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Dolllar Vs Rupee: शेयर बाजार ही नहीं, रुपया भी धड़ाम, अब 1 डॉलर की कीमत इतनी हुई

अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया टूटकर एक बार फिर 96 के क​रीब पहुंच गया है। आरबीआई के पहल के बाद रुपये में सुधार आया था।

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रुपया टूटा

भारतीय शेयर बाजार में आज चौतरफा बिकवाली रही। इसके चलते सेक्स 1,247.71 अंक गिरकर 73,580.54 अंक पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 383.70 अंक टूटकर 23,063.10 अंक पर आ गया। भारतीय शेयर बाजार में बड़ी बिकवाली का असर रुपये पर भी हुआ। अमेरिकी डॉलर के सामने रुपया 23 पैसे कमजोर होकर 95.96 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर बंद हुआ। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और भू-राजनीतिक अनिश्चितताओं के चलते रुपये से लेकर शेयर बाजार में यह गिरावट आई।

विदेशी मुद्रा कारोबारियों के अनुसार, घरेलू शेयर बाजार में भारी बिकवाली से भी रुपये पर दबाव पड़ा। निवेशकों के जोखिम लेने से बचने की धारणा और अमेरिका में महंगाई को लेकर बढ़ती चिंताओं के कारण अमेरिकी बॉण्ड पर प्रतिफल में तेजी आई, जिससे डॉलर को मजबूती मिली।

कमजोर खुला था आज रुपया

अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया 95.84 प्रति डॉलर पर खुला। कारोबार के दौरान यह 95.98 के निचले स्तर तक पहुंच गया। अंत में रुपया 95.96 (अस्थायी) प्रति डॉलर पर बंद हुआ, जो पिछले बंद भाव से 23 पैसे की गिरावट है।

रुपया बुधवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 11 पैसे टूटकर 95.73 पर बंद हुआ था। इससे एक दिन पहले इसमें 16 पैसे की मजबूती आई थी।

एक्सपर्ट का क्या है कहना?

चॉइस ब्रोकिंग (जिंस तकनीकी शोध) में जिंस एवं मुद्रा विश्लेषक आमिर मकडा ने कहा कि ब्रेंट कच्चे तेल की कीमतों में उछाल और मजबूत अमेरिकी डॉलर के कारण रुपये में तेज गिरावट आई। उन्होंने कहा कि अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा आगे भी ब्याज दरों में बढ़ोतरी की उम्मीद से डॉलर को समर्थन मिला है। इस बीच, दुनिया की छह प्रमुख मुद्राओं के मुकाबले डॉलर की मजबूती को मापने वाला डॉलर सूचकांक 0.18 प्रतिशत बढ़कर 100.99 पर कारोबार कर रहा था।

कच्चा तेल 105 डॉलर के पार निकला

वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड वायदा 2.74 प्रतिशत बढ़कर 105.90 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया। फरवरी के अंत में ईरान युद्ध से पहले यह करीब 72 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर था। विश्लेषकों के अनुसार, पिछले कुछ सत्रों में स्थिर हो रही तेल कीमतें पश्चिम एशिया में शांति प्रयासों में कूटनीतिक प्रगति नहीं होने के कारण फिर 100 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गईं। अमेरिका और ईरान के अधिकारियों की न्यूयॉर्क में संयुक्त राष्ट्र महासभा कार्यक्रम से इतर हुई बैठक के बाद भी कोई ठोस प्रगति नहीं हुई।

Alok Kumar
आलोक कुमार author

आलोक कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में एसोसिएट एडिटर के पद पर कार्यरत हैं। इलेक्ट्रॉनिक, डिजिटल और प्रिंट मीडिया में 17 वर्षों से अधिक का व्यापक अनुभव रखने वाले आलोक ने अपने पत्रकारिता करियर में कई प्रमुख कॉर्पोरेट इवेंट्स और चर्चित स्टोरीज कवर की हैं। वह बिजनेस, बैंकिंग, शेयर मार्केट और पर्सनल फाइनेंस पर गहरी समझ रखते हैं और जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और पाठक-केंद्रित तरीके से प्रस्तुत करने में माहिर हैं। अब तक आलोक ने लगभग 18,000 स्टोरीज लिखी हैं। उनकी लेखन शैली भरोसेमंद, विश्लेषणात्मक और व्यावहारिक जानकारी देने वाली होती है।

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