मुंबई म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन की राजनीति में नई ताकत बनकर उभर रही AIMIM पार्टी को अपने पहले ही चरण में विवाद का सामना करना पड़ रहा है। M-ईस्ट वार्ड कमेटी की अध्यक्ष चुनी गईं खैरुन्निसा अख्तर हुसैन के कार्यालय से जारी एक तस्वीर ने राजनीतिक हलचल बढ़ा दी है। इस तस्वीर में खैरुन्निसा ने अपनी ऑफिस की दीवार पर पार्टी अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी के साथ-साथ अपने पति अकबर हुसैन की फोटो भी लगाई हुई थी।
भाजपा ने साधा निशाना
हालांकि, जैसे ही यह जानकारी सामने आई कि अकबर हुसैन एक एक्सपोर्टर हैं, भारतीय जनता पार्टी ने इस पर कड़ा एतराज जताया। BJP ने सवाल उठाया कि “एक एक्सपोर्टर की फोटो सरकारी कार्यालय में कैसे लगी हो सकती है?” और इस मुद्दे ने जल्दी ही राजनीतिक बहस का रूप ले लिया। इसके बाद, MIM की नेतृत्व टीम ने हस्तक्षेप किया और खैरुन्निसा अख्तर हुसैन को उस फोटो को अपने कार्यालय से हटाने का आदेश दिया।
पार्टी के लिए बड़ी चुनौती
इस आदेश के अनुसार, फोटो कार्यालय से हटा दी गई। जानकारी के अनुसार, इस साल के चुनावों में देवनार और गोवंडी क्षेत्रों में MIM ने जबरदस्त प्रदर्शन किया। पार्टी के आठ पार्षद जीतकर आए हैं, जिससे M-ईस्ट वार्ड कमेटी पर उनका नियंत्रण स्थापित हो गया। हालांकि, कार्यकाल की शुरुआत में ही इस ‘फोटो विवाद’ ने पार्टी के लिए अपनी छवि संभालने की बड़ी चुनौती पैदा कर दी है।
खामेनेई की मौत पर कहा था ये
हाल ही में असदुद्दीन ओवैसी तब सुर्खियों में आए थे, जब उन्होंने अयातुल्ला अली खामेनेई पर हुए हमले की कड़ी निंदा की थी। उन्होंने कहा कि ईरान के लोग इस घटना का जवाब जरूर देंगे। उनके मुताबिक, "ईरान के नेता अयातुल्ला खामेनेई पर हमला किया गया। जब जेनेवा में शांति वार्ता चल रही थी, तभी यह कायरतापूर्ण और अमानवीय हमला हुआ। यदि संघर्ष बढ़ता है, तो तेल की कीमतों में वृद्धि होगी, और यहां तक कि एक डॉलर का भी बदलाव भारत की अर्थव्यवस्था पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकता है।" वहीं, रविवार को AIMIM के प्रेसिडेंट ने ये भी ऐलान किया है कि उनकी पार्टी हुमायूं कबीर की आम जनता उन्नयन पार्टी के साथ मिलकर पश्चिम बंगाल में आने वाले विधानसभा चुनाव (West Assembly Election 2026) लड़ेगी।
