्का कोहरा छाए रहने का पूर्वानुमान व्यक्त किया है।
राजस्थान में कैसा रहेगा मौसम
राजस्थान के अनेक इलाकों में सर्दी का दौर जारी है और बीते चौबीस घंटे में सबसे कम 3.9 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान सीकर के फतेहपुर में दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, इस दौरान राज्य में मौसम आमतौर पर शुष्क रहा। इसके अनुसार, बीते चौबीस घंटे में न्यूनतम तापमान फतेहपुर में 3.9 डिग्री, नागौर में 5.4 डिग्री, सीकर व चूरू में 7.0 डिग्री, संगरिया में 7.3 डिग्री, पिलानी में 7.6 डिग्री, बीकानेर में 7.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, राज्य में सर्वाधिक अधिकतम तापमान डूंगरपुर में 27.0 डिग्री सेल्सियस रहा। विभाग के अनुसार, राज्य में आगामी एक सप्ताह के दौरान मौसम मुख्यतः शुष्क रहने की प्रबल संभावना है। वहीं उत्तरी हवाओं के प्रभाव से आगामी एक-दो दिन में न्यूनतम व अधिकतम तापमान में 2-4 डिग्री सेल्सियस की गिरावट हो सकती है।
उत्तर प्रदेश का मौसम कैसा रहेगा?
यूपी में कई दिनों से मौसम में परिवर्तन देखने को मिल रहा है। पश्चिमी विक्षोभ के असर बारिश दर्ज की गई। तेज हवाओं के चलने से गलन की स्थिति बनी हुई है। राज्य के कई हिस्सों में कोल्ड डे का एहसास हो रहा है। पश्चिमी यूपी के मेरठ, सहारनपुर, शामली, हाथरस, अलीगढ़ और नोएडा गाजियाबाद में बारिश का अंदेशा है। वहीं, लखनऊ, कानपुर, प्रयागराज, देवरिया, गोरखपुर, जौनपुर, वाराणसी, झांसी समेत कई जिलों में बादलों के छाए रहने और बूंदाबांदी का अंदेशा है। इसके अलावा सुबह-शाम भीषण कोहरे का अलर्ट है।
बिहार में कैसा रहेगा मौसम
बिहार में भी मौसम की मार है। लगातार मौसम में उतार चढ़ाव देखने को मिल रहा है। कड़ाके की सर्दी के साथ पश्चिमी विक्षोभ के असर से बादल छाए रहने और हल्की से मध्यम बारिश का अंदेशा बना हुआ है। 25 जनवरी को भी मौसम खराब हो सकता है। राज्य के उत्तरी हिस्सों में घना कोहरा छाए रहने का अनुमान है। मौसम विभाग ने बताया कि दिन के तापमान में करीब 2 डिग्री तापमान गिर सकता है। पटना, खगरिया, वैशाली, मधुबनी, गया, सहरसा, मुजफ्फरपुर, दरभंगा और भागलपुर समेत कई जिलों में बदलते मौसम का असर देखा जाएगा।
हिमाचल प्रदेश में कैसा है मौसम
हिमाचल प्रदेश में मौसम शुष्क है तथा राज्य के ऊना और बर्थिन के निचले इलाकों में शीतलहर की स्थिति बनी हुई है और बिलासपुर में घने कोहरे के कारण दृश्यता घटकर 50 मीटर रह गई। स्थानीय मौसम कार्यालय ने अलग-अलग स्थानों पर हल्की बारिश और हिमपात का पूर्वानुमान व्यक्त किया है तथा ऊना और हमीरपुर जिलों में शीतलहर संबंधी ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है। 24 जनवरी को सुबह के समय बिलासपुर और मंडी जिलों में घना कोहरा छाए रहने का भी अनुमान जताया है। जनजातीय लाहौल और स्पीति का ताबो रात में सबसे ठंडा स्थान रहा, जहां न्यूनतम तापमान शून्य से 7.6 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। राज्य में एक से 23 जनवरी तक 57.3 मिमी सामान्य वर्षा के मुकाबले 14.7 मिमी औसत वर्षा हुई, जो 74 प्रतिशत कम है।
जम्मू-कश्मीर में कैसा है मौसम
जम्मू-कश्मीर में न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई। आईएमडी ने शुष्क मौसम रहने का अनुमान लगाया है। गुलमर्ग को छोड़कर कश्मीर घाटी के सभी मौसम केंद्रों पर रात का तापमान कम हुआ है। श्रीनगर में बुधवार रात न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे दो डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, यह पहले से 0.6 डिग्री सेल्सियस कम था। दक्षिण कश्मीर के वार्षिक अमरनाथ यात्रा के आधार शिविरों में से एक पहलगाम में तापमान शून्य से नीचे 5.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। यह पिछली रात शून्य से नीचे 4.2 डिग्री सेल्सियस था। गुलमर्ग में न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे 7.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो एक रात पहले की तुलना में एक डिग्री अधिक है।
काजीगुंड में न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे 2.6 डिग्री सेल्सियस, पंपोर के कोनिबल में शून्य से नीचे 4 डिग्री सेल्सियस, कुपवाड़ा में शून्य से नीचे 2.2 डिग्री सेल्सियस और कोकरनाग में शून्य से नीचे 1.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। कश्मीर में इस समय 'चिल्लई-कलां' का दौर चल रहा है, जो 21 दिसंबर से शुरू होता है और 30 जनवरी को समाप्त होता है। इस दौरान हिमपात की संभावना सबसे अधिक होती है और पारा काफी गिर जाता है।
चिल्लई-कलां क्या है?
'चिल्लई-कलां' के बाद 20 दिन का 'चिल्लई-खुर्द' (हल्की ठंड) और फिर 10 दिन का 'चिल्लई-बच्चा' (नरम ठंड) होता है।मौसम विभाग ने 'चिलई-कलां' के शेष भाग के लिए मुख्यतः शुष्क मौसम की भविष्यवाणी की है। हालांकि, 30-31 जनवरी को कुछ स्थानों पर हल्की बारिश/हिमपात हो सकती है।
कोल्ड डे क्या है?
उत्तर भारत के कई राज्यों में कोल्ड डे जारी है। लोग जानना चाहते हैं कि Cold Day क्या होता है? तो बता दें कि आईएमडी के मुताबिक, कोल्ड डे तब माना जाता है, जब न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस या उससे कम रहे और अधिकतम तापमान सामान्य से कम से कम 4.5 डिग्री सेल्सियत कम दर्ज किया जाए। उन दिनों को कोल्ड डे में काउंट करते हैं। इस दौरान दिन और रात के तापमान में अधिक अंतर नहीं होता है, लिहाजा लोगों को सर्दी से राहत की उम्मीद कम रहती है। इसके अभी और जारी रहने के संकेत हैं।
