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Minimum Wage: न्यूतनम वेतन में बढ़ोतरी का क्या होगा प्रभाव, कितनी बढ़ेगी कमाई, किसे-किसे होगा फायदा, जानिए सब कुछ

Minimum Wage Hike Impact: इस बदलाव के बाद एरिया 'ए' में निर्माण, झाड़ू, सफाई, लोडिंग और अनलोडिंग में काम करने वाले अकुशल श्रमिकों के लिए न्यूनतम मजदूरी दर 783 रुपये प्रतिदिन (20,358 रुपये प्रतिमाह) हो जाएगी।

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न्यूतनम वेतन में बढ़ोतरी का क्या होगा प्रभाव

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KEY HIGHLIGHTS
  • न्यूतनम वेतन में बढ़ोतरी
  • 1 अक्टूबर से होगा लागू
  • श्रमिकों को होगा फायदा

Minimum Wage Hike Impact: भारत में 1 अक्टूबर से निर्माण, खनन और कृषि सहित अनौपचारिक क्षेत्र (Informal Sector) के श्रमिकों के लिए न्यूनतम दैनिक मजदूरी में वृद्धि होने जा रही है। सरकार इस बढ़ोतरी का ऐलान कर चुकी है। इस बढ़ोतरी का मकसद श्रमिकों को जीवन-यापन की बढ़ती लागत से निपटने में मदद करना है। अकुशल (अनस्किल्ड) श्रमिकों के लिए नया दैनिक न्यूनतम मेहनताना 783 रुपये, अर्ध-कुशल (सेमी-स्किल्ड) श्रमिकों के लिए 868 रुपये और अत्यधिक कुशल (हाइली-स्किल्ड) श्रमिकों के लिए 1,035 रुपये होगा। आगे जानिए क्या है इसका मकसद और क्या होगा इसका प्रभाव।

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औद्योगिक श्रमिकों के लिए महंगाई बढ़ी

श्रम मंत्रालय ने एक बयान में कहा है कि डेली मिनिमम वेज (न्यूनतम दैनिक मजदूरी) में बढ़ोतरी का मकसद रोजमर्रा के खर्चों की बढ़ती लागत से निपटने में श्रमिकों की मदद करना है। बता दें कि औद्योगिक श्रमिकों के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI) में 2.40 अंकों की वृद्धि हुई है, जिसका जिक्र बयान में किया गया है।

हर महीने कम से कम कितनी होगी कमाई

इस बदलाव के बाद एरिया 'ए' में निर्माण, झाड़ू, सफाई, लोडिंग और अनलोडिंग में काम करने वाले अकुशल श्रमिकों के लिए न्यूनतम मजदूरी दर 783 रुपये प्रतिदिन (20,358 रुपये प्रतिमाह) हो जाएगी। अर्द्धकुशल श्रमिकों के लिए 868 रुपये प्रतिदिन (22,568 रुपये प्रतिमाह) और कुशल, क्लरिकल और बिना शस्त्र वाले चौकीदारों के लिए 954 रुपये प्रतिदिन (24,804 रुपये प्रतिमाह) और उच्च कुशल एवं शस्त्र वाले चौकीदारों के लिए 1,035 रुपये प्रतिदिन (26,910 रुपये प्रतिमाह) होगी।

2 बार होता है वेतन में बदलाव

औद्योगिक श्रमिकों के लिए सीपीआई में छह महीने की औसत वृद्धि के आधार पर, मुद्रास्फीति के मुताबिक वेतन में साल में दो बार बदलाव किया जाता है। ये बदलाव 1 अप्रैल और 1 अक्टूबर से लागू होते हैं।

इस सप्ताह की शुरुआत में, बड़ी संख्या में श्रमिकों ने पूरे देश में विरोध प्रदर्शन किया। उनकी मांग वेतन में वृद्धि की और 4 लेबर कोड को निरस्त करना है। क्षेत्र, श्रेणी और क्षेत्र के अनुसार न्यूनतम मजदूरी दरों के बारे में विस्तृत जानकारी मुख्य श्रम आयुक्त (केन्द्रीय), भारत सरकार की वेबसाइट (clc.gov.in) पर उपलब्ध है।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

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