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HCL Technologies Jobs: एचसीएल की हायरिंग में 57% की भारी गिरावट, 2022-23 में सिर्फ 17067 लोगों को दी जॉब

HCL Technologies Jobs: टीसीएस और इंफोसिस के बाद भारत की तीसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी एचसीएल टेक ने वित्त वर्ष 2022-23 में कुल 17067 लोगों को नौकरियां दीं। लेकिन, वित्त वर्ष 2021-22 की तुलना में कंपनी ने 57 फीसदी कम नौकरियां दीं।

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एचसीएल ने वित्त वर्ष 2022-23 में कुल 17,067 लोगों को नौकरियां दीं

Photo : BCCL
KEY HIGHLIGHTS
  • HCL Tech की हायरिंग में 57% की भारी गिरावट
  • वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी ने दी कुल 17067 जॉब
  • फ्रेशर्स को हायर करने के टारगेट से भी चूकी आईटी कंपनी

HCL Technologies Jobs: भारत की तीसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी HCL Technologies ने वित्त वर्ष 2022-23 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च, 2022) में शुद्ध आधार पर 3,674 लोगों को नौकरी दी। नए लोगों को नौकरी देने के बाद एचसीएल टेक में काम करने वाले कुल कर्मचारियों की संख्या बढ़कर 2,25,944 हो गई है। कंपनी ने पिछली तिमाही में 2,945 उम्मीदवारों को नियुक्त किया था।

एचसीएल टेक ने पूरे वित्त वर्ष में 17,067 लोगों को दी नौकरियां

एचसीएल ने पिछले वित्त वर्ष (2022-23) में कुल 17,067 लोगों को नौकरियां दीं। लेकिन वित्त वर्ष 2021-22 के मुकाबले कंपनी ने 57 फीसदी कम लोगों को नौकरियां दीं। नोएडा बेस्ड, भारत की तीसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी ने 2021-22 में 39,900 लोगों की शुद्ध भर्ती की थी। हालांकि, इस तिमाही में 19.5 पर्सेंट Attrition रिपोर्ट की गई, जो पिछली तिमाही में 21.7 पर्सेंट थी।

फ्रेशर्स को हायर करने के लक्ष्य से भी चूकी कंपनी

इसके साथ ही, वित्त वर्ष 2022-23 में एचसीएल टेक 30 हजार फ्रेशर्स को हायर करने के लक्ष्य से भी चूक गई। कंपनी ने पूरे वित्त वर्ष में 26,734 फ्रेशर्स को ही नौकरियां दीं।

टीसीएस और इंफोसिस जैसी टॉप कंपनियों ने भी घटाई नौकरियां

बताते चलें कि नौकरी देने के मामले में अभी आईटी सेक्टर की टॉप कंपनियों की ऐसी ही स्थिति देखने को मिल रही है। मुंबई बेस्ड टाटा ग्रुप की टीसीएस और बेंगलुरू बेस्ड इंफोसिस ने मिलकर वित्त वर्ष 2022-23 में कुल 51,819 लोगों को नौकरियां दी। जबकि देश की इन दो सबसे बड़ी कंपनियों ने वित्त वर्ष 2021-22 में 1,57,942 लोगों को नौकरी पर रखा था.

जनवरी-मार्च तिमाही में टीसीएस ने सिर्फ 821 लोगों को दी जॉब

वित्त वर्ष 2022-23 की आखिरी और चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च 2023) की बात करें तो टीसीएस ने सिर्फ 821 लोगों को ही नौकरी दीं जबकि इस दौरान इंफोसिस के कुल कर्मचारियों की संख्या में 3611 की गिरावट दर्ज की गई।

Sunil Chaurasia
सुनील चौरसियाauthor

<p>मैं सुनील चौरसिया,. मऊ (उत्तर प्रदेश) का रहने वाला हूं और अभी दिल्ली में रहता हूं। मैं टाइम्स नाउ नवभारत में बिजनेस, यूटिलिटी और पर्सनल फाइनेंस पर काम कर रहा हूं। टाइम्स नाउ से पहले मैं ज़ी बिजनेस, टीवी9 भारतवर्ष, न्यूज नेशन, राजस्थान पत्रिका में काम कर चुका हूं। मेरी हमेशा कोशिश रहती है कि मैं अपने रीडर्स तक उनके काम से जुड़ी जरूरी जानकारियां पहुंचा सकूं।</p>

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