उत्तर प्रदेश की आतंकवाद निरोधक दस्ता (ATS) टीम ने आजमगढ़ जिले में घंटों चले सर्च ऑपरेशन के बाद दो संदिग्ध युवकों को हिरासत में लिया है। पकड़े गए संदिग्धों पर प्रतिबंधित और देश विरोधी संगठनों के संपर्क में होने का गंभीर आरोप है। सुरक्षा एजेंसियों को इनके पास से कई ऐसे सबूत मिले हैं, जो सीधे तौर पर सीमा पार बैठे आकाओं से जुड़े होने की ओर इशारा कर रहे हैं।
घंटों चला सर्च ऑपरेशन
जानकारी के अनुसार, ATS की टीम ने शुक्रवार तड़के आजमगढ़ के दो अलग-अलग इलाकों में छापेमारी की। पहली कार्रवाई सरायमीर थाना क्षेत्र के पठान टोला में हुई, जहां से आजम सैफ़ी को हिरासत में लिया गया। वहीं, दूसरी छापेमारी खुदादादपुर इलाके में की गई, जहां से मोहम्मद अहमद को उठाया गया। पुलिस और ATS की संयुक्त टीम ने इन संदिग्धों के घरों की सघन तलाशी ली, जो घंटों तक जारी रही।
पाकिस्तानी नंबरों से चैटिंग और आपत्तिजनक साक्ष्य बरामद
ATS के सूत्रों के मुताबिक, हिरासत में लिए गए दोनों अभियुक्तों के मोबाइल फोन और अन्य डिजिटल उपकरणों से चौंकाने वाले खुलासे हुए हैं। इनके पास से पाकिस्तानी ट्विटर हैंडल और व्हाट्सएप ग्रुप्स के जरिए की गई संदिग्ध चैटिंग बरामद हुई है। जांच में पता चला है कि ये लोग देश विरोधी विचारधारा फैलाने वाले संगठनों के संपर्क में थे और संदिग्ध गतिविधियों की योजना बना रहे थे।
सुरक्षा एजेंसियों की रडार पर थे दोनों संदिग्ध
बताया जा रहा है कि ATS की सर्विलांस टीम पिछले काफी समय से इन दोनों की डिजिटल गतिविधियों पर नजर रख रखी थी। संदिग्ध पाकिस्तानी नंबरों से लगातार संपर्क और सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक सामग्री के आदान-प्रदान के पुख्ता सबूत मिलने के बाद ही इस ऑपरेशन को अंजाम दिया गया। हिरासत में लेने के बाद ATS की टीम दोनों को लेकर रवाना हो गई है, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है।
