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क्या आपके लोन से बिगड़ सकता है पति का CIBIL स्कोर? जानें कब पति-पत्नी खराब कर सकते हैं एक दूसरे का क्रेडिट स्कोर!

शादी के बाद पति-पत्नी की वित्तीय राहें अक्सर एक-दूसरे से जुड़ जाती हैं, लेकिन क्या आप जानते हैं कि आपकी एक छोटी सी लापरवाही आपके पार्टनर का क्रेडिट भविष्य बर्बाद कर सकती है? अगर नहीं तो आइए बताते हैं कैसे?

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शादी के बाद पति-पत्नी न केवल अपनी खुशियां साझा करते हैं, बल्कि उनकी वित्तीय जिम्मेदारियां भी एक-दूसरे से जुड़ जाती हैं। अक्सर लोगों के मन में यह सवाल होता है कि क्या उनके पार्टनर की खराब क्रेडिट हिस्ट्री या उनके द्वारा लिए गए लोन का असर दूसरे के सिबिल (CIBIL) स्कोर पर पड़ता है। सामान्य तौर पर, सिबिल स्कोर एक व्यक्तिगत प्रोफाइल होती है, लेकिन कुछ विशेष वित्तीय परिस्थितियों में एक पार्टनर की लापरवाही दूसरे के क्रेडिट स्कोर और भविष्य में लोन मिलने की संभावना को पूरी तरह बिगाड़ सकती है।

कैसे बिगड़ेगा आपका स्कोर?

पति-पत्नी के बीच क्रेडिट स्कोर खराब होने का सबसे बड़ा कारण 'जॉइंट लोन' (Joint Loan) होता है। अगर आप अपने पति या पत्नी के साथ मिलकर होम लोन या कार लोन लेते हैं, तो आप दोनों उस कर्ज के लिए बराबर के जिम्मेदार होते हैं। ऐसी स्थिति में, अगर कोई एक पार्टनर किस्त (EMI) चुकाने में देरी करता है या डिफ़ॉल्ट करता है, तो इसका सीधा और नकारात्मक असर दोनों के सिबिल स्कोर पर पड़ता है। बैंक यह नहीं देखता कि गलती किसकी थी; उनके रिकॉर्ड में दोनों ही डिफ़ॉल्टर माने जाते हैं।

क्रेडिट कार्ड और ऐड-ऑन कार्ड के खतरे

एक और तरीका जिससे पार्टनर का स्कोर प्रभावित हो सकता है, वह है 'ऐड-ऑन क्रेडिट कार्ड' (Add-on Credit Card)। अगर एक पार्टनर मुख्य कार्ड धारक है और उसने अपने जीवनसाथी को ऐड-ऑन कार्ड दिलवाया है, तो उस कार्ड पर होने वाले हर खर्च और भुगतान की जिम्मेदारी मुख्य धारक की होती है। अगर ऐड-ऑन कार्ड का इस्तेमाल करने वाला पार्टनर समय पर पेमेंट नहीं करता, तो मुख्य कार्ड धारक का सिबिल स्कोर गिर जाएगा। इसी तरह, यदि कोई पार्टनर दूसरे के लोन में 'गारंटर' (Guarantor) बनता है, तो मुख्य कर्जदार की चूक गारंटर के क्रेडिट स्कोर को भी ले डूबती है।

सिबिल स्कोर और लोन मिलने में रुकावट

भले ही तकनीकी रूप से आपका व्यक्तिगत सिबिल स्कोर अलग हो, लेकिन जब आप भविष्य में साथ मिलकर किसी बड़े लोन (जैसे होम लोन) के लिए आवेदन करते हैं, तो बैंक दोनों की क्रेडिट हिस्ट्री चेक करता है। अगर आपके पार्टनर का क्रेडिट स्कोर खराब है, तो बैंक आपके आवेदन को खारिज कर सकता है या आपसे बहुत अधिक ब्याज दर वसूल सकता है। इस तरह, पार्टनर का खराब वित्तीय रिकॉर्ड आपकी संयुक्त वित्तीय प्रगति में बड़ी बाधा बन सकता है।

खराब स्कोर से बचने और सुधारने के उपाय

क्रेडिट स्कोर को सुरक्षित रखने के लिए आपसी तालमेल और अनुशासन बहुत जरूरी है। अगर आप जॉइंट लोन लेने जा रहे हैं, तो सुनिश्चित करें कि दोनों की वित्तीय स्थिति स्थिर हो। समय-समय पर अपना क्रेडिट स्कोर चेक करते रहें ताकि किसी भी विसंगति का तुरंत पता चल सके। अगर स्कोर खराब हो चुका है, तो सभी पुराने बकाये का समय पर भुगतान करें, क्रेडिट यूटिलाइजेशन रेशियो (CUR) को कम रखें और नए लोन के लिए बार-बार आवेदन न करें।

Richa Tripathi
रिचा त्रिपाठीauthor

रिचा त्रिपाठी टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल में बिजनेस डेस्क पर सीनियर कॉपी एडिटर के रूप में कार्यरत हैं। मीडिया इंडस्ट्री में 7 वर्षों के अनुभव के साथ रिचा, पर्सनल फाइनेंस, स्टॉक मार्केट, टैक्स प्लानिंग और अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर मजबूत पकड़ रखती हैं। अब तक 8,000 से अधिक कंटेंट लिख चुकी रिचा की विशेषता है—जटिल वित्तीय जानकारियों को सरल, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से पाठकों तक पहुंचाना। वह ऐसी स्टोरीज तैयार करती हैं जो न केवल जानकारीपूर्ण होती हैं, बल्कि आम पाठक की वित्तीय समझ को बेहतर बनाने में भी मदद करती हैं।

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