भोपाल में मेंडोरी के जंगल से गुरुवार रात को सोने और नकद से भरी लावारिस कार मिली थी। इस मामले में आयकर विभाग की जांच का रुख आरटीओ के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा की ओर मुड़ रहा है। सूत्रों के अनुसार आईटी की टीम सौरभ शर्मा के दोस्त चेतन सिंह गौर से पूछताछ कर रही है। यह लावारिस इनोवा कार चेतन सिंह गौर के नाम पर मिली है। इस कार में 52 किलो सोना और करीब 11 करोड़ नकद बरामद किया गया था। वहीं आरोपी सौरभ शर्मा को फरार बताया जा रहा है।
सौरभ और चेतन आपस में घने दोस्त
सूत्रों के अनुसार सौरभ शर्मा और चेतन सिंह गौर दोनों का ही ग्वालियर से कनेक्शन है। सौरभ विनय नगर का निवासी है और चेतन लक्कड़खाना का रहने वाला है। दोनों ही आपस में अच्छे दोस्त बताए जा रहे हैं। सूत्रों ने बताया कि चेतन सिंह गौर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है, वह तीन साल पहले ग्वालियर से भोपाल आया था। सौरभ ने अपने कारोबार को बढ़ाने में चेतन का इस्तेमाल किया था।
सौरभ ने चेतन के नाम पर ली कार
सूत्रों ने बताया कि सौरभ ने चेतन को साथ लेकर उसके नाम पर रायसेन जिले के ओबेदुल्लागंज में पेट्रोल पंप खोला। साथ ही फिशरीज का ठेका और इनोवा कार भी उसके नाम पर ली। सूत्रों की मानें तो मेंडोरी के जंगल में जो लावारिस इनोवा कार मिली, उसे सौरभ ने खरीदा है, लेकिन वह चेतन के नाम पर है। बताया जा रहा है कि चेतन सिंह गौर से बयान लेने के बाद आयकर विभाग द्वारा सौरभ शर्मा को भी बुलाया जा सकता है।
सौरभ शर्मा के घर और ऑफिस में हुई थी रेड
गौरतलब है कि भोपाल में गुरुवार की सुबह लोकायुक्त की टीम ने आरटीओ के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा के अरेरा कॉलोनी स्थित घर और ऑफिस पर छापेमारी की थी। इस दौरान टीम को 2.95 करोड़ रुपये, आधा किलो सोना और हीरे मिले थे। इसके साथ ही करीब 50 लाख के सोने के गहने और चांदी की सिल्लियों समेत प्रॉपर्टी के डॉक्यूमेंट भी मिले थे।
