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Jammu Kashmir News: भद्रवाह-पठानकोट हाईवे पर कुदरत का कहर, हिमस्खलन से थमी पर्यटकों की रफ्तार; BRO ने खोला रास्ता

जम्मू-कश्मीर के डोडा में भद्रवाह-पठानकोट सड़क पर हिमस्खलन के बाद फंसे सैकड़ों पर्यटकों को सुरक्षित बचा लिया गया है। BRO ने खराब मौसम के बीच युद्धस्तर पर काम कर रास्ता साफ किया। जानें कैसे टला यह बड़ा संकट।

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एवलांच के बाद जाम में फंसीं गाड़ियां

Photo : Times Now Digital

Bhaderwah Avalanche News: जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले से राहत भरी खबर सामने आई है। रविवार शाम भद्रवाह-पठानकोट अंतरराज्यीय राजमार्ग पर हुए हिमस्खलन के बाद फंसे सैकड़ों पर्यटकों और वाहनों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। सीमा सड़क संगठन (BRO) ने हाड़ कंपाने वाली ठंड और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच मोर्चा संभालते हुए कुछ ही घंटों में रास्ता साफ कर दिया।

गुलदांडा के पास अचानक गिरा बर्फ का पहाड़

यह घटना भद्रवाह कस्बे से करीब 18 किलोमीटर दूर थंथेरा और गुलदांडा के बीच रविवार शाम करीब 5 बजे हुई। गुलदांडा जम्मू क्षेत्र का एक बेहद लोकप्रिय पर्यटन स्थल है, जहां बर्फबारी का आनंद लेने के लिए भारी संख्या में पर्यटक उमड़ते हैं। हिमस्खलन के वक्त इस रास्ते से करीब 250 से अधिक वाहन गुजर रहे थे। अचानक सड़क पर बर्फ का मलबा आने से यातायात ठप हो गया और करीब 40-50 वाहन पूरी तरह फंस गए।

BRO का 'ऑपरेशन स्नो क्लियरेंस'

जैसे ही हिमस्खलन की सूचना मिली, सीमा सड़क संगठन (BRO) की 'परियोजना संपर्क' टीम तुरंत एक्शन में आ गई। भारी मशीनरी और कुशल टीम के साथ BRO के जवानों ने रात के अंधेरे और शून्य से नीचे के तापमान के बीच बर्फ हटाने का काम शुरू किया। भद्रवाह के कार्यकारी मजिस्ट्रेट कमल प्रीत सिंह ने बताया कि BRO की मुस्तैदी के कारण मलबे को जल्दी साफ कर लिया गया। प्रशासन ने एहतियात के तौर पर एंबुलेंस और पुलिस बल को भी मौके पर तैनात रखा था ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सके।

पर्यटकों की सांसें अटकीं

राजस्थान से आए एक पर्यटक ने अपना अनुभव साझा करते हुए कहा, "हम यहां की खूबसूरती देखने आए थे, लेकिन बर्फबारी और रास्ते के बंद होने से 2-3 घंटे तक काफी परेशानी हुई। अब रास्ता खुल गया है और हम बहुत खुश हैं।" प्रशासन ने पर्यटकों को सलाह दी है कि वे घबराएं नहीं और मौसम के अपडेट के बाद ही यात्रा शुरू करें। अच्छी बात यह रही कि इस घटना में किसी भी तरह के जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है।

चटरगला दर्रे पर संपर्क बहाल

BRO ने न केवल गुलदांडा बल्कि 10,500 फीट की ऊंचाई पर स्थित रणनीतिक चटरगला दर्रे पर भी सफल ऑपरेशन चलाया। भारी हिमपात के कारण डोडा और कठुआ जिलों के बीच संपर्क टूट गया था, जिसे बीआरओ ने कड़ी मशक्कत के बाद फिर से बहाल कर दिया है। रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण भद्रवाह-बानी-बसौली राजमार्ग अब वाहनों की आवाजाही के लिए पूरी तरह तैयार है।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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