बिजनेस

मम्मी-पापा बचाएंगे टैक्स, हेल्थ इंश्योरेंस में मिल सकती है 50,000 रुपये तक छूट

  • Authored by: प्रशांत श्रीवास्तव
  • Updated Mar 15, 2023, 06:26 PM IST

Income Tax Saving Options in Health Insurance: पुराना टैक्स रिजीम में मेडिकल इंश्योरेंस टैक्स बचाने का एक अच्छा जरिया बन सकता है। इसके तहत 25 हजार से लेकर 50 हजार रुपये तक की टैक्स छूट ली जा सकती है।

Image

हेल्थ इंश्योरेंस पर ऐसे मिलेगी इनकम टैक्स छूट

Income Tax Saving Options in Health Insurance: अप्रैल से नए वित्त वर्ष की शुरूआत हो रही है। और उस दौरान आपको नए टैक्स रिजीम और पुराने टैक्स रिजीम चुनने का विकल्प मिलेगा। ऐसे में अगर आप पुराने टैक्स रिजीम का विकल्प चुनते हैं तो मेडिकल इंश्योरेंस टैक्स बचाने का एक अच्छा जरिया बन सकता है। इसके तहत आप 25 हजार से लेकर 50 हजार रुपये तक की टैक्स छूट ले सकते हैं। इनकम टैक्स सेक्शन 80 D के तहत किसी व्यक्ति को अपने, पत्नी, बच्चों और माता-पिता के हेल्थ इंश्योरेंस के प्रीमियम पर होने वाले खर्च पर टैक्स छूट की सुविधा मिलती है।

क्या है नियम

इनकम टैक्स के सेक्शन 80डी के तहत हेल्थ इंश्योरेंस प्रीमियम के पेमेंट पर टैक्स छूट का दावा किया जा सकता है। इसके तहत आयकर दाता की उम्र 60 से कम है तो वह 25,000 रुपये तक के हेल्थ इंश्योरेंस के प्रीमियम पर टैक्स छूट का दावा कर सकता है। इस प्रीमियम में आयकरदाता का खुद का, पत्नी और बच्चों का प्रीमियम कवर हो जाता है।

वही यदि आयकरदाता अपने माता-पिता के स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम का भी भुगतान कर रहा है, और उनकी उम्र 60 वर्ष से कम है, तो वह माता-पिता के हेल्थ इंश्योरेंस प्रीमियम भुगतान के लिए 25,000 रुपये का अतिरिक्त टैक्स छूट का दावा भी कर सकता है। इस तरह वह कुल 50 हजार रुपये तक टैक्स छूट का फायदा ले सकता है।

माता-पिता और आयकर दाता की उम्र 60 साल से ज्यादा
नियमप्रीमियम पर इनकम टैक्स छूट (रुपये)
60 साल से कम25,000
माता-पिता और आयकर दाता की उम्र 60 साल से कम50,000
आयकर दाता की उम्र 60 साल से कम, माता-पिता की 60 साल से ज्यादा75,000

1,00,00060 साल से ज्यादा उम्र पर 50 हजार अतिरिक्त फायदा

इसी तरह अगर माता-पिता वरिष्ठ नागरिक हैं तो प्रीमियम पर 50,000 की अतिरिक्त छूट लेने का प्रावधान है। अगर आयकरदाता और उसके माता-पिता वरिष्ठ नागरिक हैं, तो टैक्स छूट की कुल सीमा एक लाख रुपये तक हो जाती है। लेकिन इसके लिए प्रीमियम का भुगतान किसी एक व्यक्ति को ही करना होता है। तभी क्लेम लिया जा सकता है।

वहीं अगर माता-पिता वरिष्ठ नागरिक हैं और आयकरदाता की उम्र 60 साल से कम है तो 75 हजार रुपये तक के प्रीमियम पर टैक्स छूट ली जा सकती है।

हालांकि मेडिकल इंश्योरेंस में टैक्स छूट का फायदा पुरानी टैक्स व्यवस्था में ही मिलता है। नई टैक्स व्यवस्था में सरकार ने 80 C, 80 D सहित दूसरी टैक्स छूट की सुविधा खत्म कर कर दी है।

प्रशांत श्रीवास्तव
प्रशांत श्रीवास्तवauthor

करीब 17 साल से पत्रकारिता जगत से जुड़ा हुआ हूं। और इस दौरान मीडिया की सभी विधाओं यानी टेलीविजन, प्रिंट, मैगजीन, डिजिटल और बिजनेस पत्रकारिता में काम करने का मौका मिला। इस समय Timesnowhindi.com में टीम लीड के रुप में बिजनेस, ऑटो, यूटीलिटी, टेक सेक्शन में अपना योगदान दे रहा हूं। करियर का पहला ब्रेक हैदराबाद स्थित मीडिया संस्थान ईटीवी से टेलीविजन के जरिए हुआ। यहां पर टेलीविजन पत्रकारिता की बारीकियों को समझने का मौका मिला। और उसके बाद अगला पड़ाव दिल्ली स्थित दैनिक भास्कर समूह का बिजनेस भास्कर रहा। यहां से बिजनेस पत्रकारिता में कदम रखा। और यह सफर वित्त मंत्रालय की रिपोर्टिंग से लेकर बैंकिंग, इंश्योरेंस, ऑटो, एफएमसीजी, एमएमएमई, टेलीकॉम सेक्टर की ग्राउंड रिपोर्ट से लेकर कॉरपोरेट जगत की खबरें और इकोनॉमी से जुड़ी खबरों से गुजरते हुए अमर उजाला, मनी भास्कर वेबसाइट से होकर आउटलुक मैगजीन पहुंचा। यहां पर पॉलिटिकल खबरों को करने का मौका मिला। आउटलुक में रहते हुए भाजपा और कांग्रेस पार्टी को भी कवर किया। इस दौरान दिल्ली दंगों पर ग्राउंड रिपोर्ट से लेकर सीएए आंदोलन, किसान आंदोलन और कृषि जगत, वाइल्ड लाइफ से जुड़ी ग्राउंड रिपोर्ट भी करने का मौका मिला। करियर के इस सफर में 2014 लोक सभा चुनाव, 2019 लोक सभा चुनाव, इसके अलावा उत्तर प्रदेश विधान सभा चुनाव, राजस्थान विधान सभा, मध्य प्रदेश विधान सभा चुनाव की ग्राउंड रिपोर्ट भी की। पिछले 16 साल से केंद्रीय बजट की बारीकियों को समझकर उसे आम भाषा में लोगों तक पहुंचाने का भी प्रयास किया है। 17 साल के करियर में करीब 10 साल डिजिटल मीडिया का अनुभव रहा है। पिछले 3 साल से टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहा हूं। पत्रकारिता का ककहरा माखन लाल चतुर्वेदी पत्रकारिता विश्वविद्यालय भोपाल से सीखा है।

और पढ़ें
End of Article