India US trade deal: भारत-अमेरिका के बीच ट्रेड डील पर अच्छी खबर है। कॉमर्स सेक्रेटरी राजेश अग्रवाल ने गुरुवार को बताया कि भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते को लेकर बातचीत जारी है। उन्होंने कहा कि उच्च शुल्क के बावजूद अमेरिका को होने वाले भारत के निर्यात में सकारात्मक वृद्धि दर्ज की जा रही है। अग्रवाल ने यहां संवाददाताओं से कहा, दोनों पक्ष (व्यापार समझौते पर) बातचीत कर रहे हैं और दोनों पक्षों को लगता है कि एक व्यापार समझौता हो सकता है। उन्होंने बताया कि पिछले साल दिसंबर में वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल और अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि जेमीसन ग्रीर की डिजिटल रूप से बैठक हुई थी।
भारत का निर्यात 38.5 अरब डॉलर पर पहुंचा
वाणिज्य सचिव राजेश अग्रवाल ने कहा कि देश का वस्तु निर्यात बीते माह दिसंबर में 1.87 प्रतिशत बढ़कर 38.5 अरब डॉलर रहा।
आयात दिसंबर 2025 में बढ़कर 63.55 अरब डॉलर हो गया जो दिसंबर 2024 में 58.43 अरब डॉलर था। समीक्षाधीन महीने में व्यापार घाटा 25 अरब अमेरिकी डॉलर रहा। अग्रवाल ने कहा कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बावजूद भारत का निर्यात सकारात्मक वृद्धि दर्ज कर रहा है। उन्होंने साथ ही कहा कि चालू वित्त वर्ष 2025-26 में वस्तु एवं सेवाओं का निर्यात 850 अरब डॉलर से अधिक रहने का अनुमान है।
निर्यात चालू वित्त वर्ष 2025-26 में अप्रैल-दिसंबर के दौरान 2.44 प्रतिशत बढ़कर 330.29 अरब अमेरिकी डॉलर रहा।
अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने भी संकेत दिए
हाल ही में भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर (Sergio Gor) ने दिल्ली में अपने इनॉगुरल ब्रीफिंग के दौरान भारत–अमेरिका संबंधों और ट्रेड डील पर अपनी प्रतिक्रिया दी थी। गोर ने उम्मीद जताई थी कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अगले एक-दो साल में भारत का दौरा कर सकते हैं। उन्होंने कहा था कि राष्ट्रपति ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बीच दोस्ती वास्तविक और मजबूत है। गोर ने कहा, “असली दोस्त कभी-कभी असहमत भी होते हैं, लेकिन वे मतभेदों को सुलझा लेते हैं।”
व्यापार समझौते को लेकर बात करते हुए सर्जियो गोर ने कहा था कि भारत और अमेरिका दोनों पक्ष सक्रिय रूप से बातचीत में जुटे हुए हैं और सकारात्मक नतीजों की उम्मीद है। उन्होंने जोर देकर कहा कि अमेरिका के लिए भारत से ज्यादा महत्वपूर्ण कोई साझेदार नहीं है।
