EPS-95 Pension Scheme : कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (EPFO) की पेंशन योजना के अंतर्गत आने वाले हजारों पेंशनधारकों ने सोमवार को दिल्ली स्थित ईपीएफओ मुख्यालय के बाहर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। पेंशनधारकों की मुख्य मांग थी कि न्यूनतम पेंशन को ₹7,500 प्रति माह किया जाए। इस विरोध प्रदर्शन का आयोजन ईपीएस-95 राष्ट्रीय संघर्ष समिति (एनएसी) द्वारा किया गया। समिति लंबे समय से कर्मचारी पेंशन योजना (ईपीएस) के अंतर्गत आने वाले पेंशनधारकों की पेंशन में वृद्धि की मांग को लेकर आंदोलनरत है। इस प्रदर्शन में दिल्ली के साथ-साथ हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, राजस्थान, महाराष्ट्र, कर्नाटक, बिहार, पश्चिम बंगाल, केरल, मध्य प्रदेश, तेलंगाना सहित कई राज्यों से पेंशनधारक शामिल हुए।
मुख्य मांगें
प्रदर्शनकारियों ने निम्नलिखित प्रमुख मांगें उठाईं:-
- न्यूनतम मासिक पेंशन ₹7,500 की जाए
- महंगाई भत्ता (डीए) भी मूल पेंशन में जोड़ा जाए
- पेंशनधारकों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं
सीबीटी बैठक के दिन किया गया प्रदर्शन
यह विरोध प्रदर्शन उस समय आयोजित किया गया जब केंद्रीय न्यासी बोर्ड (सीबीटी) की बैठक हो रही थी। समिति ने जानबूझकर यह दिन चुना ताकि उनकी आवाज सीधे संबंधित अधिकारियों तक पहुंचे।
समिति अध्यक्ष अशोक राउत का बयान
न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के मुताबिक समिति के अध्यक्ष अशोक राउत ने कहा कि उच्चतम न्यायालय इस मुद्दे पर निर्णय सुना चुका है, फिर भी लाखों सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अब भी न्याय नहीं मिला है। जिन लोगों ने पूरी जिंदगी देश की सेवा की, वे आज सम्मानजनक जीवन यापन के लिए संघर्ष कर रहे हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री से इस मुद्दे में हस्तक्षेप करने की अपील की, ताकि पेंशन प्रणाली में गरिमा और न्याय सुनिश्चित हो सके।
आंदोलन और तेज करने की चेतावनी
समिति ने सरकार को चेतावनी दी है कि अगर उनकी मांगों की अनदेखी की गई, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। आने वाले महीनों में देश के विभिन्न राज्यों की राजधानियों और क्षेत्रीय ईपीएफओ कार्यालयों के बाहर भी विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे।
