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Paytm Update: पेटीएम का नया फैसला, सेबी के पूर्व चेयरमैन एम दामोदरन की अध्यक्षता में ग्रुप एडवाइजरी कमिटी बनाई

  • Authored by: आशीष कुशवाहा
  • Updated Feb 10, 2024, 08:56 AM IST

Paytm Update:ये कमिटी कंपनी के बोर्ड के साथ मिलकर नियमों के सही तरीके से पालन करने के साथ रेग्यूलेटरी इश्यू को ठीक करने का काम करेगी। वन97 कम्यूनिकेशंस लिमिटेड के बोर्ड ने सेबी के पूर्व चेयरमैन एम दामोदरन की अध्यक्षता में ग्रुप एडवाइजरी कमिटी बनाएगी।

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Paytm Update: पेटीएम का नया फैसला, सेबी के पूर्व चेयरमैन एम दामोदरन की अध्यक्षता में ग्रुप एडवाइजरी कमिटी बनाई

Paytm Update: पेटीएम पेमेंट बैंक के खिलाफ आरबीआई (RBI) की बड़ी कार्रवाई हुई जिसके बाद पैरेंट कंपनी वन97 कम्यूनिकेशंस लिमिटेड से सेबी के पूर्व चेयरमैन एम दामोदरन की अध्यक्षता में ग्रुप एडवाइजरी कमिटी के गठन करने का फैसला किया है। ये कमिटी कंपनी के बोर्ड के साथ मिलकर नियमों के सही तरीके से पालन करने के साथ रेग्यूलेटरी इश्यू को ठीक करने का काम करेगी। रेग्यूलेटरी फाइलिंग में पेटीएम ने बताया कि वन97 कम्यूनिकेशंस लिमिटेड के बोर्ड ने सेबी के पूर्व चेयरमैन एम दामोदरन की अध्यक्षता में ग्रुप एडवाइजरी कमिटी बनाएगी। इस कमिटी में आईसीएआई (ICAI) के पूर्व प्रेसीडेंट एम एम चिताले (M.M.Chitale) होंगे। इनके अलावा इस कमिटी में आंध्रा बैंक के पूर्व चेयरमैन और एमडी आर रामचंद्रण भी होंगे। साथ ही जरुरत के हिसाब से कुछ और सदस्यों को भी जोड़ा जा सकता है।

पेटीएम पेमेंट्स बैंक पर लिया गया एक्शन

31 जनवरी 2024 को आरबीआई ने पेटीएम पेमेंट्स बैंक पर बड़ी कार्रवाई करते हुए नए ग्राहकों के जोड़ने पर रोक लगा दी थी। पेटीएम पर आरोप था कि कंपनी बैंकिंग रेग्यूलेशन को लेकर अनियमितताएं बरत रही थी। साथ ही बार बार कहे जाने के बावजूद कम्पलायंस यानि अनुपालन का अभाव था। 29 फरवरी, 2024 के बाद कोई भी कस्टमर पेटीएम वॉलेट में ना तो पैसा डिपॉजिट कर सकेगा और ना क्रेडिट ट्रांजैक्शन कर सकेगा और ना पेटीएम वॉलेट में टॉप अप कर सकेगा। कस्टमर्स के वॉलेट में जो बैलेंस रकम बचा है उसे वो खत्म होने तक इस्तेमाल कर सकता है।

पेटीएम पेमेंट बैंक के खिलाफ ये सुपवाइजरी एक्शन-शक्तिकांत दास

इससे पहले 8 फरवरी 2024 को आरबीआई गवर्नर शक्तिकांत दास ने पेटीएम पेमेंट बैंक के खिलाफ की गई कार्रवाई पर कहा कि पेटीएम पेमेंट बैंक के खिलाफ ये सुपवाइजरी एक्शन है। क्योंकि कंपनी रेग्यूलेटरी नियमों का अनुपालन नहीं कर रही थी। उन्होंने कहा कि आरबीआई हर रेग्यूलेटेड एनटिटी को अनुपालन पूरा करने के लिए पर्याप्त समय देती है। कई बार ज्यादा भी समय दिया जाता है।

उन्होंने कहा कि हम जिम्मेदार रेग्यूलेटर हैं अगर नियमों का अनुपालन हो रहा होता तो हम ऐसी कार्रवाई क्यों करते? हालांकि अगले एक हफ्ते में इस पूरे मामले में कस्टमर्स में फैले भ्रम की स्थिति को खत्म करने के लिए आरबीआई एफएक्यू (FAQ) जारी करेगा।

आशीष कुशवाहा
आशीष कुशवाहाauthor

<p>आशीष कुमार कुशवाहा Timesnowhindi.com में बतौर सीनियर कॉपी एडिटर काम कर रहे हैं। वह 2023 से Timesnowhindi.com के साथ जुड़े हैं। वह यहां शेयर बाजार, स्टॉक्स, IPO, पर्सनल फाइनेंस, बिजनेस न्यूज, कंपनी डेवलपमेंट, सक्सेस स्टोरी, यूटिलिटी, ऑटोमोबाइल, टेक्नोलॉजी और गैजेट से जुड़ी स्टोरी पर काम करते हैं। उनके पास पिछले 3 साल के भारतीय बजट को भी कवर करने का एक्सपीरियंस है। उनके पास ऑटो एक्सपो 2023 को कवर करने का अनुभव है। इसके अलावा ग्राउंड की स्टोरी और रिसर्च बेस्ड स्टोरी करने में विशेष रुचि रखते हैं। उनके पास डिजिटल मीडिया में कुल 3 साल से ज्यादा का एक्सपीरियंस है। इससे पहले इन्होंने वन इंडिया, दैनिक भास्कर डिजिटल में काम किया है। इन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से मीडिया में पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई की है। वहीं ग्रेजुएशन की पढ़ाई रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय जबलपुर से मास कम्यूनिकेशन में की है। उन्हें शुरू से ही डिबेट करने, सामाजिक मुद्दों पर बात करने और शेयर बाजार में रुचि थी। उन्हें बचपन से ही अखबार के संपादकीय पेज और न्यूज पढ़ने का सौख था। स्कूल के समय उन्होंने कई क्विज कंपटीशन में भी हिस्सा लिया और प्राइज जीते हैं।</p>

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