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Kal Ka Mausam: मानसून फिर पकड़ेगा रफ्तार, दिल्ली से दक्षिण भारत तक बारिश मचाएगी हलचल; जानें IMD का लेटेस्ट अलर्ट

  • Agency by: Agency
  • Updated Sep 13, 2026, 07:54 PM IST

Kal Ka Mausam 14 September 2026, कल का मौसम कैसा रहेगा: मानसून की सक्रियता के बीच देश के अलग-अलग हिस्सों में मौसम का मिजाज बदलता नजर आ रहा है। दिल्ली से लेकर यूपी और बिहार तक बारिश की संभावना बनी हुई है, जबकि मुंबई समेत कई राज्यों में तेज बारिश और खराब मौसम की स्थिति बन सकती है। मौसम विभाग ने पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कई इलाकों में भी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर पूर्वानुमान जारी किया है।

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कल का मौसम 14 सितंबर 2026

Photo : टाइम्स नाउ डिजिटल

Kal Ka Mausam 14 September 2026: देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय होता नजर आ रहा है, जिसके चलते दिल्ली समेत कई राज्यों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। दिल्ली में बादल छाए रहने के साथ हल्की बारिश के आसार हैं, जबकि यूपी और बिहार में भी मौसम बदलने तथा कुछ इलाकों में बारिश होने की उम्मीद है। वहीं मुंबई, पूर्वोत्तर और दक्षिण भारत के कई राज्यों में भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं को लेकर मौसम विभाग ने अलर्ट जारी किया है। इस समय मानसून ट्रफ सक्रिय है और निचले क्षोभमंडलीय स्तरों पर अपनी सामान्य स्थिति से दक्षिण की ओर बनी हुई है। 12 सितंबर को दक्षिण छत्तीसगढ़ और आसपास के क्षेत्रों में बना निम्न दबाव का क्षेत्र (Low Pressure Area) अब 13 सितंबर 2026 को सुबह 8:30 बजे के आसपास दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश और उससे सटे उत्तर विदर्भ के ऊपर स्थित है।

इसके अगले 24 घंटों के दौरान पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए दक्षिण-पूर्वी राजस्थान और उससे सटे उत्तर गुजरात के इलाकों की ओर जाने की संभावना है। इसके अलावा, दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश और उत्तर विदर्भ के पास बने निम्न दबाव क्षेत्र से लेकर मन्नार की खाड़ी तक निचले क्षोभमंडलीय स्तर पर एक ट्रफ बनी हुई है। दक्षिण कोंकण और उससे सटे पूर्व-मध्य अरब सागर के ऊपर निचले और मध्य क्षोभमंडलीय स्तरों में एक ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) भी मौजूद है, जो ऊंचाई के साथ दक्षिण-पश्चिम दिशा की ओर झुका हुआ है। मध्य क्षोभमंडलीय स्तर पर दक्षिण-पश्चिम अरब सागर से लेकर दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश और उत्तर विदर्भ के ऊपर बने निम्न दबाव क्षेत्र तक एक अन्य ट्रफ फैली हुई है। वहीं, पश्चिमी विक्षोभ मध्य क्षोभमंडलीय स्तर पर ट्रफ के रूप में करीब 73 डिग्री पूर्वी देशांतर के आसपास और 30 डिग्री उत्तरी अक्षांश के उत्तर में सक्रिय है। इसके अलावा, निचले क्षोभमंडलीय स्तरों पर मध्य असम और आसपास के क्षेत्रों में भी ऊपरी हवा का चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है।

दिल्ली में कल का मौसम

दिल्ली में कल दिनभर आसमान में बादल छाए रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, सुबह के समय कुछ इलाकों में बहुत हल्की से हल्की बारिश का दौर देखने को मिल सकता है। इसके बाद दोपहर से शाम के बीच एक बार फिर कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने के आसार हैं। राजधानी में अधिकतम तापमान 32 से 34 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 23 से 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। दिल्ली के ज्यादातर हिस्सों में न्यूनतम तापमान सामान्य से करीब 1.6 से 3 डिग्री सेल्सियस कम रह सकता है। वहीं, अधिकतम तापमान सामान्य के आसपास रहने की संभावना जताई गई है। हवा की दिशा में भी दिन के दौरान बदलाव देखने को मिल सकता है। सुबह के वक्त दक्षिण-पूर्व दिशा से करीब 15 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। दोपहर में हवा की गति बढ़कर 20 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना है और इस दौरान इसकी दिशा दक्षिण-पूर्वी बनी रह सकती है। शाम और रात के समय हवाओं की रफ्तार घटकर करीब 15 किलोमीटर प्रति घंटे हो सकती है तथा हवा पूर्व दिशा से चलने का अनुमान है।

यूपी में कल का मौसम कैसा रहेगा?

उत्तर प्रदेश में 14 सितंबर को मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। खासतौर पर पश्चिमी उत्तर प्रदेश में स्थानीय मौसम प्रणालियों के प्रभाव से कुछ इलाकों में बारिश के आसार बने रहेंगे। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 14 सितंबर को उत्तर प्रदेश के कुछ हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान बादलों की आवाजाही बनी रहने और कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है। हालांकि, पूरे प्रदेश में एक समान बारिश होने के बजाय अलग-अलग इलाकों में मौसम की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में बारिश की संभावना के साथ मौसम सुहावना रह सकता है, जबकि कुछ स्थानों पर उमस का असर भी बना रह सकता है। बारिश के दौरान तेज हवाएं और आकाशीय बिजली की स्थिति को देखते हुए लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है।

बिहार में 48 लाख से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित

बिहार में रविवार को 48 लाख से अधिक लोग बाढ़ से प्रभावित रहे, हालांकि अधिकतर नदियों का जलस्तर घटना शुरू हो गया है। हालांकि नदियों का जलस्तर अब भी खतरे के निशान से ऊपर है। अधिकारियों ने बताया कि 15 जिलों के 87 प्रखंडों की 575 ग्राम पंचायतों में करीब 48.35 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। आपदा प्रबंधन विभाग (डीएमडी) के अनुसार, पटना, भोजपुर, सारण, वैशाली, भागलपुर, बेगूसराय और अररिया सबसे अधिक प्रभावित जिलों में शामिल हैं। अधिकारियों ने बताया कि बिहार में सितंबर में अब तक 108.8 मिलीमीटर बारिश हुई है, जो सामान्य से करीब 20 प्रतिशत अधिक है। डीएमडी ने बताया कि कोसी नदी बलताड़ और कुरसेला में, बूढ़ी गंडक खगड़िया में, गंगा दीघा, गांधी घाट, हाथीदह, भागलपुर, कहलगांव और मुंगेर में, पुनपुन श्रीपालपुर में, बागमती बेनीबाद में तथा घाघरा दरौली और गंगपुर सिसवन में खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। ऐसे में राज्य में अगले कुछ दिनों तक मानसून के सक्रिय रहने और कई जिलों में गरज के साथ बारिश होने की संभावना है।

मुंबई में तेज बारिश होने की चेतावनी जारी

लंबे समय तक मौसम शुष्क रहने के बाद मुंबई के कुछ हिस्सों में रविवार को भारी बारिश हुई। मौसम विभाग ने कुछ इलाकों में गरज के साथ तेज बारिश होने और तेज हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है। मुंबई में शनिवार रात से बारिश की तीव्रता बढ़ गई। शहर के कई हिस्सों में सुबह से बारिश जारी है जबकि कुछ निचले इलाकों में जलभराव हो गया है। देश की वित्तीय राजधानी में जुलाई के बाद बारिश की तीव्रता काफी कम हो गई थी और छिटपुट बारिश को छोड़कर पिछले महीने से खास वर्षा नहीं हुई। IMD ने सामान्य रूप से बादल छाए रहने तथा गरज के साथ मध्यम बारिश का अनुमान जताया है। इस दौरान बिजली चमकने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की भी संभावना है। विभाग ने कहा कि कुछ स्थानों पर तेज बारिश भी हो सकती है।

पूर्वोत्तर भारत में 14 से 19 सितंबर तक बारिश के आसार

पूर्वोत्तर भारत के कई राज्यों में अगले कुछ दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, 14 से 17 सितंबर के बीच अरुणाचल प्रदेश, असम, मेघालय, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान कुछ इलाकों में बारिश की गतिविधियां व्यापक स्तर पर भी देखने को मिल सकती हैं। इसके बाद 18 और 19 सितंबर को बारिश की तीव्रता में कुछ कमी आने के बावजूद अरुणाचल प्रदेश, असम-मेघालय तथा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा के कुछ स्थानों पर बारिश होने के आसार बने रहेंगे। बारिश के साथ कुछ क्षेत्रों में गरज-चमक और आकाशीय बिजली की गतिविधियां भी हो सकती हैं। अरुणाचल प्रदेश में 13 से 17 सितंबर तक, जबकि असम और मेघालय में 14 से 16 सितंबर के बीच अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक की संभावना जताई गई है। वहीं नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में ऐसी गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। मौसम विभाग ने इस दौरान कुछ राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट भी जारी किया है। अरुणाचल प्रदेश में 14 से 17 सितंबर तक भारी बारिश की संभावना है। असम और मेघालय में 14 से 16 सितंबर के बीच भारी बारिश हो सकती है।

दक्षिणी भारत के राज्यों में ऐसा रहेगा मौसम का हाल

वहीं, दक्षिणी भारत के राज्यों की बात करें तो यहां रायलसीमा, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक तथा तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में इस दौरान अलग-अलग स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। केरल और माहे में 16 से 19 सितंबर के बीच, जबकि तटीय कर्नाटक में 15 सितंबर को बारिश होने के आसार हैं। उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 14 सितंबर तथा 17 से 19 सितंबर के बीच कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है। वहीं तटीय आंध्र प्रदेश-यानम और तेलंगाना में 14 से 19 सितंबर तक छिटपुट बारिश की संभावना जताई गई है। केरल और माहे में 14-15 सितंबर को कई स्थानों पर बारिश होने की संभावना है, जबकि लक्षद्वीप में 14 से 19 सितंबर के दौरान व्यापक बारिश का दौर बना रह सकता है। इस दौरान कुछ इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 14 से 17 सितंबर तक, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 14 से 16 सितंबर तक तथा तटीय आंध्र प्रदेश-यानम और रायलसीमा में 14-15 सितंबर के दौरान गरज-चमक की गतिविधियां हो सकती हैं। केरल और माहे में 14 से 16 सितंबर तथा तेलंगाना में 14-15 सितंबर के दौरान तेज हवाएं चलने की संभावना है। भारी बारिश की बात करें तो तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 14 से 16 सितंबर, जबकि केरल और माहे में 14 से 16 सितंबर के बीच कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। तटीय आंध्र प्रदेश-यानम और तेलंगाना में 14 सितंबर को भी भारी बारिश की संभावना है। इसके अलावा तटीय आंध्र प्रदेश-यानम और रायलसीमा में 14-15 सितंबर के दौरान सतह के पास तेज हवाएं चल सकती हैं।

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