Safeguard Duty on Steel Imports: केंद्रीय मंत्री एच. डी. कुमारस्वामी ने गुरूवार को कहा कि सरकार स्टील आयात पर सुरक्षा शुल्क लगाने के प्रस्ताव पर गंभीरता से विचार कर रही है। उन्होंने कहा कि मंत्रालय स्टील आयात पर 25 प्रतिशत शुल्क लगाने के प्रस्ताव पर काम कर रहा है। मंत्रालय का यह प्रस्ताव वाणिज्य विभाग के साथ 2 दिसंबर को हुई बैठक में रखा गया था, जिसमें वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल भी मौजूद थे। सकारात्मक रुख की उम्मीद में स्टील सेक्टर के स्टॉक में तेजी देखने को मिल सकती है।
आयातित स्टील उत्पादों पर बढ़ते सुरक्षा शुल्क पर अंतिम निर्णय
कुमारस्वामी ने बताया कि स्टील आयात पर सुरक्षा शुल्क लगाने के मामले में अंतिम निर्णय वाणिज्य मंत्रालय की सिफारिशों के आधार पर वित्त मंत्रालय द्वारा लिया जा सकता है। घरेलू स्टील कंपनियों ने पिछले कुछ समय से चुनिंदा देशों से सस्ते आयातित स्टील पर चिंता व्यक्त की है, जिससे उनकी प्रतिस्पर्धात्मकता प्रभावित हो रही है।
एफटीए देशों से आयात पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा
इस्पात सचिव संदीप पौंड्रिक ने पिछले महीने कहा था कि 60 प्रतिशत से अधिक स्टील आयात एफटीए (मुक्त व्यापार समझौता) वाले देशों से शून्य शुल्क पर होता है, और सुरक्षा शुल्क बढ़ाने का इन निर्यातों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। उन्होंने यह भी कहा कि मंत्रालय इस समस्या को गंभीरता से देख रहा है और इससे निपटने के लिए कदम उठा रहा है।
भारत का बढ़ता स्टील आयात
शोध कंपनी बिगमिंट के अनुसार, अप्रैल से सितंबर 2024-25 तक भारत का स्टील आयात 55 लाख टन (एमएनटी) था, जबकि पिछले साल इसी अवधि में यह 36 लाख टन था। विशेष रूप से, चीन से स्टील आयात में भारी वृद्धि हुई है, जो पिछले वर्ष के 10 लाख टन से बढ़कर इस साल 18 लाख टन हो गया है।
भाषा इनपुट के साथ
