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एक EMI मिस होने पर कितना गिर सकता है आपका सिबिल स्कोर?

आज के समय में चाहे होम लोन, कार लोन, पर्सनल लोन हो या क्रेडिट कार्ड, ज्यादातर लोग अपनी जरूरतें पूरी करने के लिए EMI के सहारे चलते हैं। हर महीने एक तय तारीख पर किस्त अपने आप बैंक अकाउंट से कट जाती है। लेकिन अगर किसी महीने अचानक पैसों की कमी हो जाए और आप समय पर EMI का भुगतान न कर पाएं या देना भूल जाएं, तो क्या होगा?

EMI

अगर आपने कभी पर्सनल लोन लिया है और गलती से एक भी EMI (किस्त) मिस कर दी है, तो इसे हल्के में न लें। बैंक और क्रेडिट एजेंसियां इसे आपकी फाइनेंशियल हिस्ट्री पर एक नकारात्मक निशान मानती हैं। एक छोटी सी देरी भी आपके क्रेडिट स्कोर को 50 से 100 पॉइंट तक गिरा सकती है, जिससे भविष्य में लोन या क्रेडिट कार्ड या लोन मिलने में दिक्कत हो सकती है।

एक EMI मिस होने पर क्या होगा?

EMI समय पर न भरने का मतलब है कि आप अपने कर्ज को संभालने में मुश्किल झेल रहे हैं। इस स्थिति में बैंक 1% से 2% तक लेट फीस या पेनल्टी वसूल सकते हैं और आपकी फाइल में ‘डिफॉल्टर’ का रिकॉर्ड जोड़ देते हैं। अगर लोन की बकाया राशि 90 दिन से ज्यादा पेंडिंग रहती है, तो बैंक उसे नॉन-परफॉर्मिंग एसेट (NPA) घोषित कर देता है। इसका मतलब है कि अब बैंक आपको हाई-रिस्क वाला ग्राहक मानता है। ऐसे में आपको रिकवरी कॉल्स, नोटिस या कानूनी कार्रवाई का भी सामना करना पड़ सकता है।

आपका क्रेडिट स्कोर (CIBIL, Experian, Equifax आदि) आपकी पेमेंट हिस्ट्री पर आधारित होता है। एक बार स्कोर गिरने के बाद उसे दोबारा बेहतर करना आसान नहीं होता इसमें कई महीने लग सकते हैं। इतना ही नहीं, एक खराब रिकॉर्ड कई सालों तक आपकी रिपोर्ट में बना रहता है, जिससे भविष्य में लोन लेने की संभावना प्रभावित होती है।

सिबिल स्कोर खराब होने से कैसे बचें?

अगर कभी आपकी किसी गलती से आपका CIBIL स्कोर गिर गया है, तो चिंता करने की जरूरत नहीं है। थोड़ा समय, अनुशासन और समझदारी से आप इसे दोबारा बेहतर बना सकते हैं।

1. बकाया तुरंत चुकाएं- सबसे पहले जितनी भी EMI, पेनल्टी या बकाया राशि बाकी है, उसे तुरंत चुका दें। इससे बैंक को यह मैसेज जाता है कि आप अपनी जिम्मेदारी समझते हैं और कर्ज को सुलझाना चाहते हैं।

2. पेमेंट को ऑटोमेट करें- भविष्य में दोबारा देरी न हो, इसके लिए अपने बैंक अकाउंट में ऑटो-डेबिट या ECS सुविधा शुरू कर दें। इससे EMI समय पर अपने आप कट जाएगी और गलती की संभावना खत्म हो जाएगी।

3. नए लोन के लिए जल्दबाजी न करें- अगर आपका स्कोर हाल ही में गिरा है, तो तुरंत नया लोन या क्रेडिट कार्ड के लिए आवेदन न करें। हर नया एप्लिकेशन आपके स्कोर को और नीचे खींच सकता है। बेहतर होगा कि कुछ महीनों तक अपनी क्रेडिट हिस्ट्री को स्थिर होने दें।

4. रिपोर्ट पर नजर रखें- हर 3 से 4 महीने में अपनी क्रेडिट रिपोर्ट मुफ्त में चेक करें। इससे आपको पता चलता रहेगा कि आपका स्कोर कैसे सुधार रहा है और कहीं कोई गलती या गलत एंट्री तो नहीं है।

5. अनुशासन बनाए रखें- आने वाले 6 से 12 महीनों तक अपनी सभी EMI और बिल समय पर भरें। लगातार समय पर भुगतान करने से आपका स्कोर धीरे-धीरे बढ़ेगा और फिर से 750+ की श्रेणी में आ सकता है।

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रिचा त्रिपाठी
रिचा त्रिपाठी Author

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिच... और देखें

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