Fed chairman removal: अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फेडरल रिजर्व के चेयरमैन जेरोम पॉवेल पर ब्याज दरों में कटौती नहीं करने को लेकर हमले तेज कर दिए हैं। इस मुद्दे ने अमेरिकी केंद्रीय बैंक की स्वायत्तता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
क्या पॉवेल की कुर्सी खतरे में है?
फिलहाल अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट एक ऐसे मामले पर विचार कर रहा है, जिससे पॉवेल को हटाना ट्रंप के लिए आसान हो सकता है। ट्रंप का यह बयान कि "अगर मैं चाहूं तो पॉवेल तुरंत बाहर हो सकते हैं", इस आशंका को और बल देता है कि वे दोबारा सत्ता में आने पर पॉवेल को हटाने का प्रयास कर सकते हैं।
फेड की स्वतंत्रता पर मंडरा रहा खतरा
आर्थिक विश्लेषकों का मानना है कि यदि फेड की स्वतंत्रता को चुनौती दी जाती है तो इसका असर शेयर बाजारों और निवेशकों के विश्वास पर भी पड़ेगा। ट्रंप के बयान से बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव और मार्केट में अनिश्चितता देखने को मिल सकती है।
क्या कहता है कानून?
पॉवेल का कहना है कि फेड की स्थापना से संबंधित कानून केवल विशेष कारणों पर ही चेयरमैन को हटाने की अनुमति देता है। अधिकांश विधि विशेषज्ञों का मानना है कि राष्ट्रपति पॉवेल को फेड बोर्ड से नहीं हटा सकते, लेकिन चेयरमैन पद से हटाने की संभावना को पूरी तरह नकारा भी नहीं जा सकता।
भाषा इनपुट के साथ
