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India Cement:अधिग्रहण के बाद भी लिस्टेड कंपनी बनी रहेगी इंडिया सीमेंट, कर्मचारियों के फ्यूचर पर श्रीनिवासान ने कही ये बात

India Cement Ultra Tech Deal: इंडिया सीमेंट के वाइस चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक एन श्रीनिवासन ने अपने कर्मचारियों को आश्वस्त किया है कि कंपनी का स्वामित्व अल्ट्राटेक के पास जाने के बावजूद किसी को भी असुरक्षित महसूस करने की जरूरत नहीं है।

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इंडिया सीमेंट-अल्ट्राटेक सीमेंट

India Cement Ultra Tech Deal:आदित्य बिड़ला ग्रुप के मालिकाना हक में जाने के बाद इंडिया सीमेंट लिमिटेड (India Cement) एक लिस्टेड कंपनी बनी रहेगी। कंपनी का अधिग्रहण करने वाली अल्ट्राटेक की सीमेंट कंपनी को शेयर बाजार से हटाने की कोई योजना नहीं है। आदित्य बिड़ला समूह की कंपनी अल्ट्राटेक ने शेयर बाजार को यह जानकारी दी गै। इसके अलावा इंडिया सीमेंट के प्रमोटर एन श्रीनिवासन और उनके परिवार के नियंत्रण वाली इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) क्रिकेट टीम चेन्नई सुपर किंग्स (सीएसके) का स्वामित्व उनके पास बना रहेगा।

चेन्नई सुपर किंग्स (CSK) पर कैसे असर

अल्ट्राटेक के लिए खुली पेशकश का प्रबंधन कर रही एक्सिस कैपिटल ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि प्रमुख सीमेंट कंपनी आईसीएल के 8.05 करोड़ शेयरों का अधिग्रहण करेगी। यह चेन्नई की इंडिया सीमेंट्स में 26 प्रतिशत प्रतिशत हिस्सेदारी के बराबर है।इसमें कहा गया है, अल्ट्राटेक का इस खुली पेशकश के तहत आईसीएल की लिस्टिं समाप्त करने की कोई योजना नहीं है।

खुली पेशकश 390 रुपये प्रति शेयर के भाव पर की गयी है। इस हिसाब से यह पेशकश 3,142.35 करोड़ रुपये की डील बैठती है। पेशकश कीमतशेयर भाव से 3.53 प्रतिशत अधिक है। आईसीएल का शेयर बीएसई में 376.70 रुपये पर कारोबार कर रहा है, जो पिछले बंद भाव से 0.56 प्रतिशत अधिक है।आदित्य बिड़ला समूह की प्रमुख कंपनी अल्ट्राटेक सीमेंट ने रविवार को इंडिया सीमेंट्स के प्रवर्तकों और उनके सहयोगियों से 3,954 करोड़ रुपये में 32.72 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल करने की घोषणा की।कंपनी में 32.7 प्रतिशत हिस्सेदारी के प्रस्तावित अधिग्रहण के साथ अल्ट्राटेक की इसमें 55.49 प्रतिशत हिस्सेदारी हो जाएगी।

कर्मचारियों को संदेश

इस बीच इंडिया सीमेंट के वाइस चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक एन श्रीनिवासन ने अपने कर्मचारियों को आश्वस्त किया है कि कंपनी का स्वामित्व अल्ट्राटेक के पास जाने के बावजूद किसी को भी असुरक्षित महसूस करने की जरूरत नहीं है।इंडिया सीमेंट के स्वामित्व में बदलाव की इस घोषणा से कंपनी के कर्मचारी अपने भविष्य को लेकर थोड़े आशंकित नजर आए। इन आशंकाओं को कंपनी के मुखिया श्रीनिवासन ने सोमवार को दूर करने की कोशिश की।

उन्होंने करीब 300 कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि इंडिया सीमेंट में किसी भी व्यक्ति को असुरक्षित या भयभीत महसूस करने की जरूरत नहीं है। इसका भविष्य उतना ही मजबूत है जितना मेरे पास इसकी कमान रहते समय था। आप पूरे जोश से काम करें और सब कुछ पहले की तरह होगा। भविष्य अच्छा है।इसके साथ ही श्रीनिवासन ने कहा कि स्वामित्व अल्ट्राटेक के पास जाने का मतलब कर्मचारियों के करियर में कोई बदलाव नहीं आया है।

Prashant Srivastav
प्रशांत श्रीवास्तवauthor

करीब 17 साल से पत्रकारिता जगत से जुड़ा हुआ हूं। और इस दौरान मीडिया की सभी विधाओं यानी टेलीविजन, प्रिंट, मैगजीन, डिजिटल और बिजनेस पत्रकारिता में काम करने का मौका मिला। इस समय Timesnowhindi.com में टीम लीड के रुप में बिजनेस, ऑटो, यूटीलिटी, टेक सेक्शन में अपना योगदान दे रहा हूं। करियर का पहला ब्रेक हैदराबाद स्थित मीडिया संस्थान ईटीवी से टेलीविजन के जरिए हुआ। यहां पर टेलीविजन पत्रकारिता की बारीकियों को समझने का मौका मिला। और उसके बाद अगला पड़ाव दिल्ली स्थित दैनिक भास्कर समूह का बिजनेस भास्कर रहा। यहां से बिजनेस पत्रकारिता में कदम रखा। और यह सफर वित्त मंत्रालय की रिपोर्टिंग से लेकर बैंकिंग, इंश्योरेंस, ऑटो, एफएमसीजी, एमएमएमई, टेलीकॉम सेक्टर की ग्राउंड रिपोर्ट से लेकर कॉरपोरेट जगत की खबरें और इकोनॉमी से जुड़ी खबरों से गुजरते हुए अमर उजाला, मनी भास्कर वेबसाइट से होकर आउटलुक मैगजीन पहुंचा। यहां पर पॉलिटिकल खबरों को करने का मौका मिला। आउटलुक में रहते हुए भाजपा और कांग्रेस पार्टी को भी कवर किया। इस दौरान दिल्ली दंगों पर ग्राउंड रिपोर्ट से लेकर सीएए आंदोलन, किसान आंदोलन और कृषि जगत, वाइल्ड लाइफ से जुड़ी ग्राउंड रिपोर्ट भी करने का मौका मिला। करियर के इस सफर में 2014 लोक सभा चुनाव, 2019 लोक सभा चुनाव, इसके अलावा उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव, राजस्थान विधान सभा, मध्य प्रदेश विधान सभा चुनाव की ग्राउंड रिपोर्ट भी की। पिछले 16 साल से केंद्रीय बजट की बारीकियों को समझकर उसे आम भाषा में लोगों तक पहुंचाने का भी प्रयास किया है। 17 साल के करियर में करीब 10 साल डिजिटल मीडिया का अनुभव रहा है। पिछले 3 साल से टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। पत्रकारिता का ककहरा माखन लाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से सीखा है।

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