FCNR Deposit Interest Rate : देश के प्रमुख बैंकों ने प्रवासी भारतीयों (NRI) को आकर्षित करने के लिए विदेशी मुद्रा गैर-निवासी बैंक (एफसीएनआर-बी) जमा योजनाओं पर ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है। सार्वजनिक क्षेत्र के पंजाब नेशनल बैंक (PNB) और उज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक ने अपनी एफसीएनआर (बी) जमा दरों को बढ़ाने की घोषणा की है। इस फैसले से विदेशों में रहने वाले भारतीयों को अपनी बचत पर पहले से अधिक रिटर्न मिलेगा।
पीएनबी ने शुरू की विशेष एफसीएनआर योजना
न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक पंजाब नेशनल बैंक ने अमेरिकी डॉलर में की जाने वाली एफसीएनआर (बी) जमा पर ब्याज दरों में वृद्धि की है। बैंक के अनुसार यह कदम एनआरआई ग्राहकों को विदेशी मुद्रा में अपनी आय बढ़ाने का अवसर देने के साथ-साथ विनिमय दरों में होने वाले उतार-चढ़ाव के जोखिम से सुरक्षा प्रदान करेगा। पीएनबी ने अपनी विशेष एफसीएनआर (बी) जमा योजना के तहत अलग-अलग अवधि के लिए नई ब्याज दरें तय की हैं। बैंक तीन से चार वर्ष की अवधि वाली जमा पर 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज देगा। वहीं चार से पांच वर्ष की अवधि की जमा पर ग्राहकों को 6.05 प्रतिशत ब्याज मिलेगा। यदि कोई ग्राहक पांच वर्ष की सावधि जमा करवाता है तो उसे 6.10 प्रतिशत की दर से ब्याज मिलेगा।
एनआरआई निवेशकों को होगा लाभ
एक्सपर्ट्स का मानना है कि बढ़ी हुई ब्याज दरें विदेशों में रहने वाले भारतीयों को अपनी बचत भारत के बैंकों में जमा करने के लिए प्रोत्साहित करेंगी। एफसीएनआर (बी) खाते की खासियत यह है कि इसमें जमा राशि विदेशी मुद्रा में रखी जाती है, जिससे ग्राहकों को रुपये और विदेशी मुद्रा के बीच विनिमय दर में होने वाले बदलाव का सीधा जोखिम नहीं उठाना पड़ता। ऐसे में यह निवेश का एक सुरक्षित और आकर्षक विकल्प माना जाता है।
उज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक ने भी बढ़ाईं दरें
पीएनबी के अलावा उज्जीवन स्मॉल फाइनेंस बैंक ने भी अपनी एफसीएनआर (बी) जमा योजनाओं पर ब्याज दरों में बढ़ोतरी की है। बैंक ने तीन से पांच वर्ष की अवधि की जमा पर अधिकतम 7.13 प्रतिशत तक ब्याज देने की घोषणा की है। यह दर कई अन्य बैंकों की तुलना में अधिक मानी जा रही है और एनआरआई ग्राहकों के लिए बेहतर रिटर्न का अवसर प्रदान करती है।
विदेशी मुद्रा बचत को बढ़ावा देने की कोशिश
बैंकों का मानना है कि वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और ब्याज दरों में बदलाव के बीच एफसीएनआर जमा योजनाएं विदेशी मुद्रा संसाधनों को मजबूत बनाने में मदद करती हैं। यही वजह है कि बैंक आकर्षक ब्याज दरों के जरिए अधिक से अधिक एनआरआई ग्राहकों को जोड़ने का प्रयास कर रहे हैं। बढ़ी हुई ब्याज दरों के साथ अब एनआरआई ग्राहकों के पास अपनी विदेशी आय को सुरक्षित रखने और बेहतर रिटर्न कमाने का एक अच्छा अवसर है। पीएनबी और उज्जीवन बैंक के इस कदम से आने वाले समय में एफसीएनआर जमा योजनाओं में निवेश बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
