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ITR फाइलिंग से लेकर TDS तक, जुलाई 2026 में खत्म हो रही हैं टैक्स से जुड़ी ये 6 बड़ी डेडलाइन

जुलाई 2026 का महीना टैक्सपेयर्स के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इस महीने ITR दाखिल करने, तिमाही TDS/TCS रिटर्न भरने और टैक्स छूट के दावे वाले फॉर्म जमा करने समेत 6 बड़ी डेडलाइन्स खत्म हो रही हैं, जिन्हें चूकने पर भारी जुर्माना लग सकता है।

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July Deadline

तीन दिन बाद नया महीना यानी जुलाई 2026 शुरू होने जा रहा है। यह महीना देश के तमाम टैक्सपेयर्स के लिए बहुत ही ज्यादा महत्वपूर्ण है। जुलाई में टैक्स और निवेश से जुड़ी कई ऐसी बड़ी डेडलाइन्स (अंतिम तारीखें) आ रही हैं, जिन्हें नजरअंदाज करना आपकी जेब पर बहुत भारी पड़ सकता है। समय पर ये काम न करने पर आपको भारी-भरकम लेट फीस, बकाया टैक्स पर ब्याज और कानूनी जुर्माने का सामना करना पड़ सकता है। चाहे आप एक सैलरीड एम्प्लॉई (नौकरीपेशा) हों या बड़े कारोबारी, इन 6 बड़ी डेडलाइन्स के बारे में जानना आपके लिए बेहद जरूरी है।

जुलाई में खत्म होने वाली डेडलाइन

1. 7 जुलाई: तिमाही TDS जमा करने की आखिरी तारीख

जुलाई महीने की पहली बड़ी तारीख 7 जुलाई है। इस दिन अप्रैल से जून वाली तिमाही (Quarter) के लिए उन विशेष मामलों में टीडीएस (TDS) जमा करने की अंतिम तिथि है, जहां सरकार द्वारा तिमाही भुगतान की अनुमति दी गई है। इस कैटेगरी में आने वाले सभी टैक्स डिडक्टर्स को तय समय तक टैक्स का पैसा सरकारी खजाने में जमा करना होगा, वरना उन्हें ब्याज देना पड़ेगा।

2. 15 जुलाई: सरकारी विभागों और विदेशी निवेशकों के लिए रिपोर्टिंग

15 जुलाई की तारीख कई तरह के रिपोर्टिंग दायित्वों के लिए तय की गई है। यह मुख्य रूप से सरकारी कार्यालयों, स्टॉक एक्सचेंजों, अधिकृत डीलरों, आईएफएसई (IFSE) इकाइयों और अनिवासी निवेशकों (Non-Resident Investors) से जुड़े मध्यस्थों के लिए बेहद जरूरी है। इन्हें अपने वित्तीय लेनदेन की रिपोर्ट सरकार को सौंपनी होगी।

3. 30 जुलाई: जून महीने के TDS का चालान-कम-स्टेटमेंट

सभी कर कटौतीकर्ताओं (Tax Deductors) के लिए 30 जुलाई की तारीख बेहद अहम है। जून महीने के दौरान काटे गए निर्दिष्ट टैक्स के लिए चालान-कम-स्टेटमेंट हर हाल में इसी तारीख तक दाखिल करना होगा। इसमें देरी करने पर टैक्स विभाग की तरफ से नोटिस या पेनल्टी लगाई जा सकती है।

4. 31 जुलाई: आम नागरिकों के लिए ITR फाइल करने की महा-डेडलाइन

जिन टैक्सपेयर्स के खातों का ऑडिट नहीं होना है, उनके लिए इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई है। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए सामान्य नागरिकों और नौकरीपेशा लोगों को ITR-1 और ITR-2 फॉर्म के तहत अपना टैक्स रिटर्न इसी दिन तक जमा करना होगा। इसके बाद रिटर्न दाखिल करने पर जुर्माना लगेगा।

5. 31 जुलाई: कंपनियों के लिए तिमाही TDS और TCS रिटर्न

31 जुलाई की तारीख सिर्फ आईटीआर तक सीमित नहीं है। इसी दिन 30 जून को समाप्त हुई पहली तिमाही के लिए विभिन्न टीडीएस (TDS) और टीसीएस (TCS) रिटर्न दाखिल करने की भी अंतिम समय-सीमा है। इसमें कर्मचारियों की सैलरी और अनिवासियों को किए गए भुगतानों से जुड़े जरूरी विवरण शामिल हैं, जो कंपनियों और नियोक्ताओं को भरने होते हैं।

6. 31 जुलाई: टैक्स छूट का दावा करने वाले जरूरी फॉर्म

टैक्स में अलग-अलग तरह की छूट का दावा करने वाले निर्धारित फॉर्म भरने की आखिरी तारीख भी 31 जुलाई ही है। जैसे- किराए के भुगतान पर धारा 80GG के तहत टैक्स कटौती के लिए फॉर्म 10BA, बकाया या एडवांस सैलरी पर टैक्स राहत के लिए फॉर्म 10E, और निर्दिष्ट विदेशी आय या रॉयल्टी से संबंधित कटौतियों के लिए फॉर्म 10H व 10CCD इसी दिन तक जमा करने होंगे।

डेडलाइन चूकने पर लगेगा भारी जुर्माना

अगर आप 31 जुलाई की मुख्य डेडलाइन चूक जाते हैं, तो आपको न केवल भारी लेट फीस देनी होगी, बल्कि बिजनेस घाटे को अगले साल कैरी फॉरवर्ड (आगे ले जाने) की सुविधा भी नहीं मिलेगी। जिन करदाताओं की सालाना आय 5 लाख रुपये से अधिक है, उन्हें 31 जुलाई के बाद और 31 दिसंबर से पहले बिलेटेड रिटर्न (Delayed ITR) भरने पर 5,000 रुपये का जुर्माना देना होगा। वहीं, 5 लाख रुपये या उससे कम आय वालों के लिए यह लेट फीस 1,000 रुपये तय की गई है।

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Richa Tripathi
रिचा त्रिपाठीauthor

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिचा, पर्सनल फाइनेंस, स्टॉक मार्केट, टैक्स प्लानिंग और अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। अब तक 8,000 से अधिक कंटेंट लिख चुकी रिचा की विशेषता है—जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाना। वह ऐसी स्टोरीज तैयार करती हैं जो न केवल जानकारीपूर्ण होती हैं, बल्कि आम पाठक की वित्तीय समझ को बेहतर बनाने में भी मदद करती हैं।

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