Chandigarh: चंडीगढ़ के लोगों को बढ़ी सौगात मिलने जा रही है। यूटी प्रशासन सेक्टर-15 स्थित द्वारिका दास लाइब्रेरी का डिजिटलाइजेशन करने जा रहा है। इसके लिए चंडीगढ़ प्रशासक बनवारी लाल पुरोहित द्वारा 26 लाख रुपये की ग्रांट जारी कर दी गई है। जल्द ही चंडीगढ़ के लोग इस लाइब्रेरी में मौजूद करीब 60 हजार पुस्तकों और लेखों के संग्रहण को एक क्लिक में पढ़ सकेंगे। इस लाइब्रेरी में मौजूद ज्यादातर किताबें विभिन्न स्वतंत्रता सेनानियों द्वारा पठित और उनके जीवन पर लिखित है। एक एक मात्र ऐसी लाइब्रेरी है जिसमें लाला लाजपत राय की लेखनी और आजादी के लिए विभिन्न समाचार पत्रों में प्रकाशित उनके लेख के साथ भगत सिंह द्वारा पढ़ी गई किताबों को भी सहेजा गया है। अधिकारियों के अनुसार, इस लाइब्रेरी के डिजिटलाइजेशन काम जल्द ही शुरू कर दिया जाएगा और इसे दो वर्ष तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
बता दें कि, द्वारिका दास लाइब्रेरी एक ऐतिहासिक लाइब्रेरी है। देश की आजादी से पहले यह लाहौर में स्थापित थी। द्वारिका दास और लाला लाजपत राय घनिष्ठ मित्र थे। लाला लाजपत राय खुद के सभी लेखों को इसी लाइब्रेरी में सहेज कर रखते थे। जहां से आम पाठक उसे पढ़ सकते थे। भारत के विभाजन और आजादी के बाद 1947 में इस लाइब्रेरी को सबसे पहले चंडीगढ़ के सेक्टर-14 स्थित पीयू कैंपस में स्थापित किया गया। इसके कुछ साल बाद इसे सेक्टर-15 में अलग से भवन निर्माण कर लाइब्रेरी स्थापित की गई। इस भवन का नाम लाला लाजपत राय रखा गया है।
