ब्रज-वृंदावन की कुंज गलियों में हमेशा भक्तों का तांता लगा रहता है। राधे-राधे के जयकारों के साथ कृष्ण प्रेमी वृंदावन के मंदिरों में दर्शनों के लिए आते हैं। बांके बिहार के भक्त हर तरह की परेशान झेलकर भी उनके दर्शनों के लिए आते हैं। लेकिन अब बांके बिहारी के भक्तों के लिए राहत की खबर ये है कि उनका सफर आसान होने वाला है। चलिए जानते हैं कैसे -
नेशनल हाईवे अथॉरिटी (NHAI) वृंदावन को एक तरफ ग्रेटर नोएडा और दूसरी तरफ आगरा से जोड़ने वाले यमुना एक्सप्रेसवे और नेशनल हाईवे को आपस में कनेक्ट करने जा रहा है। NHAI ने नेशनल हाईवे और यमुना एक्सप्रेसवे को जोड़ने वाले वृंदावन बाईपास के निर्माण की DPR को मंजूरी दे दी है। NHAI ने उत्तर प्रदेश लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव को चिट्ठी भेजकर इस संबंध में जानकारी दी है।
बता दें कि Yamuna Expressway को छटीकरा के पास नेशनल हाईवे-19 से जोड़ने के लिए बाईबास बनाने की योजना बनाई गई है। इस योजना को उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद ने तैयार किया है। इस बाईपास के बनने से नेशनल हाईवे-19 से यमुना एक्सप्रेसवे की ओर जाने वाले और यमुना एक्सप्रेसवे से नेशनल हाईवे-19 की ओर जाने वाले वाहनों को वृंदावन में प्रवेश न करना पड़े। ऐसा होने से उन लोगों और वृंदावन आने वाले श्रद्धालुओं की राह कुछ आसान हो जाएगी।
वृंदावन बाईपास पहला ऐसा बाईपास होगा, जो नेशनल हाईवे को यमुना एक्सप्रेसवे से जोड़ेगा। ग्रेटर नोएडा से आगरा के बीच पूरे यमुना एक्सप्रेसवे पर फिलाहल सा कोई बाईपास नहीं है, जो यमुना एक्सप्रेसवे को किसी नेशनल हाईवे से कनेक्ट करता हो।
1645.72 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले वृंदावन बाईपास, नेशनल हाईवे-19 के पास 129.320 किमी से शुरू होकर यमुना एक्सप्रेसवे के 101.200 किमी पर जुड़ेगा। यह बाईपास कुल 15.40 किमी लंबा होगा। उम्मीद की जा रही है कि इसके बन जाने से वृंदावन में जाम की समस्या का समाधान हो जाएगा।
