Faridabad: हरियाणा ऑर्बिटल रेल कॉरिडोर के लिए जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज हो गई है। हरियाणा सरकार द्वारा हालही में पेश किए गए बजट में इस कॉरिडोर के लिए 400 करोड़ रुपये जारी किए हैं। जिसके बाद इस रेल कॉरिडोर के जिए जमीन अधिग्रहण ने रफ्तार पकड़ी है। इस समय फरीदाबाद और सोनीपत सहित सभी जिलों के 67 गांवों में जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। बता दें कि यह 121 किमी लंबा रेल कॉरिडोर पलवल से शुरू होगा होकर कुंडली-मानेसर-पलवल (केएमपी) एक्सप्रेसवे के साथ-साथ चलते हुए सोनीपत के हरसाना तक जाएगी। इस कॉरिडोर को बनाने पर कुल 5617 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इस प्रोजेक्ट को पांच साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। कॉरिडोर बनने के बाद हरियाणा के कई जिलों में विकास को नई गति मिलेगी।
बता दें कि हरियाणा ऑर्बिटल रेल कॉरपोरेशन (HORC) पर यात्री और माल ढुलाई के लिए ब्रॉड गेज डबल रेलवे लाइन बनाई जाएगी। यह पृथला स्टेशन पर फ्रेट कॉरिडोर को कनेक्ट करने के साथ पलवल, पाटली, सुल्तानपुर, असौधा और हरसाना कलां स्टेशनों पर भी इंडियन रेलवे को कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। इस कॉरिडोर पर 160 किमी प्रति घंटा की स्पीड से ट्रेनें चलेंगी। इस परियोजना से सालाना 6 मिलियन टन कार्गो और 40 लाख यात्रियों के सफर के लिए डिजाइन किया जा रहा है। इस परियोजना का फायदा खरखौदा, मानेसर और सोहना के औद्योगिक क्षेत्र को मिलेगा। इसका निर्माण केंद्र और हरियाणा सरकार मिलकर कर रहे हैं।
दिल्ली को बाईपास कर दौड़ेंगी ट्रेनें, बनेंगे 14 नए स्टेशन
इस रेल रूट के तैयार हो जाने के बाद राजस्थान और मध्यप्रदेश की तरफ से आकर हरियाणा और पंजाब की तरफ जाने वाले ट्रेनों को दिल्ली जाने की जरूरत नहीं होगी। सभी ट्रेनें गुरुग्राम और फरीदाबाद से सीधे सोनीपत होते हुए पंजाब की तरफ जा सकेंगी। यह रेल मार्ग राज्य के सभी प्रमुख औद्योगिक शहरों को जोड़ेगा। इस रेलवे लाइन पर 14 रेलवे स्टेशन बनाए जाएंगे। ये स्टेशन न्यू पलवल, सिलानी, सोहना, धूलावत, चंदला डूंगरवास, मानेसर, न्यू पाटली, बाढ़सा, देवरखाना, बादली, मांडौठी, जसौर खेड़ी, खरखौदा, तुर्कपुर में बनेंगे। वहीं, हरसाना कलां रेलवे स्टेशन को अब जंक्शन के रूप में विकसित किया जाएगा। बता दें कि इस रेल कॉरिडोर का शिलान्यास बीते साल 28 अक्टूबर को गृहमंत्री अमित शाह ने फरीदाबाद में किया था।
