Samastipur Double Murder: बिहार के समस्तीपुर जिले से एक बड़ी और सनसनीखेज वारदात सामने आई है। यहां के चकमेहसी थाना क्षेत्र में अपराधियों ने कानून व्यवस्था को धता बताते हुए देर रात दो युवकों की गोली मारकर बेरहमी से हत्या कर दी। इस दोहरे हत्याकांड के बाद से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है और गांव में भारी दहशत का माहौल है। वारदात को अंजाम देने के बाद हथियारबंद बदमाश हथियार लहराते हुए मौके से फरार हो गए।
देर रात ताबड़तोड़ फायरिंग, दहल उठा गांव
यह खौफनाक घटना चकमेहसी थाना क्षेत्र के नामापुर दरिया गांव की है। मंगलवार की देर रात जब पूरा गांव सो रहा था, तभी अचानक गोलियों की तड़तड़ाहट से सन्नाटा पसर गया।
घटनास्थल पर ही तोड़ा दम: प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बाइक सवार हथियारबंद अपराधियों ने दो युवकों को घेरकर उन पर बेहद करीब से अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। गोलीबारी इतनी भीषण थी कि दोनों युवकों को संभलने का मौका तक नहीं मिला और घटनास्थल पर ही दोनों ने दम तोड़ दिया।
मृतकों की पहचान: मृतकों की पहचान चकमेहसी थाना क्षेत्र के ही नीमा चकहैदर गांव के निवासी संजय चौधरी के पुत्र प्रभात चौधरी और उनके दोस्त सन्नी कुमार के रूप में हुई है। घटना की जानकारी मिलते ही आधी रात को गांव में अफरा-तफरी मच गई और भारी संख्या में आक्रोशित ग्रामीण मौके पर जुट गए।
DIG और SP सहित भारी पुलिस बल मौके पर
डबल मर्डर की गंभीरता को देखते हुए पुलिस महकमे के आला अधिकारी तुरंत एक्शन में आ गए। सूचना मिलते ही डीआईजी (DIG) मनोज तिवारी, पुलिस अधीक्षक (SP) अरविंद प्रताप सिंह, सदर डीएसपी-2 संजय कुमार और चकमेहसी थानाध्यक्ष जितेंद्र कुमार सहनी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे।
वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए गए: पुलिस ने सुरक्षा के लिहाज से पूरे इलाके को कॉर्डन ऑफ (घेर लिया) कर दिया। इसके बाद फोरेंसिक (FSL) की स्पेशल टीम को मौके पर बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से खोखे और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्य (Scientific Evidence) इकट्ठा किए हैं।
पोस्टमार्टम के लिए भेजे शव: पुलिस ने दोनों शवों को अपने कब्जे में लेकर कागजी कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए समस्तीपुर सदर अस्पताल भेज दिया है।
हत्या की वजह अब तक साफ नहीं
इस निर्मम हत्याकांड के पीछे की असली वजह क्या है- क्या यह आपसी रंजिश का मामला है, पैसे का लेनदेन है या कोई अन्य विवाद- यह अभी तक पूरी तरह से स्पष्ट नहीं हो सका है। पुलिस प्रशासन मृतकों के परिजनों और स्थानीय लोगों से पूछताछ कर सुराग तलाशने की कोशिश कर रहा है।
समस्तीपुर पुलिस के अनुसार, आरोपियों की पहचान के लिए गांव और आसपास के रूट पर लगे सीसीटीवी (CCTV) फुटेज खंगाले जा रहे हैं। अपराधियों की धरपकड़ के लिए जिले की सीमाओं को सील कर लगातार संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। तनाव को देखते हुए गांव में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
