Delhi News: देश की राजधानी में एक बार फिर गैंगवार की वारदात हुई है। दिल्ली के रोहिणी सेक्टर-17 में शनिवार की रात सरेराह हुई एक हत्या ने पुलिस के सुरक्षा दावों की पोल खोल दी है। कुख्यात गोगी और टिल्लू गैंग के बीच पुरानी दुश्मनी ने एक और जान ले ली है।
जेल से आते ही मौत ने घेरा
मृतक की पहचान साहिल सोलंकी के रूप में हुई है, जो रोहिणी सेक्टर-17 का ही रहने वाला था। जानकारी के अनुसार, साहिल अभी कुछ दिन पहले ही जेल से बाहर आया था। शनिवार की शाम जब वह किसी काम से घर के बाहर निकला, तभी बाइक सवार हमलावरों ने उसे घेर लिया और ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। हमलावरों ने साहिल के सिर, छाती और पेट में करीब 7 से 8 गोलियां दागीं, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
गोगी बनाम टिल्लू गैंग
समाचार एजेंसी ANI के अनुसार, साहिल सोलंकी का संबंध कुख्यात जितेंद्र गोगी गैंग से बताया जा रहा है। पुलिस को प्रबल संदेह है कि इस हत्या को टिल्लू ताजपुरिया गैंग के शूटरों ने अंजाम दिया है। गौरतलब है कि दिल्ली में गोगी और टिल्लू गैंग के बीच पिछले कई वर्षों से खूनी संघर्ष चल रहा है, जिसमें अब तक 50 से ज्यादा लोग अपनी जान गंवा चुके हैं। गोगी की रोहिणी कोर्ट में हत्या और फिर टिल्लू की तिहाड़ जेल में हत्या के बाद भी दोनों गैंग के बीच वर्चस्व की जंग थमने का नाम नहीं ले रही है।
वारदात के बाद दहला रोहिणी
इस हत्याकांड के बाद रोहिणी सेक्टर-17 में डर का सन्नाटा पसरा हुआ है। स्थानीय निवासी प्रीति का कहना है, "दिल्ली अब 'क्राइम कैपिटल' बनती जा रही है। सरेआम हत्या और गोलीबारी अब आम बात हो गई है।" वारदात की सूचना मिलते ही रोहिणी जिले के एडिशनल डीसीपी राजीव रंजन और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर अंबेडकर अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया है।
हाथ में मिला चाकू और पुराने केसों का रिकॉर्ड
पुलिस की शुरुआती जांच में मृतक के पास से एक चाकू भी बरामद हुआ है, जिससे अंदाजा लगाया जा रहा है कि उसे अपनी जान पर खतरे का आभास था। साहिल सोलंकी का पहले भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और वह करीब तीन मामलों में वांछित था। फिलहाल पुलिस इलाके में लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और लोकल इंटेलिजेंस की मदद से शूटरों की पहचान करने की कोशिश कर रही है
