बिजनेस

ऋषि सुनक की पत्नी के डूब गये 500 करोड़, जानें ब्रिटेन के पीएम को कैसे लगा झटका

ब्रिटेन के पीएम ऋषि सुनक की पत्नी अक्षता मूर्ति की इंफोसिस में 0.94 फीसदी हिस्सेदारी है। इसी कारण से कल जब इंफोसिस को शेयरों में गिरावट आई, तो उनकी संपत्ति में भी करीब 500 करोड़ रु की गिरावट आई।

Image

इंफोसिस में गिरावट से अक्षता मूर्ति के डूबे 500 करोड़

KEY HIGHLIGHTS
  • इंफोसिस के शेयर में गिरावट से अक्षता मूर्ति के डूबे 500 करोड़
  • कल इंफोसिस का शेयर टूटा था 9.4 फीसदी
  • अक्षता मूर्ति की इंफोसिस में है 0.94 फीसदी हिस्सेदारी

Akshata Murty Loses 61 Million Dollar : सोमवार को इंफोसिस को शेयरों में आई गिरावट से ब्रिटेन के प्रधानमंत्री ऋषि सुनक की पत्नी अक्षता मूर्ति को करीब 500 करोड़ का नुकसान हुआ। इंफोसिस का शेयर बाजार अनुमानों से कमजोर तिमाही (जनवरी-मार्च तिमाही) नतीजों के कारण सोमवार को 9.4 फीसदी की कमजोरी के साथ बंद हुआ था। ऋषि सुनक के ब्रिटेन का पीएम बनने के बाद आई यह इंफोसिस के शेयर में सबसे बड़ी गिरावट है।

इंफोसिस में अक्षता की हिस्सेदारी

अक्षता मूर्ति की इंफोसिस में 0.94 फीसदी हिस्सेदारी है। इसी कारण इंफोसिस के शेयर में गिरावट का असर अक्षता होल्डिंग वैल्यू पर भी पड़ा। कंपनी के गाइडेंस से सोमवार को इसका शेयर तो गिरा ही, साथ ही भारत के टेक्नोलॉजी सेक्टर के लिए एक निगेटिव आउटलुक सामने आया। असल में इंफोसिस के शेयर में आई 9.4 फीसदी की गिरावट 2020 के बाद सबसे बड़ी गिरावट रही।

डिविडेंड से होगी कमाई

इंफोसिस ने वित्त वर्ष 2023 के लिए शेयरहोल्डर्स को प्रति शेयर 17.50 रुपये का फाइनल डिविडेंड देने का ऐलान किया था, जिससे अक्षता को 68 करोड़ रुपये से अधिक का डिविडेंड मिलेगा। बता दें कि इंफोसिस के दिसंबर 2022 की शेयरहोल्डिंग पैटर्न के मुताबिक अक्षता के पास इंफोसिस के 3,89,57,096 इक्विटी शेयर थे। इस तरह 17.50 रुपये के हिसाब से उन्हें 68.17 करोड़ रुपये का डिविडेंड मिलेगा।

कितनी है अक्षता की संपत्ति

ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के अनुसार अक्षता की संपत्ति को हुआ ये नुकसान सुनक परिवार की कुल संपत्ति का एक हिस्सा है, पर अक्षता की हिस्सेदारी अभी भी 457 करोड़ रु से अधिक की है। यह प्रधानमंत्री और आम ब्रिटिश नागरिकों के बीच तनाव की भी एक वजह मानी जाती है, जिनके सामने इस समय जीवन यापन का संकट है।

अक्षता की संपत्ति सुनक के लिए मुसीबत

मूर्ति की दौलत उनके पति के राजनीतिक करियर में एक मुसीबत का भी सबब रही है। पिछले साल, यह मामले सामने आया था कि उनके पास नॉन-डोमिसाइल स्टेटस है और वे विदेशी कमाई पर यूके टैक्स अदा नहीं कर रही हैं। हालांकि उन्होंने कहा था कि उनका अरेंजमेंट "पूरी तरह से कानूनी" है। पर उन्होंने कमाई पर ब्रिटिश टैक्स भुगतान शुरू करने का भी ऑप्शन चुना।

Kashid Hussain
काशिद हुसैन author

<p>काशिद हुसैन अप्रैल 2023 से Timesnowhindi.Com (टाइम्स नाउ नवभारत) के साथ काम कर रहे हैं। यहां पर वे सीनियर कॉरेस्पोंडेंट हैं। टाइम्स नाउ नवभारत की बिजनेस टीम में वह शेयर मार्केट, म्यूचुअल फंड और आर्थिक जगत से जुड़ी सभी तरह की स्टोरी और वेब स्टोरी करते हैं। रिसर्च आधारित स्टोरी के लिए नए एंगल तलाश करना और रीडर्स की रुचि के अनुसार कॉपी लिखने पर फोकस रहता है। शेयर बाजार में खास रुचि है और इससे जुड़ी रियल टाइम खबरें कम समय में लगाने में विशेषज्ञता है। मीडिया में काम करने का 8 वर्षों का अनुभव है, जिसमें गुडरिटर्न्स और शेयर मंथन वेबसाइटों के अलावा निवेश मंथन पत्रिका में भी काम किया है। दिल्ली यूनिवर्सिटी से हिंदी पत्रकारिता में ग्रेजुएशन के बाद आईआईएमसी, नई दिल्ली से रेडियो एंव टेलीविजन में पोस्ट ग्रेजुएशन की है। ग्रेजुएशन के दौरान सहारा समय और सिटी न्यूज में इंटर्नशिप के साथ-साथ अखबार और वेबसाइट के लिए लिखना शुरू कर दिया था। काशिद को किताबें पढ़ना, फिल्में देखना और क्रिकेट में रुचि है। बिजनेस के अलावा खेल जगत और इंटरनेशनल खबरों में भी रुचि है।<br></p>

और पढ़ें
End of Article