CBDT Central Action Plan: टैक्स एक्सपर्ट्स और इंडस्ट्री इनसाइडर्स के मुताबिक वित्त वर्ष 2023-24 के लिए केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (CBDT) का सेंट्रल एक्शन प्लान है, जिसके तहत होटल, बैंक्वेट, लग्जरी रिटेल और डिजाइनर ब्रांड्स जैसे सेक्टरों में 'हाई वैल्यू कंजम्पशन एक्सपेंडीचर' पर बारीक नजर रखे जाने की संभावना है। विक्रेताओं को 2 लाख रु से अधिक नकद वाली वस्तुओं या सेवाओं की बिक्री और खरीद की जानकारी फॉर्म SFT-013 में देनी जरूरी है।
बोर्ड के प्लान के अनुसार, जिसकी डिटेल कुछ टैक्स प्लेटफार्म्स पर शेयर की गई है और इंडस्ट्री में चर्चा की जा रही है, ऐसे लेनदेन का बारीकी से निरीक्षण को जरूरी माना जा रहा है, क्योंकि ऐसी लेन-देन में हेरा-फेरी देखी गई है। शादी की शॉपिंग के मामले में भी टैक्स नोटिस भेजा जा सकता है।
शादी पर कैसे आ सकता है टैक्स नोटिस
शादि के अवसर पर या बड़े सोशल इवेंट्स में हाई वैल्यू शॉपिंग होती है। ऐसे में यदि कोई बोगस यानी फर्जी पैन (PAN) देता है, तो फिर आयकर विभाग टैक्स नोटिस भेज सकता है। इतना ही नहीं ऐसे मामले में कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है।
और कब आ सकता है नोटिस
टैक्स के दायरे में आने वालों के पास तब नोटिस आएगा, यदि वे आईटीआर फाइल न करें। कम इनकम और आईटीआर फाइल करने में फर्जी डॉक्यूमेंट्स के यूज पर भी आयकर विभाग नोटिस भेज सकता है। आईटीआर भरते समय कैलकुलेशन में कोई गलती न करें वरना आपको नोटिस भेजा जा सकता है।
सरकार बढ़ा रही करदाताओं की संख्या
ईटी की रिपोर्ट के अनुसार एक इंडस्ट्री विशेषज्ञ के मुताबिक यह ध्यान में रखते हुए कि कई स्थानीय और ग्लोबल डेवलपमेंट्स के मद्देनजर आईटी और इससे जुड़े सर्विस सेक्टरों पर कोविड के बाद निगेटिव असर पड़ा है। इसी के मद्देनजर सरकार उन क्षेत्रों के टैक्सपेयर्स की संख्या बढ़ाना चाहती है, जिनमें महामारी की स्थिति के बाद जोरदार ग्रोथ और सुपर मुनाफा दर्ज किया गया।
