Agra News- उत्तर प्रदेश के आगरा ताजनगरी फेज-2 में स्थित सोसायटी में बुजुर्ग कारोबारी कपल के फ्लैट में पूर्व ड्राइवर और उसके साथी ने घुसने का प्रयास किया था। कारोबारी के वर्तमान ड्राइवर ने दोनों को रोक लिया। चाकू के कई बार वार करने के बाद भी उसने आरोपियों को भीतर घुसने नहीं दिया। इससे कारोबारी कपल सुरक्षित रहे। ड्राइवर का शोर सुनकर सोसायटी के गार्ड ने दोनों को पकड़ कर पुलिस को सौंप दिया। पुलिस ने कार्रवाई करके दोनों को जेल भेज दिया।
कारोबारी प्रमोद शाह ने कहा कि, वह पत्नी के साथ फेज-2 में स्थित अपार्टमेंट के फ्लैट में रहते हैं। मूलरुप से फिरोजाबाद के सिरसागंज के रहने वाले हैं। उनकी तेल और चावल की मिल थी। इस वक्त कारोबार बंद पड़ा हुआ है। रात को जन्मदिन पार्टी से लौटे थे। उसी समय संभल निवासी ड्राइवर ऋषि कुमार ने दरवाजा खोला। संभल निवासी उनका पूर्व ड्राइवर हरिओम एक साथी के साथ नजर आया। हरिओम हाथ में चाकू लिए हुए था। हाथ में दस्ताने पहने और चेहरा छिपाने का प्रयास कर रहा था। उसके साथी के हाथ में पॉलीथिन लगी हुई थी। दोनों फ्लैट में अंदर प्रवेश करने लगे। ड्राइवर ने धक्का देकर दोनों को बाहर किया।
ड्राइवर पर किया चाकू से हमला
कारोबारी ने अनहोनी भांप कर दरवाजा अंदर से बंद कर लिया। आरोपियों ने ड्राइवर ऋषि पर चाकू से कई बार हमला किए। जिससें ड्राइवर लहूलुहान हो गया। ड्राइवर ने अपनी जान की परवाह नहीं की, वह हमलावरों से भिड़ता रहा और फ्लैट के अंदर घुसने नहीं दिया। शोर सुनकर अपार्टमेंट के लोग और गार्ड आ गए। उन्होंने दोनों हमलावरों को पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया। घटना में प्रमोद शाह की तहरीर पर मुकदमा दर्ज किया गया। वहीं घटना फ्लैट पर लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है।
बहन से बात करने पर बोला हमला
ताजगंज थाना प्रभारी निरीक्षक भूपेंद्र कुमार बालियान ने कहा कि, संभल निवासी हरिओम और खेमपाल को गिरफ्तार कर लिया गया है। दोनों से पूछताछ में पता चला कि, हरिओम कारोबारी का पूर्व ड्राइवर है। ड्राइवर ने जुलाई में नौकरी छोड़ दी थी। उसके बाद कारोबारी ने नया ड्राइवर रख लिया था। कारोबारी ने उस पुराने ड्राइवर का नंबर दे दिया था। कहा कि, वह कुछ भी पूछ सकता है। नए ड्राइवर ने फोन किया। हरिओम का फोन घर पर होने से उसकी बहन ने उठा लिया। वह उससे बात करने लग गया। इस लिए हरिओम ने उसे सबक सिखाने आया था। कपल से उसका कोई भी मतलब नहीं है। वहीं दूसरे आरोपी ने कहा कि, हरिओम ने कहा था कि, ऋषि दरवाजा नहीं खोलेगा। इसलिए वो दरवाजे के सामने खड़ा रहे। इसलिए वो उसके साथ आ गया था।
