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NSE पर बढ़ रही इन्वेस्टर्स की संख्या, अब बन गया ये नया रिकॉर्ड

नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) ने बुधवार को ऐलान किया कि एक्सचेंज पर यूनिक इन्वेस्टर्स (यूनिक पैन) की संख्या पहली बार 11 करोड़ को पार कर गई है। एनएसई ने नोट में कहा कि यूनिक इन्वेस्टर्स की संख्या में पिछले कुछ समय में काफी बढ़ोतरी हुई है। 6 से 7 महीने में अतिरिक्त 1 करोड़ निवेशक जुड़े हैं। वहीं, आखिरी एक करोड़ इन्वेस्टर्स पिछले पांच महीने में आए हैं, जो बाजार में बढ़ती इन्वेस्टर्स की भागीदारी को दिखाता है।

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NSE पर बढ़ रही इन्वेस्टर्स की संख्या

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Stock Market News: नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) ने बुधवार को ऐलान किया कि एक्सचेंज पर यूनिक इन्वेस्टर्स (यूनिक पैन) की संख्या पहली बार 11 करोड़ को पार कर गई है। इसके साथ ही कुल क्लाइंट अकाउंट की संख्या 21 करोड़ से अधिक हो गई है। भारत में शेयर बाजार का चलन बढ़ने के कारण बीते कुछ वर्षों में एनएसई पर निवेशकों की संख्या में बड़ा उछाल देखने को मिला है और यह पांच साल में 3.6 गुना हो गई है। 1994 में एनएसई के ऑपरेशन शुरू होने के बाद एक करोड़ यूनिक इन्वेस्टर होने में करीब 14 वर्ष का समय लगा था, लेकिन इसके बाद अगले एक करोड़ नए इन्वेस्टर्स आने में सात वर्ष और अगले एक करोड़ इन्वेस्टर्स और जुड़ने में 3.5 वर्ष और फिर अगले करोड़ इन्वेस्टर्स जुड़ने में एक वर्ष से अधिक का समय लगा था।

6 महीने में 1 करोड़ इन्वेस्टर्स

एनएसई ने नोट में कहा कि यूनिक इन्वेस्टर्स की संख्या में पिछले कुछ समय में काफी बढ़ोतरी हुई है। 6 से 7 महीने में अतिरिक्त 1 करोड़ निवेशक जुड़े हैं। वहीं, आखिरी एक करोड़ इन्वेस्टर्स पिछले पांच महीने में आए हैं, जो बाजार में बढ़ती इन्वेस्टर्स की भागीदारी को दिखाता है। एक्सचेंज के मुताबिक, बीते पांच महीनों से प्रतिदिन करीब 47,000 से लेकर 73,000 के बीच में यूनिक इन्वेस्टर्स के पंजीकरण हो रहे हैं। इसका कारण वित्तीय सेवाओं का अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना, डिजिटलाइजेशन बढ़ना और शेयर बाजार का मजबूत प्रदर्शन है।

बढ़ गया बाजार पूंजीकरण

2024 में निफ्टी 50 इंडेक्स ने 8.8 प्रतिशत का रिटर्न दिया, जबकि निफ्टी 500 इंडेक्स में 15.2 प्रतिशत की बढ़ हुई थी। भारतीय बाजारों में इन्वेस्टर्स को पिछले नौ लगातार वर्षों से सकारात्मक रिटर्न मिला है। दिसंबर 2024 को समाप्त होने वाली पांच साल की अवधि में निफ्टी 50 और निफ्टी 500 ने क्रमशः 14.2 प्रतिशत और 17.8 प्रतिशत का वार्षिक रिटर्न दिया है, जिससे निवेशकों का विश्वास और बढ़ा है। एनएसई-सूचीबद्ध कंपनियों का बाजार पूंजीकरण 1 मई, 2014 को 73.5 लाख करोड़ रुपये से लगभग 6 गुना बढ़कर अब 425 लाख करोड़ रुपये हो गया है।

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पवन कुमार मिश्रा Timesnowhindi.com के साथ फरवरी 2024 से बतौर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में जुड़े हैं। जन्म दिल्ली में हुआ और शिक्षा भी यहीं से पूरी की है। कारों से खास प्रेम है और ऑटोमोबाइल जगत से संबंधित हर छोटी-बड़ी अपडेट पर अपनी नजर रखते हैं और लोगों को गाड़ियों से संबंधित आवश्यक जानकारी प्रदान करते हैं। इसके साथ ही लोगों की आम समस्याओं और समस्याओं के समाधान के बारे में यूटिलिटी सेक्शन में भी लिखते हैं। संगीत में काफी रूचि है और व्यस्त न होने पर गाने गुनगुनाते या सुनते हुए नजर आते हैं। घूमने का भी काफी शौक है और प्रकृति से काफी लगाव भी। रामजस कॉलेज से हिंदी साहित्य में स्नातक की डिग्री प्राप्त की है और इससे पहले बिजनेसवर्ल्ड हिंदी में बतौर सब-एडिटर भी काम कर चुके हैं। पिछले 3.5 सालों से मीडिया इंडस्ट्री में मौजूद हैं।

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