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बारिश रुकते ही दिल्ली में हवा हुई 'जहरीली', AQI पहुंचा 420 के पार, तीन दिनों में सबसे ज्यादा बिगड़े हालात

Delhi AQI: सोमवार को दिल्ली में वायु गुणवत्ता का स्तर 'गंभीर' से 'खतरनाक' श्रेणी में बना रहा। कई इलाकों में AQI 428 के पार पहुंच गया। पर्यावरण विभाग और ट्रैफिक पुलिस ने ग्रैप नियमों के तहत चेकिंग अभियान तेज कर दिया है।

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दिल्ली में गंभीर श्रेणी में AQI

Delhi AQI: राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सोमवार को वायु प्रदूषण की स्थिति बेहद चिंताजनक हो गई है। CPCB के आंकड़ों के मुताबिक, सुबह 8 बजे शहर का कुल वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 310 रहा और शहर के कई इलाकों मे तो 428 तक यानी 'खतरनाक' और 'गंभीर' श्रेणी के बीच दर्ज किया गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के अनुसार, दिल्ली के प्रमुख क्षेत्रों में प्रदूषण का स्तर 'बहुत खराब' से 'गंभीर' श्रेणी में बना हुआ है, जो बारिश रुकने के बाद पिछले तीन दिनों में सबसे खराब है।

प्रमुख इलाकों में AQI की स्थिति

सोमवार सुबह दिल्ली के अलग-अलग क्षेत्रों में दर्ज किए गए AQI के आंकड़ों पर एक नजर डालें।

  • रोहिणी: 396 (गंभीर श्रेणी के करीब)
  • अलीपुर: 375
  • विवेक विहार: 370
  • नरेला: 363
  • चांदनी चौक: 358
  • अक्षरधाम मंदिर व आईटीओ (ITO): 349
  • जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम: 343
  • इंडिया गेट व जनपथ: 335
  • बुराड़ी: 308
  • आया नगर: 276
  • आनंद विहार: 242
  • आईजीआई एयरपोर्ट (टर्मिनल 3): 263

पर्यावरण मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा का बयान

दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मंजिंदर सिंह सिरसा ने बताया कि प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए विशेष प्रवर्तन टीमें लगातार मैदान में हैं। सोशल मीडिया मंच X पर जानकारी साझा करते हुए उन्होंने लिखा कि 1 नवंबर को प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों और निर्माण स्थलों के खिलाफ बड़ा अभियान चलाया गया, "हमारी टीमें वाहनों की एंट्री पर पाबंदियां लागू कर रही हैं, पीयूसी (PUCC) अनुपालन की जांच कर रही हैं और निर्माण स्थलों से उड़ने वाली धूल को नियंत्रित करने के लिए काम कर रही हैं। 1 नवंबर को 14,930 वाहनों की जांच की गई, 566 पीयूसीसी चालान जारी किए गए और 300 निर्माण स्थलों का निरीक्षण किया गया। साफ हवा के लिए सामूहिक प्रयास जरूरी हैं।"

GRAP नियमों को लेकर दिल्ली ट्रैफिक पुलिस की सख्त कार्रवाई

दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने ग्रैडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) की पाबंदियों का सख्ती से पालन कराने के लिए सीमाओं पर निगरानी बढ़ा दी है। दिल्ली ट्रैफिक पुलिस के अनुसार, 1 नवंबर को सुबह 00:00 बजे से रात 20:00 बजे तक 7,279 वाहनों की जांच की गई। मानकों का उल्लंघन करने वाले 714 वाहनों को दिल्ली की सीमाओं से वापस भेज दिया गया, जबकि 38 वाहनों को मौके पर ही जब्त कर लिया गया। इसके अलावा 10 वाहनों के सीधे चालान किए गए। ग्रैप नियमों के सुचारू क्रियान्वयन के लिए दिल्ली पुलिस ने पड़ोसी जिलों के पुलिस अधिकारियों के साथ समन्वय बैठक भी की। जनता को जागरूक करने के लिए प्रिंट मीडिया, सोशल मीडिया, रेडियो और दिल्ली के बॉर्डर पर बड़े-बड़े सूचना बोर्ड लगाकर अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने वाहनों का वैध पीयूसीसी रखें और धूल नियंत्रण मानकों का पालन करें।

Nishant Tiwari
निशांत तिवारीauthor

निशांत तिवारी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल की सिटी टीम में कॉपी एडिटर हैं। शहरों से जुड़ी खबरों, स्थानीय मुद्दों और नागरिक सरोकार को समझने की उनकी गहरी दृष्टि उन्हें इस बीट का एक भरोसेमंद और प्रभावी कंटेंट राइटर बनाती है। वे जटिल लोकल इश्यूज को सहज, स्पष्ट और असरदार अंदाज में पेश करने में दक्ष हैं और अबतक 2,000 से अधिक न्यूज रिपोर्ट लिख चुके हैं। उनकी लेखन शैली शहर की नब्ज पकड़ते हुए ऐसे कंटेंट पर केंद्रित रहती है, जो सीधे पाठकों के जीवन और उनकी रोजमर्रा की चिंताओं से जुड़ा होता है।

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