ग्रेटर नोएडा

2024 तक बनकर तैयार हो जाएगा नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, जानिए अभी तक कितना पूरा हुआ काम

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  • Updated Mar 15, 2023, 02:41 PM IST

1334 हेक्टेयर में बन रहे एयरपोर्ट की टर्मिनल बिल्डिंग, रनवे का कार्य सितंबर 2024 तक पूरा होना है। पैसेंजर टर्मिनल के लिए एक फ्लोर की प्लेट लगभग 34,000 वर्ग मीटर है,जो 4 फुटबॉल के मैदानों के बराबर है।

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नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर निर्माण कार्य

ग्रेटर नोएडा: उत्तर प्रदेश सरकार के सबसे महत्वाकांक्षी योजना नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का निर्माण कार्य सितंबर 2024 तक पूरा करने के लिए दिन रात काम जारी है। 2600 कामगार और चार सौ से अधिक मशीनें निर्माण कार्य में लगी हैं। मानसून के बाद कामगारों की संख्या छह हजार तक होगी।

पिछले साल टाटा प्रोजेक्ट्स लिमिटेड को इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट, और कंस्ट्रक्शन (ईपीसी) के दो कॉन्ट्रैक्ट दिए जाने के बाद, परियोजना स्थल पर जमीनी काम, लेवलिंग और खुदाई का काम पूरा हो चुका है। अब कंस्ट्रक्शन ऊपर की ओर बढ़ रहा है, और एयरपोर्ट की संरचनाएं आकार ले रही हैं।

1334 हेक्टेयर में बन रहा एयरपोर्ट

1334 हेक्टेयर में बन रहे एयरपोर्ट की टर्मिनल बिल्डिंग, रनवे का कार्य सितंबर 2024 तक पूरा होना है। पैसेंजर टर्मिनल के लिए एक फ्लोर की प्लेट लगभग 34,000 वर्ग मीटर है,जो 4 फुटबॉल के मैदानों के बराबर है। एनआईए साईट पर इस समय 2600 से ज्यादा लोग काम कर रहे हैं। सर्वाधिक क्षमता 6000 तक पहुंचने की उम्मीद है। आज तक बिना किसी घटना के 4.2 मिलियन मानव घंटों तक काम कर चुके हैं। स्थल पर 400 से ज्यादा भारी और छोटी मशीन लगाई जा चुकी है। आज तक 32,000 क्यूबिक मीटर कंक्रीट डाली जा चुकी है। कंस्ट्रक्शन के लिए 14,000 टन स्टील का उपयोग किया जा चुका है।

चार से छह माह का होगा ट्रायल

सीईओ क्रिस्टोफ श्नेलमैन का कहना है कि जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पहले चरण का निर्माण कार्य जारी है। 1334 हेक्टेयर में बन रहे एयरपोर्ट की टर्मिनल बिल्डिंग, रनवे का कार्य सितंबर 2024 तक पूरा होना है। इस एयरपोर्ट में 4,000 मीटर लंबा और 45 मीटर चौड़ा रनवे है। एटीसी टॉवर की ऊँचाई 40 मीटर है। इससे एयर ट्रैफिक कंट्रोल रूम को एयरपोर्ट का 360 डिग्री व्यू मिलेगा, जो यहां से एयरपोर्ट के रनवे, एप्रॉन और टैक्सीवेज देख सकेंगे। निर्माण कार्य समय से पूरा कर एयरपोर्ट पर चार से छह माह ट्रायल होगा। कमर्शियल यात्री सेवा तय समय में शुरू होगी। एयर ट्रैफिक कंट्रोल टावर का निर्माण कार्य भी शुरू हो चुका है।

यात्रियों की सालाना संख्या होगी सात करोड़

यमुना इंटरनेशनल एयरपोर्ट लि. की सीओओ किरन जैन ने कहा कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पश्चिमी उत्तर प्रदेश में कनेक्टिविटी को बढ़ाएगा। एयरपोर्ट पर शुरूआत में एक करोड़ बीस लाख यात्री सालाना यात्रा करेंगे। चौथे चरण तक एयरपोर्ट पर दो रनवे होंगे और यात्रियों की सालाना संख्या सात करोड़ हो जाएगी। प्रति वर्ष पांच लाख विमानों की आवाजाही होगी। 80 एकड़ में बनने वाले मल्टी मोडल कार्गो हब के लिए एआइ सैट्स के साथ अनुबंध हो चुका है। इसका काम भी जल्द शुरू हो जाएगा। पहले चरण में कार्गो क्षमता दो लाख पचास हजार मीट्रिक टन होगी। दो चौथे चरण तक बढ़कर बीस लाख मीट्रिक टन हो जाएगी। एयरक्राफ्ट स्टैंड की संख्या भी 28 से बढ़कर 186 हो जाएगी।
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