Berkshire Hathaway AGM: दुनिया के टॉप इंवेस्टर वॉरेन बफेट की बर्कशायर हैथवे इंक ने शनिवार 4 मई को अपने पहली तिमाही के फाइनेंशियल रिजल्ट पेश किए। इंश्योरेंस अंडरराइटिंग से इनकम में जोरदार बढ़ोतरी के दम पर कंपनी ने रिकॉर्ड तिमाही प्रॉफिट कमाया। पहली तिमाही (जनवरी-मार्च) में इसका ऑपरेटिंग प्रॉफिट एक साल पहले के 8.07 बिलियन डॉलर (67288 करोड़ रु) से 39 प्रतिशत बढ़कर 11.22 बिलियन डॉलर (92719 करोड़ रु) या लगभग 7,807 डॉलर (6.51 लाख रु) प्रति क्लास ए शेयर हो गया। तिमाही के दौरान मल्टीनेशनल ग्रुप की इनकम 35.5 अरब डॉलर (2.96 लाख करोड़ रु) से गिरकर 12.7 अरब डॉलर (1.06 लाख करोड़ रु) या 8,838 डॉलर (7.37 लाख रु) प्रति शेयर रह गई।
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अमेरिका होगा पहली पसंद
नतीजे पेश करने के अलावा शनिवार को बर्कशायर हैथवे के शेयरधारकों की सालाना आम बैठक भी हुई। बैठक में वॉरेन बफेट ने कहा कि अगर हम कोई बड़ा निवेश करते हैं, तो निवेश की जगह यूएस होने की ही संभावना है।
बफेट के अनुसार हमने बड़े पैमाने पर अमेरिका में निवेश को प्राथमिकता दी है, यहां की कंपनियां शानदार हैं। हमने जापान के प्रति प्रतिबद्धता जताई क्योंकि वो भी काफी आकर्षक था। बफेट ने उस सवाल जवाब में ये बयान दिया, जिसमें उनसे पूछा गया था कि क्या बर्कशायर हैथवे चीन और हांगकांग स्थित कंपनियों में निवेश करने पर विचार करेगी।
अमेरिका पर फोकस
बफेट के मुताबिक अमेरिका के नियम, कमज़ोरियाँ और ताकतें...लेकिन दुनिया भर की अर्थव्यवस्थाओं के लिए मेरी भावना एक जैसी नहीं है। मैं दूसरी संस्कृतियों को उतनी अच्छी तरह से नहीं पहचान पाता। उन्होंने कहा कि बर्कशायर हैथवे अमेरिका में मौजूद उन कंपनियों में निवेश करती है जो दुनिया भर में कारोबार करती हैं। जैसे कि कोका-कोला, जो 170 से अधिक देशों में मौजूद है।
